
सोमवार, 02 नवंबर 2026
Liveभागलपुर : बिहार के भागलपुर में सोमवार को भाजपा की ओर से 'लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ' के नारे के साथ करीब तीन किलोमीटर लंबी पदयात्रा निकाली जाएगी. इस कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन शामिल होंगे. राष्ट्रीय अध्यक्ष बनने के बाद यह उनका भागलपुर का पहला आधिकारिक दौरा होगा. उनके आगमन को लेकर भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं में खासा उत्साह देखा जा रहा है. पदयात्रा में बिहार के डिप्टी सीएम विजय चौधरी समेत एनडीए के कई दिग्गज नेता भी शामिल होंगे. इनमें बिहार के मंत्री दिलीप जायसवाल, संजय सिंह, दीपक प्रकाश, पूर्व केंद्रीय मंत्री शाहनवाज हुसैन, अश्विनी चौबे, भाजपा प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी सहित कई वरिष्ठ नेता और जनप्रतिनिधि मौजूद रहेंगे.भागलपुर से सुशील की रिपोर्ट-
Patna : पटना नगर निगम की सशक्त स्थायी समिति की बैठक में शनिवार को कुल 84 एजेंडों पर मुहर लगी. बैठक में शहर की सफाई व्यवस्था, डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण, छठ घाटों की तैयारी, जलापूर्ति और विकास योजनाओं को लेकर कई अहम निर्णय लिए गए.बैठक में डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण और साफ-सफाई के लिए एजेंसी चयन की रूपरेखा पर चर्चा हुई. साथ ही चार वर्षों तक एजेंसी के माध्यम से काम कराने की स्वीकृति प्रदान की गई. इस व्यवस्था से पटना नगर निगम को हर साल 24 करोड़ रुपये से अधिक की बचत होने का अनुमान है. इससे शहर में कचरा प्रबंधन और सफाई व्यवस्था को भी मजबूती मिलेगी.दीवाली और छठ पर्व को देखते हुए विशेष सफाई अभियान चलाने का निर्णय लिया गया. इसके तहत प्रत्येक वार्ड में अतिरिक्त 10 मैनपावर रखने की स्वीकृति दी गई है. जरूरत के अनुसार अतिरिक्त भारी और बड़े वाहनों की भी व्यवस्था की जाएगी.वहीं, पंच शिव मंदिर स्थित तालाब का जीर्णोद्धार कराया जाएगा. इसके अलावा विभिन्न वार्डों में नाली, गली और जलापूर्ति से जुड़ी योजनाओं को भी मंजूरी दी गई.छठ पर्व को लेकर व्रतियों की सुविधा और घाटों पर विशेष व्यवस्था पर भी चर्चा हुई. नगर निगम के सभी अंचलों के अंतर्गत आने वाले 103 घाटों का निरीक्षण शुरू कर दिया गया है. इसके साथ ही निगम क्षेत्र के आर्टिफिशियल तालाबों के सौंदर्यीकरण को लेकर भी रूपरेखा तैयार करने पर विचार-विमर्श किया गया.इसके अलावा पटना साहिब स्थित तख्त श्रीहरिमंदिर जी में आयोजित होने वाले प्रकाश पर्व की तैयारियों पर भी चर्चा हुई. प्रकाश पर्व के दौरान गली-मोहल्लों में बेहतर सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने और श्रद्धालुओं की सुविधा को लेकर नगर निगम की ओर से किए जाने वाले इंतजामों पर विचार किया गया.बैठक में शहर की सफाई व्यवस्था को बेहतर बनाने के साथ आगामी त्योहारों और विकास कार्यों को समय पर पूरा करने पर जोर दिया गया.पटना से अंकिता सिंह की रिपोर्ट--
पटना : मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी शनिवार को भारत रत्न लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर आयोजित 'राष्ट्रीय एकता दिवस समारोह' में शामिल हुए. साझी विरासत अभियान द्वारा सम्राट अशोक कन्वेंशन केंद्र परिसर स्थित बापू सभागार में आयोजित इस समारोह में मुख्यमंत्री ने लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के तैलचित्र पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया.कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि आधुनिक भारत के शिल्पकार, राष्ट्रीय एकता एवं अखंड भारत के महान प्रतीक भारत रत्न लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल जी की 151वीं जयंती के अवसर पर मैं उनके चरणों में श्रद्धासुमन अर्पित करता हूं. सरदार पटेल देश के सबसे मजबूत गृह मंत्रियों में से एक थे. उन्होंने 567 रियासतों का भारत में विलय कर देश की एकता और अखंडता को मजबूत किया. कश्मीर से कन्याकुमारी तक भारत को एक सूत्र में पिरोने का ऐतिहासिक कार्य किया. यदि सरदार पटेल नहीं होते तो आज भारत का स्वरूप इतना विशाल और एकीकृत नहीं होता. मुख्यमंत्री ने घोषणा करते हुए कहा कि बिहार में सबसे ऊँची मूर्ति लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की स्थापित की जाएगी.मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत को वर्ष 2047 तक विकसित एवं आर्थिक रूप से सशक्त राष्ट्र बनाने के लिए लगातार काम किया जा रहा है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सरदार पटेल के सपनों को साकार करने की दिशा में महत्वपूर्ण कार्य किए हैं. पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने बिहार को विकसित बनाने के लिए अपने 20 वर्षों के कार्यकाल में काफी काम किया है, उनसे हमें बिहार के विकास को आगे बढ़ाने की सीख मिली है. हम उनके विकास कार्यों को आगे बढ़ाने तथा उनके सपनों को पूरा करने में लगे हुए हैं.मुख्यमंत्री ने कहा कि लगभग ढाई हजार वर्ष पूर्व भारत को सोने की चिड़िया कहा जाता था और उस समय पाटलिपुत्र आर्थिक एवं सांस्कृतिक रूप से अत्यंत समृद्ध था. विदेशी आक्रांताओं ने भारत की समृद्धि को नुकसान पहुंचाया. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 'मेक इन इंडिया' अभियान के माध्यम से सोने का शेर बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं, जो पूरी दनिया में अपनी ताकत का एहसास कराएगा. लोकतंत्र में जनता मालिक है और जनता के आशीर्वाद से ही देश एवं राज्य की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाया जा रहा है.मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2005 में जनता के आशीर्वाद से बिहार में एन०डी०ए० की सरकार बनने के बाद राज्य का परिदृश्य बदला. गांव-गांव तक सड़क, बिजली, पेयजल सहित बुनियादी सुविधाएं पहुंचाई गईं. पिछले 20 वर्षों में बिहार की अर्थव्यवस्था और आधारभूत संरचना को मजबूत करने के लिए व्यापक कार्य हुए हैं. हमारा लक्ष्य वर्ष 2030 तक बिहार में एक करोड़ लोगों को नौकरी एवं रोजगार उपलब्ध कराना है. इस दिशा में तेजी से काम किया जा रहा है.मुख्यमंत्री ने कहा कि अच्छी पढ़ाई और बेहतर नौकरी के लिए बिहार के युवा देश-दुनिया में कहीं भी जाएं, लेकिन मजबूरी में किसी को रोजगार एवं जीविकोपार्जन के लिए बिहार से बाहर नहीं जाना पड़े. इसके लिए राज्य में उद्योगों का जाल बिछाया जा रहा है. औद्योगिक कॉरिडोर विकसित किए जा रहे हैं. सोलर प्लांट, थर्मल प्लांट और खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों की स्थापना की दिशा में तेजी से काम हो रहा है. बिहार की लगभग 14 करोड़ आबादी में युवाओं की बड़ी भागीदारी राज्य की सबसे बड़ी ताकत है. नवंबर 2030 तक एक करोड़ परिवारों को उद्योग जगत से जोड़ने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है. जो राज्य अपनी कमजोरी को ताकत में बदलता है, वही आगे बढ़ता है.मुख्यमंत्री ने कहा कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने देश को नक्सलवाद से मुक्त करने का संकल्प लिया था और 31 मार्च 2026 तक देश को नक्सलवाद से मुक्त करने का लक्ष्य निर्धारित किया था. उन्होंने अपने संकल्प को पूरा करके दिखाया. हम लोग भी संकल्प और प्रतिबद्धता के साथ अपने लक्ष्यों को पूरा करने में विश्वास रखते हैं. उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री निशांत स्वास्थ्य के क्षेत्र में बेहतर कार्य कर रहे हैं. आने वाले चार वर्षों में बिहार की स्वास्थ्य व्यवस्था को देश की सबसे अच्छी स्वास्थ्य व्यवस्थाओं में शामिल करने का लक्ष्य है. राज्य के जिला एवं अनुमंडल अस्पतालों से मरीजों को अनावश्यक रूप से बड़े अस्पतालों में रेफर करने की व्यवस्था समाप्त करने की दिशा में काम किया गया है. यदि कोई डॉक्टर बिना उचित कारण के मरीज को रेफर करता है तो उसे इसका कारण बताना होगा. जिला अस्पतालों में 52 प्रकार के ऑपरेशन की व्यवस्था उपलब्ध कराई गई है.मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल एकता के प्रतीक, भारत के निर्माता और महान महापुरुषों में से एक थे, उन्होंने देश को जोड़ने का ऐतिहासिक कार्य किया. बिहार में अब तक स्थापित महापुरुषों की प्रतिमाओं में सरदार वल्लभभाई पटेल जी की सबसे बड़ी प्रतिमा स्थापित की जाएगी. मुख्यमंत्री ने समारोह के आयोजकों को बधाई एवं शुभकामनाएं भी दी.कार्यक्रम को स्वास्थ्य मंत्री निशांत ने भी संबोधित किया.इस अवसर पर समारोह के आयोजक मंडल द्वारा मुख्यमंत्री को पुष्पगुच्छ, अंगवस्त्र एवं प्रतीक चिह्न भेंटकर तथा पुष्पमाला पहनाकर स्वागत किया गया.कार्यक्रम में सहकारिता मंत्री राम कृपाल यादव, योजना एवं विकास मंत्री भगवान सिंह कुशवाहा, कला एवं संस्कृति मंत्री डॉ० प्रमोद कुमार, विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री शीला कुमारी, विधायक उपेंद्र प्रसाद, विधायक अश्वमेघ देवी, विधायक रत्नेश कुमार, विधायक अरुण माझी, विधान पार्षद संजय कुमार सिंह उर्फ गांधी जी, बिहार राज्य किसान आयोग के अध्यक्ष रूपनारायण मेहता सहित अन्य जनप्रतिनिधिगण, आयोजक मंडल के सदस्य एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित थे.पटना से राजीव रंजन की रिपोर्ट-
पटना : बिहार सरकार ने राज्य के युवाओं को बदलती तकनीकी एवं रोजगार आवश्यकताओं के अनुरूप कौशल प्रदान करने और उन्हें रोजगार एवं स्वरोजगार के बेहतर अवसरों के लिए तैयार करने के उद्देश्य से सात निश्चय-3 के निश्चय-1 'दोगुना रोजगार-दोगुना आय के अंतर्गत कुशल युवा कार्यक्रम (डिजिटल मित्र) के संचालन की स्वीकृति प्रदान की है.इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में राज्य के 1,609 प्रशिक्षण केन्द्रों के माध्यम से प्रशिक्षण प्रदान करने का लक्ष्य रखा गया है. कार्यक्रम का क्रियान्वयन पूर्व से कुशल युवा कार्यक्रम का संचालन कर रहे संचालकों के माध्यम से ही किया जायेगा. इस संबंध में पूर्व से संचालन कर रहे संचालकों से दिनांक-06.10.2026 तक आवेदन आमंत्रित किये गये थे, जिसके विरूद्ध 680 केन्द्र संचालकों द्वारा आवेदन समर्पित किया गया है.प्राप्त आवेदनों के अनुसार केन्द्र संचालकों से समझौता ज्ञापन की प्रक्रिया दिनांक-29.10.2026 से दिनांक-05.11.2026 तक बिहार कौशल विकास मिशन कार्यालय, नियोजन भवन, इनकम टैक्स गोलम्बर, बिहार, पटना में निर्धारित किया गया है.इस कार्यक्रम के अंतर्गत प्रशिक्षण की अवधि कुल 270 घंटे की होगी, जिसके पाठ्यक्रम में इम्पलॉयवलिटि स्किल (व्यवहार कौशल, अंग्रेजी एवं रोजगार तत्परता) एवं ऑन जॉब ट्रेनिंग भी शामिल है. जिसमें 15 से 28 वर्ष (विशेष वर्गो के लिये आयु सीमा में छूट सहित) के युवाओं को समान रूप से डिजिटल एवं कंप्यूटर कौशल सीखने और अपनी दक्षता विकसित करने का अवसर प्रदान किया जाएगा. इसका मूल उद्देश्य राज्य के युवाओं को डिजिटल रूप से सक्षम बनाना है साथ ही यह प्रशिक्षण कार्यक्रम राज्य के युवाओं के बीच डिजिटल कौशल की पहुंच को अधिक व्यापक एवं समावेशी बनाने का माध्यम होगा. यह कार्यक्रम पूरे राज्य में चलाया जा रहा है.यह पाठ्यक्रम राष्ट्रीय कौशल योग्यता रूपरेखा (NSQF) के अनुरूप एवं भारत सरकार से मान्यता प्राप्त है जिससे युवाओं की कार्यकुशलता एवं रोजगारपरकता में वृद्धि होगी. साथ ही कौशल एवं रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त हो सकेंगे. पटना से राजीव रंजन की रिपोर्ट-
पटना : उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 को लेकर बिहार की राजनीति में हलचल तेज हो गई है. जनता दल यूनाइटेड (JDU) ने अब उत्तर प्रदेश में भी अपनी राजनीतिक जमीन मजबूत करने की तैयारी शुरू कर दी है. बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के बेटे और बिहार सरकार में स्वास्थ्य मंत्री निशांत कुमार ने एलान किया है कि उनकी पार्टी उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में मैदान में उतरेगी. पार्टी की कोशिश होगी कि एनडीए के घटक दल के रूप में चुनाव लड़ा जाए.निशांत कुमार ने कहा कि उत्तर प्रदेश में पार्टी के कार्यकर्ता लंबे समय से बैठक और संगठन विस्तार की मांग कर रहे थे. इसी सिलसिले में वह रविवार को उत्तर प्रदेश जाएंगे. वहां पार्टी कार्यकर्ताओं से मुलाकात करेंगे और संगठन की मजबूती को लेकर बैठक करेंगे.उन्होंने कहा कि JDU बिहार में मजबूत स्थिति में है. इसके अलावा पूर्वोत्तर सहित देश के कई राज्यों में भी पार्टी का संगठन रहा है. दूसरे राज्यों में पार्टी के मंत्री और विधायक भी रहे हैं. अब उत्तर प्रदेश में भी संगठन का विस्तार करना और राजनीतिक रूप से आगे बढ़ना उनकी प्राथमिकता है.सूत्रों के मुताबिक, JDU उत्तर प्रदेश की करीब 60 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ने की तैयारी कर रही है. खासतौर पर बिहार से सटे पूर्वांचल के इलाकों पर पार्टी की नजर है. इन क्षेत्रों में कुर्मी और कोइरी मतदाताओं की अच्छी मौजूदगी को भी पार्टी अपनी रणनीति का हिस्सा बना सकती है.गौरतलब है कि पिछले उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में JDU को निराशाजनक प्रदर्शन का सामना करना पड़ा था. पार्टी का कोई भी उम्मीदवार अपनी जमानत नहीं बचा पाया था.वहीं, बिहार में हाल ही में संपन्न आठ MLC सीटों के चुनाव परिणाम पर निशांत कुमार ने कहा कि जीतने वाले उम्मीदवारों को बधाई देता हूं. उन्होंने कहा कि जिन सीटों पर पार्टी को हार मिली है, वहां समीक्षा कर कमियों को दूर किया जाएगा. पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट--
पटना : अमेच्योर कबड्डी फेडरेशन ऑफ इंडिया के तत्वावधान में बिहार राज्य कबड्डी संघ तथा बिहार राज्य खेल प्राधिकरण की संयुक्त मेजबानी में खेल विभाग,बिहार सरकार के सहयोग से राजधानी पटना के पाटलिपुत्र खेल परिसर में 1 से 4 नवंबर तक आयोजित होने वाली 52वीं जूनियर राष्ट्रीय बालक कबड्डी चैंपियनशिप की सभी तैयारियां पूरी कर ली गई है. बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी 1 नवंबर को दोपहर तीन बजे प्रतियोगिता का उद्घाटन करेंगे. इस राष्ट्रीय प्रतियोगिता में देशभर की 29 टीमें हिस्सा लेंगी. मुकाबले दो कोर्ट पर आयोजित किए जाएंगे.प्रतियोगिता को लेकर शनिवार को आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक सह मुख्य कार्यकारी अधिकारी रवींद्रन शंकरण, बिहार राज्य कबड्डी संघ के चेयरमैन सह आयोजन सचिव कुमार विजय सिंह और अध्यक्ष अपूर्वा सुकांत ने आयोजन की तैयारियों की जानकारी दी.उद्घाटन समारोह में बिहार के उप मुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी और बिहार की उद्योग एवं खेल मंत्री श्रेयसी सिंह विशिष्ट अतिथि के रूप में मौजूद रहेंगी. बिहार राज्य कबड्डी संघ के मुख्य संरक्षक अंजनी कुमार सिंह समारोह की अध्यक्षता करेंगे. खेल विभाग के सचिव दीपक आनंद, अमेच्योर कबड्डी फेडरेशन ऑफ इंडिया के महासचिव जितेंद्र पी ठाकुर और बिहार ओलंपिक संघ के अध्यक्ष अजय कुमार की गरिमामयी उपस्थिति रहेगी. प्रतियोगिता के दौरान अंतरराष्ट्रीय कबड्डी महासंघ के महासचिव तेजस्वी गहलौत, अमेच्योर कबड्डी फेडरेशन ऑफ इंडिया के अध्यक्ष विभोर विनीत जैन, कोषाध्यक्ष रामाकांत सिंह, प्रो कबड्डी लीग के सीईओ अनुपम कुमार सहित विभिन्न राज्य कबड्डी संघों के पदाधिकारियों के भी पहुंचने की संभावना है.प्रो कबड्डी लीग की फ्रेंचाइजी के स्काउट करेंगे खिलाड़ियों की प्रतिभा का आकलनइस प्रतियोगिता में खिलाड़ियों के सामने अपनी प्रतिभा दिखाने का बड़ा अवसर होगा. टूर्नामेंट के दौरान प्रो कबड्डी लीग की विभिन्न फ्रेंचाइजी टीमों के स्काउट, प्रशिक्षक और टीम प्रबंधन से जुड़े सदस्य भी पटना पहुंचेंगे. वे मुकाबलों के दौरान खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर नजर रखेंगे और अपनी-अपनी टीमों के लिए प्रतिभाशाली खिलाड़ियों की पहचान करेंगे.इसके साथ ही प्रतियोगिता के दौरान जूनियर भारतीय कबड्डी टीम के संभावित खिलाड़ियों का भी चयन किया जाएगा. इसके लिए अमेच्योर कबड्डी फेडरेशन ऑफ इंडिया की ओर से तीन सदस्यीय समिति पटना भेजी जा रही है. इस समिति में भारतीय कबड्डी टीम के पूर्व प्रशिक्षक ई भास्करन,अर्जुन अवार्डी मनजीत चिल्लर और अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी रिशांत देवारिकर होंगे. इस तरह प्रतियोगिता में बेहतर प्रदर्शन करने वाले खिलाड़ियों के पास राष्ट्रीय टीम में जगह बनाने की दिशा में आगे बढ़ने का अवसर होगा.रिया कुमारी, बलवान सिंह और अर्जुन देशवाल भी होंगे शामिलप्रतियोगिता में कबड्डी जगत की कई जानी-पहचानी हस्तियों की मौजूदगी भी आकर्षण का केंद्र रहेगी. कॉमनवेल्थ कबड्डी चैंपियनशिप में हिस्सा लेने वाली भारतीय महिला टीम की सदस्य रिया कुमारी भी यहां पहुंचेंगी.द्रोणाचार्य पुरस्कार से सम्मानित बलवान सिंह, जो 2026 एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय टीम के मुख्य प्रशिक्षक रहे हैं, भी प्रतियोगिता में शामिल होंगे. भारतीय पुरुष कबड्डी टीम के सदस्य अर्जुन देशवाल और बिहार के प्रो कबड्डी खिलाड़ी संदीप कुमार की मौजूदगी भी खिलाड़ियों का उत्साह बढ़ाएगी.तकनीकी संचालन की जिम्मेदारी अनुभवी अधिकारियों कोप्रतियोगिता के तकनीकी संचालन के लिए अमेच्योर कबड्डी फेडरेशन ऑफ इंडिया ने जगदीश्वर यादव को तकनीकी समिति का अध्यक्ष नियुक्त किया है. वहीं, अंतरराष्ट्रीय कबड्डी रेफरी राणा रंजीत सिंह को कंपीटिशन मैनेजर की जिम्मेदारी सौंपी गई है. प्रतियोगिता के सुचारु संचालन के लिए 50 तकनीकी अधिकारियों की तैनाती की गई है.खिलाड़ियों के ठहरने और भोजन की व्यवस्थादेश के विभिन्न राज्यों से आने वाले खिलाड़ियों के ठहरने की व्यवस्था पाटलिपुत्र खेल परिसर के छात्रावास और होटलों में की गई है. तकनीकी अधिकारियों, फेडरेशन तथा राज्य कबड्डी संघों के पदाधिकारियों के लिए होटलों में आवास की व्यवस्था की गई है. खिलाड़ियों के भोजन का प्रबंध खेल परिसर में ही किया गया है. इस प्रतियोगिता में 464 खिलाड़ियों व प्रशिक्षकों, 50 तकनीकी पदाधिकारियों समेत लगभग 615 प्रतिभागी इसमें शिरकत करेंगे. राजगीर में लगा बिहार टीम का प्रशिक्षण शिविरमेजबान बिहार टीम की तैयारी के लिए राजगीर में एक महीने का प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया गया. बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के सहयोग से आयोजित इस शिविर में खिलाड़ियों की शारीरिक क्षमता, खेल कौशल, तकनीक और आपसी तालमेल को बेहतर बनाने पर ध्यान दिया गया.बिहार टीम की घोषणाप्रतियोगिता में मेजबान बिहार की ओर से खेलने वाले खिलाड़ियों की सूची इस प्रकार है:रवि कुमार (बेगूसराय) — कप्तानदीपक कुमार (बक्सर)अंशु कुमार (पटना)शुभम कुमार (सारण)आदित्य कुमार सिंह (सारण)आदर्श कुमार (बेगूसराय)पीयूष राज (रोहतास)केशव कुमार (समस्तीपुर)रितेश कुमार (पटना)अभिनव कुमार सिंह (अररिया)संदीप यादव (बक्सर)रवि रंजन कुमार (बक्सर)रितिक कुमार (पटना)अमन राज (भोजपुर)कोच: रमेश कुमार यादव (बिहार राज्य खेल प्राधिकरण)सहायक कोच: आनंद कुमार सिंह (भोजपुर)पटना से नीरज उपाध्याय की रिपोर्ट-
भागलपुर : नगर निगम की सामान्य बोर्ड समिति की बैठक में उस वक्त गहमागहमी का माहौल बन गया, जब मेयर और उपमेयर के अधिकारों को लेकर कुछ पार्षदों ने आपत्तिजनक बातें कह दी. नाराज मेयर और उपमेयर बैठक का बहिष्कार कर अपने चेंबर में चले गए. हालांकि, कुछ पार्षदों ने शहर के विकास और जनहित के मुद्दों का हवाला देते हुए दोनों को मनाया और दोबारा बैठक में शामिल होने का आग्रह किया. दरअसल, नगर निगम सभागार में आयोजित इस बैठक में शहर के विकास, स्वच्छता प्रबंधन, जनहित की योजनाओं और नागरिक सुविधाओं से जुड़े कई अहम मुद्दों पर चर्चा होनी थी. लेकिन अधिकारों को लेकर शुरू हुई बहस ने बैठक का माहौल गर्म कर दिया. नाराज होकर मेयर और उपमेयर बैठक छोड़कर चले गए. बाद में पार्षदों के समझाने पर दोनों वापस लौटे और बैठक की कार्यवाही दोबारा शुरू हुई. इसके बाद शहर के विकास को लेकर कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए.वहीं, पूरे मामले पर मेयर और उपमेयर ने नाराजगी जाहिर करते हुए कहा कि कुछ पार्षदों ने उनके अधिकारों को लेकर अनुचित बातें कहीं, जिससे आहत होकर वे बैठक से बाहर चले गए थे. हालांकि, शहर के विकास को प्राथमिकता देते हुए पार्षदों के आग्रह पर वे दोबारा बैठक में शामिल हुए. कुल मिलाकर, नगर निगम की इस बैठक में जहां शहर के विकास को लेकर अहम फैसले लिए गए, वहीं जनप्रतिनिधियों के बीच अधिकारों की खींचतान भी चर्चा का विषय बनी रही.भागलपुर से डबलू कुमार की रिपोर्ट-
मधुबनी : भारत-नेपाल सीमा पर सब्जियों के व्यापार को लेकर शनिवार को बड़ा विवाद खड़ा हो गया. नेपाल सरकार की ओर से भारतीय सब्जियों के व्यावसायिक आयात पर रोक लगाए जाने से मधुबनी के सीमावर्ती किसानों में भारी नाराजगी है. विरोध में किसानों ने जयनगर थाना क्षेत्र के बेतौंहा गांव स्थित माड़र बॉर्डर कस्टम चेक पोस्ट पर मुख्य सड़क जाम कर दिया. इसके साथ ही हथलेटवा बॉर्डर को भी बंद करा दिया गया. सुबह करीब 10 बजे शुरू हुआ विरोध दोपहर 2 बजे तक जारी रहा.इस दौरान भारत और नेपाल के बीच पैदल यात्रियों और वाहनों की आवाजाही पूरी तरह ठप हो गई. सैकड़ों लोग सीमा के दोनों ओर फंसे रहे. स्कूली बच्चों, मरीजों और रोजमर्रा के काम से आने-जाने वाले लोगों को काफी परेशानी हुई.20-25 वर्षों से नेपाल में बेच रहे सब्जियांप्रदर्शन कर रहे किसानों कुशेश्वर सिंह, उमेश सिंह, सुकृत सिंह, भोला सिंह, सुरेश यादव सहित अन्य ने बताया कि वे पिछले 20-25 वर्षों से परवल, भिंडी, बैंगन, टमाटर और हरी सब्जियां नेपाल के माड़र, लहान और सिरहा बाजार में बेचते आ रहे हैं. ये बाजार भारतीय सीमा से महज एक-दो किलोमीटर दूर हैं. शनिवार को जब किसान साइकिल और टेंपो से सब्जियां लेकर पहुंचे तो नेपाल सशस्त्र पुलिस ने उन्हें रोक दिया. किसानों का कहना है कि इससे उनकी सैकड़ों क्विंटल सब्जियों के खराब होने का खतरा पैदा हो गया है.20 किलो तक सब्जी ले जाने की छूटनेपाल एपीएफ के डीएसपी पादम खाड़क ने बताया कि व्यावसायिक मात्रा में सब्जियों के आयात पर रोक वरीय अधिकारियों के आदेश पर लगाई गई है. नेपाली किसानों के हित में यह फैसला लिया गया है. हालांकि व्यक्तिगत उपयोग के लिए 10 से 20 किलो तक सब्जियां ले जाने की अनुमति है.एसएसबी और नेपाल एपीएफ के अधिकारियों ने किसानों से बातचीत कर जाम समाप्त कराया. किसानों ने रोक पर पुनर्विचार की मांग की है.संजय कुमार की रिपोर्ट--
पटना : बिहार में हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत बनाने की दिशा में राज्य सरकार बड़ी तैयारी कर रही है. सोनपुर (सारण) और अजगैवीनाथ धाम (सुल्तानगंज, भागलपुर) में प्रस्तावित दो ग्रीनफील्ड अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट को अत्याधुनिक विमानन केंद्र के रूप में विकसित करने की योजना है. इन दोनों एयरपोर्ट पर बड़े विमानों की मरम्मत, रखरखाव और ओवरहॉलिंग (एमआरओ) की सुविधा विकसित की जाएगी. इसके साथ ही यहां पायलटों को प्रशिक्षण देने के लिए फ्लाइंग ट्रेनिंग सेंटर भी स्थापित किए जाएंगे.बिहार सरकार इसके लिए विशेष एविएशन विजन एंड पॉलिसी तैयार कर रही है. राज्य के सिविल विमानन विभाग के सचिव डॉ. निलेश रामचंद्र देवरे की ओर से इस संबंध में संकल्प पत्र जारी किया गया है. सरकार का उद्देश्य बिहार को विमानन क्षेत्र में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर नई पहचान दिलाना है.इस महत्वाकांक्षी योजना के लिए सरकार ने गुरुग्राम की कंसल्टेंसी एजेंसी केपीएमजी इंडिया सर्विसेज एलएलपी को परामर्शी के रूप में नियुक्त किया है. एजेंसी को नीति और व्यापक एविएशन रोडमैप तैयार करने के लिए करीब 86.17 लाख रुपये और लागू टैक्स का भुगतान किया जाएगा. यह रोडमैप बिहार की भौगोलिक स्थिति, व्यावसायिक संभावनाओं और भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार होगा.क्षेत्रीय एयरपोर्ट भी होंगे विकसितयोजना के तहत मुजफ्फरपुर के पताही, वीरपुर, वाल्मीकिनगर और सहरसा एयरपोर्ट को भी विकसित करने की तैयारी है. इन हवाई अड्डों के रनवे और बुनियादी सुविधाओं को अपग्रेड किया जाएगा, ताकि छोटे वाणिज्यिक विमानों का परिचालन शुरू हो सके.सरकार को उम्मीद है कि इस पहल से पर्यटन, व्यापार, निवेश और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे. साथ ही बिहार के विभिन्न जिलों की हवाई कनेक्टिविटी बेहतर होगी.पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट--
पटना : बड़ी खबर राजधानी पटना से है जहां जमीन विवाद को लेकर दबंगई और रंगदारी का मामले में पुलिस ने पाटलिपुत्र थाना क्षेत्र के बाबा चौक से 4 युवकों को हथियार और कारतूस के साथ गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार युवक राजीव नगर, दीघा और पाटलिपुत्र इलाके में सक्रिय भू-माफियाओं के लिए काम करते थे.गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शिवम सिंह, विवेक कुमार, अर्पित सिंह और अनिल कुमार उर्फ गोलू के रूप में हुई है. इनमें अनिल की बाबा चौक पर दुकान भी है. पुलिस ने पकड़े गए आरोपियों के पास से रिवॉल्वर, लोडेड पिस्टल मैगजीन, एयर गन, 31 जिंदा कारतूस, 70 खाली खोखे, पिस्टल का कवर, चार मोबाइल और भारतीय थल सेना का पहचान पत्र एव फर्जी i card भी बरामद किया है.मामले की शुरुआत राजीव नगर रोड नंबर 18 स्थित चार कट्ठे के एक प्लॉट के विवाद से हुई थी. आरोप है कि दीवार तोड़ने को लेकर हुए विवाद में शिवम और विवेक ने पिस्टल लहराकर पंकज शर्मा के घर पर दहशत फैलाई थी. इस घटना का वीडियो भी सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था. वहीं, आरती कुमारी ने आरोप लगाया था कि दोनों युवकों ने उनके घर पहुंचकर पिस्टल का भय दिखाते हुए पांच लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी.पूछताछ में कई भू-माफियाओं के नाम सामने आए हैं. इसके साथ ही एक पत्रकार का नाम भी पुलिस जांच में आया है. आरोप है कि वह 33 प्रतिशत कमीशन लेकर पुलिस और प्रशासन को मैनेज करने का काम करता था. इस संबंध में थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है. वहीं, अर्पित पर प्रेस और सेना के फर्जी पहचान पत्र के इस्तेमाल का भी आरोप है.सेंट्रल एसपी चंद्र प्रकाश ने बताया कि शिकायत के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए चारों आरोपियों को गिरफ्तार किया है. पूरे नेटवर्क और इसमें शामिल अन्य लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है.पटना से विवेक कुमार रॉय की रिपोर्ट-
पटना : बड़ी खबर बिहार के सुपौल से है जहां जिले के जीवछपुर स्थित उत्क्रमित बालक मध्य विद्यालय में कक्षा के दौरान सोते पाए जाने के कारण विशिष्ट शिक्षक अजीत कुमार को निलंबित कर दिया गया है. सुपौल जिले के जीवछपुर स्थित उत्क्रमित बालक मध्य विद्यालय में कक्षा के दौरान सोते हुए पाए गए विशिष्ट शिक्षक अजीत कुमार को निलंबित कर दिया गया है। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने मामले की जानकारी मिलते ही त्वरित कार्रवाई का निर्देश दिया था. इसके बाद सुपौल के जिला शिक्षा पदाधिकारी ने मामले की जांच कराई जिसमें आरोप सही निकले. निलंबित शिक्षक के विरुद्ध आरोप पत्र अलग से जारी किया जाएगा.जांच में पाया गया कि विशिष्ट शिक्षक क्लास रूम के अंदर कुर्सी पर पैर रखकर सो रहे थे. इस दौरान वे जींस पैंट भी पहने हुए थे. बच्चों को पढ़ाने के बजाय उनका सोना शैक्षणिक व्यवस्था के प्रति लापरवाही है.जांच रिपोर्ट के अनुसार शिक्षक का आचरण छात्रों के हितों के विरुद्ध और सरकारी सेवक आचार नियमावली के प्रावधानों का उल्लंघन था. इसे कर्तव्य के प्रति घोर लापरवाही मानते हुए अनुशासनिक प्राधिकार ने निलंबन का निर्णय लिया. यह कार्रवाई बिहार विद्यालय विशिष्ट शिक्षक (संशोधित) नियमावली, 2024 के प्रावधानों के तहत की गई है.प्रीतम कुमार की रिपोर्ट-
पटना : मोकामा के विधायक अनंत सिंह को दुलारचंद यादव हत्याकांड में सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका लगा है. शीर्ष अदालत ने उन्हें 1 दिसंबर 2026 तक आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया है. इस घटनाक्रम के बाद मोकामा की राजनीति में हलचल तेज हो गई है. इसी बीच अनंत सिंह के बेटे अभिषेक सिंह की सोशल मीडिया पोस्ट चर्चा का विषय बन गई है.अभिषेक सिंह ने सोशल मीडिया पर न्याय के तराजू की तस्वीर साझा करते हुए एक पोस्ट लिखी. इसमें उन्होंने कहा, 'सत्ता के साथ रहिए तो सम्मान, सवाल उठाइए तो कानून का ज्ञान.' उनकी इस टिप्पणी को मौजूदा राजनीतिक परिस्थितियों से जोड़कर देखा जा रहा है. हालांकि, उन्होंने अपनी पोस्ट में किसी नेता या राजनीतिक दल का नाम लेकर सीधे तौर पर कोई आरोप नहीं लगाया है.सुप्रीम कोर्ट ने क्या दिया आदेश?दुलारचंद यादव हत्याकांड में 30 अक्टूबर को सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने अनंत सिंह को 1 दिसंबर 2026 तक आत्मसमर्पण करने का निर्देश दिया. अदालत ने बिहार पुलिस को मामले की जांच चार महीने के भीतर पूरी करने को भी कहा. यह सुनवाई पटना हाईकोर्ट से अनंत सिंह को मिली जमानत को चुनौती देने वाली याचिका पर हुई थी. जेडीयू से छह साल के लिए निष्कासनइससे पहले जनता दल यूनाइटेड ने अनंत सिंह और उनकी पत्नी नीलम देवी को पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप में छह साल के लिए निष्कासित कर दिया था. विधान परिषद चुनाव के दौरान पार्टी उम्मीदवार के खिलाफ गतिविधियों को इस कार्रवाई की वजह बताया गया था.इसके बाद अनंत सिंह ने पार्टी नेतृत्व के प्रति नाराजगी जाहिर की थी. उन्होंने नीतीश कुमार के प्रति सम्मान जताते हुए कहा था कि यदि पार्टी की कमान उनके हाथों में होती तो शायद उन्हें निष्कासित नहीं किया जाता.अब सुप्रीम कोर्ट के आदेश और बेटे अभिषेक सिंह की सोशल मीडिया पोस्ट के बाद मोकामा की राजनीतिक गतिविधियां एक बार फिर चर्चा में है.पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट-
बांका : झारखंड में तैनात एक पुलिस सब इंस्पेक्टर के शैक्षणिक प्रमाण पत्रों का इस्तेमाल कर बिहार में 32 साल तक सरकारी शिक्षक की नौकरी करने का मामला सामने आया है. फर्जीवाड़े का खुलासा होने के बाद शिक्षा विभाग ने आरोपी शिक्षक मनोज कुमार को तत्काल प्रभाव से बर्खास्त कर दिया है.मामला बांका जिले के बाराहाट प्रखंड अंतर्गत प्रोन्नत मध्य विद्यालय नगरी जानुकित्ता से जुड़ा है. यहां सहायक शिक्षक के पद पर कार्यरत मनोज कुमार पर अपने हमनाम पुलिस सब इंस्पेक्टर मनोज कुमार के प्रमाण पत्रों का इस्तेमाल कर नौकरी हासिल करने का आरोप था.मामले की शुरुआत तब हुई जब रांची में पुलिस सब इंस्पेक्टर के पद पर तैनात मनोज कुमार ने 2 अक्टूबर 2023 को देवघर के मोहनपुर थाने में जालसाजी की प्राथमिकी दर्ज कराई. उन्होंने आरोप लगाया कि बांका में शिक्षक के पद पर कार्यरत व्यक्ति उनके शैक्षणिक प्रमाण पत्र और पैन कार्ड का दुरुपयोग कर नौकरी कर रहा है.पुलिस ने जांच के दौरान 15 जनवरी 2025 को जिला शिक्षा पदाधिकारी को मामले की जानकारी दी. इसके बाद शिक्षा विभाग ने दोनों व्यक्तियों से शैक्षणिक और अन्य जरूरी दस्तावेज मांगे. शिक्षक ने 24 फरवरी 2026 को अपने कागजात जमा किए, जबकि पुलिस सब इंस्पेक्टर ने 15 अप्रैल 2026 को मूल प्रमाण पत्र उपलब्ध कराए.जांच में सामने आया कि शिक्षक ने मैट्रिक और इंटर के डुप्लीकेट प्रमाण पत्र प्रस्तुत किए, लेकिन वर्ष 1994 की बीपीएससी शिक्षक भर्ती परीक्षा से संबंधित कोई दस्तावेज नहीं दे सके.जांच रिपोर्ट के आधार पर जिला शिक्षा पदाधिकारी ने बिहार सरकारी सेवक नियमावली 2005 के तहत शिक्षक को बर्खास्त कर दिया.इस मामले ने शिक्षा विभाग की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं कि आखिर फर्जी दस्तावेजों के आधार पर एक व्यक्ति 32 वर्षों तक सरकारी नौकरी कैसे करता रहा.पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट-
पटना : बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने भाजपा के वरिष्ठ नेता और पूर्व राज्यसभा सांसद स्व० डॉ० रविन्द्र किशोर सिन्हा (आर०के० सिन्हा) के पाटलिपुत्र स्थित आवास 'अन्नपूर्णा भवन' जाकर उनके पार्थिव शरीर का अंतिम दर्शन किया तथा पुष्पांजलि अर्पित कर श्रद्धांजलि दी. मुख्यमंत्री ने स्व० आर०के० सिन्हा जी के शोकाकुल परिजनों से मुलाकात की और उन्हें सांत्वना दी.इस दौरान उप मुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, मंत्रीगण, सांसद, विधायक, विधान पार्षद, अन्य जनप्रतिनिधिगण एवं स्व० आर०के० सिन्हा के परिजन उपस्थित थे. पटना से राजीव रंजन की रिपोर्ट-
बांका : जिले के रजौन थाना क्षेत्र में शुक्रवार देर रात बड़ा हादसा हो गया. अनियंत्रित कार खुशालपुर बहियार स्थित भदैई पोखर में गिर गई. दुर्घटना के बादकार को बाहर निकाल लिया गया है. हादसे में कार चला रहे चालक की मौत हो गई. घटना के बाद सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच कर अग्रेतर कार्रवाई में जुट गई . धनबाद से पूर्णिया जा रही थी नई कारजानकारी के अनुसार, कमल किशोर ठाकुर धनबाद से नई महिंद्रा 3XO कार लेकर पूर्णिया स्थित ब्रजेश ऑटोमोबाइल शोरूम में डिलीवरी देने जा रहे थे. इसी दौरान रजौन थाना क्षेत्र में कार अनियंत्रित होकर भदैई पोखर में जा गिरी. दुर्घटना में पूर्णिया जिले के बड़हरा थाना क्षेत्र के सुकसैना गांव निवासी 45 वर्षीय कमल किशोर ठाकुर की मौत हो गई. घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय लोग और पुलिस मौके पर पहुंचे. काफी प्रयास के बाद कार को पोखर से बाहर निकाला गया. इसके बाद चालक का शव बरामद किया गया. शनिवार को बांका सदर अस्पताल में शव का पोस्टमार्टम कराया गया.कार में अन्य लोगों के सवार होने की आशंकाइस हादसे में अब सबसे बड़ा सवाल यह है कि क्या कार में चालक के अलावा अन्य लोग भी मौजूद थे? स्थानीय स्तर पर चर्चा है कि चालक ने रास्ते में कुछ अन्य यात्रियों को भी कार में बैठा लिया था. हालांकि, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है. इसी आशंका को देखते हुए पोखर में अन्य लोगों की तलाश की जा रही है.NDRF चला रही तलाशी अभियानघटनास्थल पर अजगैबीनाथ धाम से NDRF की टीम पहुंचकर तलाशी अभियान चला रही है. पोखर में 20 फीट से अधिक पानी होने के कारण बचाव अभियान में कठिनाई आ रही है. वहीं, NDRF टीम के पहुंचने में करीब सात घंटे लगने को लेकर स्थानीय लोगों ने नाराजगी जताई है. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. कार में अन्य लोगों की मौजूदगी और हादसे के वास्तविक कारणों का पता लगाया जा रहा है.संजय कुमार की रिपोर्ट-
गयाजी : पश्चिमी चंपारण के सांसद एवं भाजपा के मुख्य सचेतक डॉ. संजय जायसवाल ने शहर के सर्किट हाउस में शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कांग्रेस नेता राहुल गांधी और विपक्षी दलों पर जमकर निशाना साधा है. प्रेस कॉन्फ्रेंस का मुख्य विषय ‘लोकतंत्र बचाओ, अराजकता हटाओ’रहा. इस दौरान उन्होंने विपक्ष की ओर से उठाए जा रहे ‘वोट चोरी’ और ‘रेजीम चेंज’ के मुद्दों को पूरी तरह भ्रामक और फर्जी नैरेटिव करार दिया.संजय जायसवाल ने कहा कि भारत एक मजबूत लोकतांत्रिक देश है, जहां सरकार बनाने और बदलने का अधिकार पूरी तरह जनता के हाथों में है. जनता अपने मताधिकार से प्रधानमंत्री से लेकर मुख्यमंत्री, सांसद, विधायक और पंचायत प्रतिनिधियों तक का चुनाव करती है. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को लगातार जनता का समर्थन और विश्वास मिल रहा है.उन्होंने दावा किया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों के दौरान देश ने आर्थिक और विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है. उनके अनुसार केंद्र सरकार की नीतियों के कारण देश के करीब 50 करोड़ लोग अत्यंत गरीबी से बाहर आए हैं.विपक्ष की ओर से एसआईआर और वोट चोरी को लेकर उठाए जा रहे सवालों पर उन्होंने कहा कि बिहार में सबसे पहले एसआईआर की प्रक्रिया पूरी हुई. इस दौरान लोगों को अपनी आपत्तियां दर्ज कराने और जरूरी दस्तावेज प्रस्तुत करने का पर्याप्त अवसर दिया गया. उन्होंने दावा किया कि गलत तरीके से मतदाताओं के नाम काटे जाने का कोई ठोस उदाहरण सामने नहीं आया है. उन्होंने कहा कि विपक्ष जनता के बीच भ्रम फैलाने की कोशिश कर रहा है.विपक्ष की प्रस्तावित मॉक पार्लियामेंट पर सवाल उठाते हुए भाजपा नेता ने कहा कि जब संसद का सत्र चलता है और सांसदों को अपनी बात रखने का अवसर मिलता है, तो अलग से मॉक पार्लियामेंट आयोजित करने की आवश्यकता क्यों है? उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्ष संसद में चर्चा करने और सरकार का जवाब सुनने से बचता है.संजय जायसवाल ने बताया कि भाजपा की ओर से 5 नवंबर को गया में पदयात्रा निकाली जाएगी. इसमें बिहार के नेता विजय कुमार सिन्हा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे. उन्होंने कहा कि इस पदयात्रा के माध्यम से लोगों को लोकतंत्र, राष्ट्रीय एकता और देश के विकास के प्रति जागरूक किया जाएगा. उन्होंने आरोप लगाया कि कुछ विदेशी ताकतें भी भारत की विकास यात्रा को बाधित करने की कोशिश कर रही है.राहुल गांधी की 1 नवंबर को प्रस्तावित रैली को लेकर भी उन्होंने विपक्ष पर निशाना साधा. उन्होंने कहा कि भाजपा अपने कार्यक्रम और राजनीतिक गतिविधियां स्वयं तय करती है. दिल्ली में भाजपा की पदयात्रा का उदाहरण देते हुए उन्होंने दावा किया कि बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी के बावजूद जनजीवन सामान्य रहा और दुकानें भी खुली रहीं.उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री की ओर से विपक्ष को विशेष संसद सत्र में चर्चा के लिए दिए गए प्रस्ताव का जिक्र करते हुए कहा कि भाजपा हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है और उसे कुछ भी छिपाने की जरूरत नहीं है.राहुल गांधी की राजनीतिक गतिविधियों और बयानों पर तंज कसते हुए संजय जायसवाल ने उन्हें भाजपा का स्टार प्रचारक तक बता दिया. उन्होंने कहा कि भाजपा जब विपक्ष में थी, तब अटल बिहारी वाजपेयी और सुषमा स्वराज जैसे नेताओं ने सदन में रचनात्मक सुझाव दिए और संसदीय परंपराओं का पालन किया. उन्होंने विपक्ष को भी लोकतांत्रिक मर्यादाओं के तहत अपनी बात रखने की सलाह दी.वहीं, उत्तर प्रदेश में आगामी विधानसभा चुनाव योगी आदित्यनाथ या किसी अन्य चेहरे के नेतृत्व में लड़ने के सवाल पर उन्होंने कहा कि संबंधित नेता वहां के प्रभारी हैं और इस विषय पर गया में कोई टिप्पणी नहीं करना चाहते.प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान भाजपा नेता ने विपक्ष के आरोपों को खारिज करते हुए लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता के मताधिकार को सर्वोपरि बताया.गयाजी से प्रदीप कुमार सिंह की रिपोर्ट-
पटना : बिहार में नया बिजली कनेक्शन लेने की तैयारी कर रहे उपभोक्ताओं को अब पहले की तुलना में अधिक शुल्क देना पड़ सकता है. राज्य में 1 नवंबर 2026 से नए बिजली कनेक्शन के लिए सर्विस कनेक्शन शुल्क की नई दरें लागू होने जा रही है. नई व्यवस्था का असर घरेलू उपभोक्ताओं के साथ-साथ व्यावसायिक और औद्योगिक कनेक्शन लेने वालों पर भी पड़ेगा.बिहार विद्युत विनियामक आयोग ने बिजली वितरण कंपनियों की ओर से दायर याचिका पर जुलाई में ही नई दरों को मंजूरी दे दी थी. इसके बाद 29 जुलाई को बिजली वितरण कंपनियों ने सभी संबंधित जिलों को नई दरों की जानकारी भेज दी थी. अब एक नवंबर से इसे प्रभावी किया जा रहा है.सिंगल फेज कनेक्शन का नया शुल्कएलटी सिंगल फेज श्रेणी में 7 किलोवाट तक के कनेक्शन शामिल हैं. इसके तहत 3 किलोवाट तक के नए कनेक्शन के लिए उपभोक्ताओं को 900 रुपये देने होंगे. वहीं, 3 किलोवाट से अधिक लोड के लिए 2700 रुपये शुल्क निर्धारित किया गया है. इसके अतिरिक्त प्रत्येक अतिरिक्त किलोवाट के लिए 1000 रुपये का भुगतान करना होगा.थ्री फेज कनेक्शन की नई दरेंएलटी थ्री फेज कनेक्शन के लिए भी अलग-अलग लोड के अनुसार शुल्क तय किया गया है. 5 किलोवाट तक के कनेक्शन के लिए 4500 रुपये देने होंगे. 5 किलोवाट से अधिक लोड होने पर 4500 रुपये के साथ प्रत्येक अतिरिक्त किलोवाट पर 1500 रुपये अतिरिक्त देने होंगे.वहीं, 20 किलोवाट तक के कनेक्शन के लिए 21 हजार रुपये निर्धारित किए गए हैं. इससे अधिक लोड पर प्रत्येक अतिरिक्त किलोवाट के लिए 2000 रुपये देने होंगे.बिजली कंपनियों ने जारी किए निर्देशनई दरों को लागू करने के लिए दोनों बिजली वितरण कंपनियों ने अपने अंचलों, प्रमंडलों और उपप्रमंडलों को निर्देश जारी कर दिए हैं. नई व्यवस्था का उद्देश्य कनेक्शन शुल्क को पारदर्शी बनाना है, ताकि आवेदन के समय ही उपभोक्ताओं को अपने स्वीकृत लोड के अनुसार देय राशि की जानकारी मिल सके. यह दरें उन क्षेत्रों में लागू होंगी, जहां पहले से बिजली की सुविधा उपलब्ध है.पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट-
पटना : भारत रत्न लौह पुरूष सरदार वल्लभ भाई पटेल की जयंती के अवसर पर राजकीय समारोह का आयोजन किया गया. राजधानी पटना के पटेल चौक, चितकोहरा पुल के पास सरदार वल्लभ भाई पटेल प्रतिमा प्रांगण में शनिवार को मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने स्व० सरदार वल्लभ भाई पटेल की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी.इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, बिहार विधानसभा के अध्यक्ष डॉ० प्रेम कुमार, कृषि मंत्री विजय कुमार सिन्हा, राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ० दिलीप कुमार जायसवाल, सहकारिता मंत्री राम कृपाल यादव, विज्ञान, प्रावैधिकी एवं तकनीकी शिक्षा मंत्री शीला कुमारी, आपदा प्रबंधन मंत्री रत्नेश सदा, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण मंत्री लखेन्द्र कुमार रौशन, विधायक श्याम रजक, विधायक संजीव चौरसिया, विधायक संजय कुमार, बिहार राज्य किसान आयोग के अध्यक्ष रूपनारायण मेहता, पूर्व विधान पार्षद कुमुद वर्मा सहित अनेक सामाजिक एवं राजनीतिक कार्यकर्ताओं ने स्व० सरदार वल्लभ भाई पटेल की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की.इस अवसर पर सूचना एवं जन-सम्पर्क विभाग के कलाकारों द्वारा आरती पूजन, भजन कीर्तन, राष्ट्रीय गीत, राष्ट्र गान, बिहार गीत एवं देशभक्ति गीत के कार्यक्रम प्रस्तुत किये गये.पटना से राजीव रंजन की रिपोर्ट-
समस्तीपुर : बड़ी खबर समस्तीपुर से है जहां सरायरंजन थाना क्षेत्र के रायपुर पंचायत में शुक्रवार की देर शाम हथियारबंद अपराधियों ने 45 वर्षीय व्यक्ति की गोली मारकर हत्या कर दी. मृतक की पहचान रसलपुर गांव, वार्ड संख्या एक निवासी गंगो राय के पुत्र सुबोध राय के रूप में हुई है. सुबोध राय रायपुर पंचायत की वर्तमान पंच धर्मशिला देवी के पति थे.जानकारी के मुताबिक, सुबोध राय शुक्रवार की देर शाम किसी जरूरी काम से वार्ड संख्या छह की ओर जा रहे थे. इसी दौरान सुनसान रास्ते पर पहले से घात लगाए अज्ञात अपराधियों ने उन्हें घेर लिया और गोली मार दी. गोली लगते ही वह जमीन पर गिर पड़े. वारदात को अंजाम देने के बाद अपराधी अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से फरार हो गए.घटना के बाद परिजन और स्थानीय ग्रामीण उन्हें इलाज के लिए अस्पताल ले जा रहे थे, लेकिन रास्ते में ही उनकी मौत हो गई. घटना की खबर मिलते ही परिवार में कोहराम मच गया.सबसे दुखद बात यह है कि सुबोध राय की बेटी की शादी महज एक महीने बाद होने वाली थी. घर में शादी की तैयारियां चल रही थीं, लेकिन इस घटना ने परिवार की खुशियों को मातम में बदल दिया. मृतक अपने पीछे पत्नी और तीन बच्चों को छोड़ गए.घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल, समस्तीपुर भेज दिया. थानाध्यक्ष धनंजय कुमार के मुताबिक, पुलिस मामले की जांच में जुटी है.