JHARKHAND NEWS : अपर बाजार में निगम की कार्रवाई के खिलाफ विरोध, आधे दिन बंद रहीं दुकानें
राजधानी रांची के प्रमुख व्यावसायिक केंद्र 'अपर बाजार' में सोमवार को नगर निगम की कार्रवाई के खिलाफ व्यापारियों का जबरदस्त आक्रोश देखने को मिला। बिना स्वीकृत नक्शे और पार्किंग की कमी के नोटिस के विरोध में व्यापारियों ने सुबह से दोपहर बारह बजे तक अपनी दुकानें बंद रखीं।रांची नगर निगम ने हाल के दिनों में अपर बाजार और हरमू रोड स्थित श्रीराम जानकी मंदिर के आसपास के कई प्रतिष्ठानों को नोटिस जारी किया है। निगम का निर्देश है कि व्यापारी निर्धारित समय के भीतर अपने भवन के नक्शे, पार्किंग और अन्य आवश्यक दस्तावेजों के साथ नियमों का पालन करें। मानकों का पालन न करने पर ट्रेड लाइसेंस रद्द करने और अतिक्रमण हटाने की बड़ी तैयारी है।
इसी संभावित कार्रवाई के विरोध में व्यापारियों ने आज सांकेतिक बंद का आयोजन किया। व्यापारियों का साफ कहना है कि बिना किसी वैकल्पिक व्यवस्था के अचानक इस तरह के कदम उठाने से सैकड़ों परिवारों की आजीविका पर गंभीर संकट खड़ा हो जाएगा।व्यापारी दिनेश मांसारिया ने निगम की कार्यशैली पर सवाल उठाते हुए कहा...“नगर निगम लगातार अल्टीमेटम दे रहा है, लेकिन व्यापारियों के लिए कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं की गई है। वर्षों से व्यवसाय कर रहे लोगों को अचानक दुकान बंद करने का आदेश देना बिल्कुल उचित नहीं है। कोई भी कार्रवाई से पहले व्यापारियों से संवाद होना चाहिए।वहीं, एक अन्य व्यवसायी विनोद राजगढ़िया ने क्षेत्र की मूल समस्याओं को उजागर करते हुए कहा कि अपर बाजार में आए दिन भीषण ट्रैफिक जाम की समस्या बनी रहती है, लेकिन निगम इसे दूर करने के लिए कोई ठोस पहल नहीं करता।
दूसरी ओर, रांची नगर निगम का पक्ष रखते हुए डिप्टी मेयर नीरज कुमार ने स्पष्ट किया है कि निगम का उद्देश्य किसी का रोजगार छीनना नहीं है, बल्कि शहर को व्यवस्थित, स्वच्छ और सुगम बनाना है। उन्होंने आश्वासन दिया कि सभी व्यवसायियों से बातचीत के बाद ही आगे का प्रशासनिक निर्णय लिया जाएगा और नियमों के दायरे में रहकर ही कोई समाधान निकाला जाएगा।नगर निगम का तर्क है कि घनी आबादी वाले इन क्षेत्रों में अवैध निर्माण और पार्किंग की कमी से यातायात बुरी तरह प्रभावित होता है, इसलिए नियमानुसार कार्रवाई जरूरी है। वहीं व्यापारी चाहते हैं कि कार्रवाई से पहले उन्हें पर्याप्त समय और उचित विकल्प मिले।





