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नीलम की नागिन बनने की कहानी : गढ़वा की इस लड़की को लोग क्यों बता रहे नागिन ? दर्शन और पूजा करने पहुंच रहे लोग

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गढ़वा : झारखंड का गढ़वा जिला.. यहां खरौन्धि प्रखंड में हुसरू गांव है... इन दिनों ये गांव सोशल मीडिया पर छाया हुआ है... वजह है नीलम नाम की लड़की... जो खुद को नागिन बनने का दावा कर रही है... नीलम से नागिन बनी लड़की की सच्चाई जानने के लिये.. लोग लड़की के घर पहुंच रहे हैं... आखिर नीलम की सच्चाई क्या है... क्यों नीलम अपने आप को नागिन का रूप बता रही है.

72 दिनों तक लापता रहती है युवती

गढ़वा जिले का खरौन्धि प्रखंड.. यहां करिवाडीह पंचायत में हुसरु गांव है.. ये उरांव जाति की बस्ती है... यहां 300 की आबादी है... फिल्हाल ये गांव चर्चा में है... गांव की एक लड़की अचानक से गायब हो जाती है... और 72 दिनों बाद नागिन के रूप में दावा करते हुए.. यूपी के रानीडीह के एक गुफा से बरामद होती है... इस गुफा में नागों का बसेरा है.. यहां एक शिवलिंग है...नीलम का दावा है कि वो प्रतिदिन नागिन के रूप में गूफा से निकलती थी, बेलपत्र लेकर पूजा करती थी.. उसका दावा ये भी है कि उसे ऐसा करने के लिये शेषनाग ने आदेश दिया था..

'मंदिर में अक्सर देखा जाता था नाग का जोड़ा'

नीलम बचपन से ही पूजा पाठ करती थी.. लोग उसे माता का उपासक बताते हैं... वो पिछले 5 सालों से मंदिर में ही रहती थी.. नीलम ने बताया कि 3 वर्ष पहले नाग का जोड़ा मंदिर में आता था.. और भगवान पर चढ़ाया फूल खा जाता था.. इस बात की जानकारी वो अपने घरवालों को दी... एक दिन नाग का जोड़ा उसके घर आया... लेकिन उसके पिता ने एक नाग को मार दिया.. तबसे उसके जिन्दगी में अजिब अजिब घटना होने लगी.

'नीलम गढ़वा से कैसे यूपी के गूफा पहुंची, उसे पता नहीं'

नीलम की मानें तो नाग घर में आकर उसके शरीर से लिपट जाता था. नीलम को साथ चलने के लिये कहता था.. और एक दिन ऐसा ही हुआ.. वो घर से निकल गई... वो उत्तर प्रदेश के गूफा में कैसे पहुंच गई.. उसे पता नहीं.. नीलम ने बताया कि वो अभी ठीक है... लेकिन वो अक्सर होश में नहीं रहती है.. कुछ खाना भी नहीं खाती.. सिर्फ दूध, पानी और फल पर रहती है.. साथ ही उसने दावा किया कि उसके नाक में जो सोने का लोलो और सर्प आकार का बेरा है...वो इसे कहीं से खरीदी नहीं है... खुद शेषनाग ने दिया है...

'बीमार रहती थी नीलम, डॉक्टरों को नहीं पता चला बीमारी'

नीलम के परिजनों का कहना है कि उसकी तबीयत हमेशा खराब रहती थी. कई डॉक्टरों को दिखाया.. लाखों रुपये खर्च किये... लेकिन कोई बीमारी का पता नहीं चला... एक दिन नीलम गायब हो गई.. तो इसकी सूचना थाने को दिया... लेकिन हमलोग का जो अंदेशा था.. वही हुआ... वो गुफा में मिली.. हालांकि वे लोग पहले भी कई बार गुफा में गये थे.. पर कोई जानकारी नहीं मिली.. गांव की एक महिला को स्वप्न आया.. नीलम नागिन की अवस्था में थी.. आधा शरीर मानव का और आधा शरीर छिपा हुआ था... पैर नहीं मिला... स्वप्न के बाद जब वे लोग गुफा गये तो.. इस बार नीलम वहां मिल गयी.. और बोली की मुझे प्राप्त करना है तो अखंड कीर्तन करें..

कशिश न्यूज की अपील, ऐसे दावों से बचें, ये आस्था नहीं अंधविश्वास है

खैर मामला जो भी हो.. नीलम की नागिन बनने की कहानी पूरे इलाके में चर्चा का विषय है.. सनसनी बनी हुई है.. बड़ी संख्या में लोग दर्शन और पूजा करने के लिये नीलम के घर पहुंच रहे हैं... हालांकि कशिश न्यूज इसे अंधविश्वास मानता है.. और आपसे आग्रह करता है... ऐसी दावों से बचें... ये आस्था नहीं.. पूरी तरह अंधविश्वास... अंधविश्वास... और केवल अंधविश्वास है...