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JHARKHAND NEWS : सरकार के साथ छात्रों की बातचीत चंद घंटो में, नतीजे पर सबकी निगाहें

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राजधानी रांची में पिछले करीब 24 दिनों से चल रहे छात्र आंदोलन को लेकर आज दोपहर दो बजे स्टेट गेस्ट हाउस में सरकार और आंदोलनरत छात्रों के बीच महत्वपूर्ण वार्ता होने जा रही है।इस बैठक को बेहद अहम माना जा रहा है, क्योंकि चार छात्र आमरण अनशन पर हैं। इस उच्चस्तरीय वार्ता के नतीजों पर न सिर्फ छात्रों की, बल्कि पूरे प्रशासनिक तंत्र की पैनी नजर टिकी हुई है। सरकार की तरफ से इस वार्ता में मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू, दीपिका पांडेय सिंह, चमरा लिंडा और संजय सिंह यादव शामिल होंगे। वहीं, छात्रों का पक्ष रखने के लिए 10 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल बैठक में हिस्सा लेगा, जिसमें एक कानूनी जानकार (Legal Expert) को भी विशेष रूप से शामिल किया गया है।

आपको बता दें कि सरकार और छात्रों के बीच इससे पहले भी दो दौर की बातचीत हो चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान सामने नहीं आ सका है। इस पूरे विवाद के केंद्र में मुख्य रूप से दो प्रमुख मांगें हैं:

  • पहली मांग: जेपीएससी (JPSC) पेपर लीक मामले की जांच सीबीआई (CBI) से कराई जाए। सरकार का पक्ष है कि इस मामले की जांच सीआईडी (CID) कर रही है और अब तक 20 से अधिक लोगों की गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।

  • दूसरी मांग: सीजीएल (CGL) परीक्षा को पूरी तरह रद्द किया जाए। वहीं, सरकार की तरफ से इस मांग को लेकर कुछ कानूनी अड़चनों का हवाला दिया जा रहा है।

आज की इस बैठक में मुख्य रूप से इन्हीं दोनों मुद्दों पर आपसी सहमति बनाने की पूरी कोशिश की जाएगी।अगर आज की यह वार्ता बेनतीजा रहती है, तो प्रशासन के सामने चुनौतियां और अधिक बढ़ सकती हैं। आंदोलनरत छात्र संगठनों ने पहले ही आगामी 20 अगस्त को मुख्यमंत्री आवास का घेराव करने का बड़ा एलान कर रखा है।छात्र संगठनों ने राज्यभर के तमाम युवाओं और छात्रों से रांची पहुंचने की अपील की है। पिछले दिनों हुए विधानसभा मार्च के दौरान भी भारी संख्या में छात्रों की भीड़ देखने को मिली थी। ऐसे में आज का संवाद सफल नहीं हुआ, तो 20 अगस्त का प्रस्तावित घेराव प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बन सकता है।स्थिति की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री आवास और उसके आसपास के इलाकों की सुरक्षा व्यवस्था को काफी कड़ा कर दिया गया है। संवेदनशील इलाकों में भारी बैरिकेडिंग की गई है।