JHARKHAND NEWS : जेएलकेएम प्रतिनिधिमंडल ने राज्यपाल संतोष गंगवार से की मुलाकात, सौंपा ज्ञापन
चंदनकियारी: बोकारो जिले के चन्दनकियारी विधानसभा क्षेत्र में ग्रामीण कार्य विभाग के द्वारा करोड़ों रुपए की राशि निर्माणाधीन ग्रामीण सड़क योजनाओं में विधायक उमाकांत रजक द्वारा की गई भारी अनियमितता की शिकायत के बाद भी एक वर्ष से अधिक समय तक कोई कार्यवाही नहीं होने एवं जांच की कार्यवाही में लापरवाही बरतने की शिकायत पत्र जेएलकेएम के केंद्रीय सचिव अर्जुन रजवार के नेतृत्व में पार्टी प्रतिनिधिमंडल द्वारा मंगलवार को महामहिम राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार को सौंपी गई.
पार्टी प्रतिनिधिमंडल ने कहा कि चंदनकियारी विधानसभा क्षेत्र में इन दिनों सरकारी ग्रामीण योजनाओं में लूट मची हुई है और भ्रष्टाचार के इस खेल में स्थानीय विधायक से लेकर उपायुक्त बोकारो समेत ग्रामीण कार्य विभाग,ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल व पथ निर्माण विभाग की मौन सहमति से इनकी भूमिका भी संधिग्ध हो चुकी है. बता दें ग्रामीण कार्य प्रमंडल बोकारो के द्वारा करोड़ो रूपये की राशि की लागत से निर्माणाधीन कुल 9 पैकेज के दर्जनों ग्रामीण सड़कों के निर्माण कार्य में हुई लापरवाही की जाँच को लेकर विगत वर्ष चन्दनकियारी के झामुमो विधायक उमकांत रजक ने अपने पत्रांक यूकेआर/03/25,दिनांक 10/01/2025 के आलोक में उपायुक्त बोकारो के पत्रांक 136/गो० दिनांक 16/01/2025 के द्वारा पथ प्रमंडल बोकारो के कार्यपालक अभियंता के अध्यक्षा में तीन सदस्यीय कमिटी बनाकर एक सप्ताह के भीतर जांच रिपोर्ट समर्पित करने का निर्देश तत्कालीन उपायुक्त द्वारा दिया गया था. परन्तु उपायुक्त बोकारो के उक्त आदेश के एक वर्ष से अधिक अवधि बीत जाने के बाद भी अब तक जांच प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी. जिससे विधायक उमाकांत समेत उपायुक्त बोकारो,पथ प्रमंडल बोकारो के कार्यपालक अभियंता सह जांच टीम के अध्यक्ष व जांच टीम के सदस्य विशेष प्रमंडल के सहायक अभियंता व कनीय अभियंता के अलावे ग्रामीण कार्य प्रमंडल बोकारो के कार्यपालक अभियंता के पद पर विराजमान ग्रामीण कार्य विभाग झारखण्ड के मुख्य अभियंता सह गिरिडीह कार्य अंचल के अधीक्षण अभियंता श्रवण कुमार की भूमिका निसंदेह संदिग्ध प्रतित होती है. जिन्होंने उक्त योजनाओं की जांच को मेनेज एवं प्रभावित करने में अपने पद व संवैधानिक शक्ति का दुरूपयोग किया है. जिस कारण ही विगत एक वर्ष से अधिक समय बीतने के बाद भी शिकायत करने वाले विधायक उमाकांत रजक,जांच टीम गठित करने वाले तत्कालीन व वर्तमान उपायुक्त समेत जांच टीम के अभियंताओं व ग्रामीण कार्य विभाग झारखण्ड के मुख्य अभियंता व गिरीडीह अंचल के अधीक्षण अभियंता श्रवण कुमार के मिलिभगत से जनता की गाढ़ी कमाई से करोड़ो रूपये की राशि लागत से निर्माणाधीन उक्त ग्रामीण सड़क योजनाओं की जांच में फिर कभी रूचि ही नहीं लिया गया. बल्कि इस दिशा में जांच को स्थगित कर इस संबंध में दूसरी बार पत्राचार तक नहीं किया जाना विधायक,अधिकारी व अभियंता के गठजोड़ से सरकारी राशि का बंदरबांट किया गया.
अर्जुन रजवार के द्वारा शिकायत पत्र के आधार पर महामहिम ने यथोचित कार्यवाही का भरोसा दिया.
चंदनकियारी से संजय कुमार की रिपोर्ट--





