HEC प्रबंधन ने 32 बस्तियों को दिया नोटिस : बस्ती बचाओ संघर्ष मोर्चा ने HEC मुख्यालय के पास किया प्रदर्शन
रांची : एचईसी प्रबंधन (HEC)ने एक बार फिर एचईसी क्षेत्र में अवैध रूप से बसे 32 बस्तियों को खाली करने का निर्देश दिया है. एचईसी प्रबंधन के इस निर्देश के बाद 32 बस्तियों में रहने वाले लोग आक्रोशित हैं. शनिवार को बस्ती बचाओ संघर्ष समिति के नेतृत्व में संबंधित बस्तियों में रहने वालों ने एचईसी मुख्यालय का घेराव कर प्रदर्शन भी किया. हालांकि पुलिस-प्रशासन ने उन्हें स्मार्ट सिटी के समीप ही रोक दिया.
पुलिस-प्रशासन की पहल पर एचईसी मुख्यालय की ओर से बस्ती बचाओ संघर्ष मोर्चा के प्रतिनिधिमंडल को वार्ता के लिए आमंत्रित किया. मोर्चा की ओर से वार्ता में 11 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल को भेजने की तैयारी की गई थी, लेकिन एचईसी प्रबंधन की ओर से मात्र 5 सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल को ही वार्ता के लिए आमंत्रित किया गया. बस्ती बचाओ संघर्ष समिति के संयोजक मिंटु पासवान ने कहा कि सात सितंबर को एचईसी प्रबंधन की ओर से नोटिस जारी किया गया है, जिसमें एचईसी क्षेत्र स्थित सभी दुकान, मकान और बस्ती वासियों को बेघर करने की तैयारी की गई है. उन्होंने यह भी कहा कि एचईसी प्रबंधन को साल 2005 से ही बार-बार कहा जा रहा है कि वे अपने उत्पादन पर ध्यान दें. एचईसी प्रबंधन की ओर से कर्मियों को पिछले 37 महीने से बकाया वेतन का भुगतान नहीं किया जा रहा है. फिर भी एचईसी प्रबंधन की ओर से कर्मियों पर ध्यान न देकर गरीब बस्ती वासियों को परेशान किया जा रहा है.
जमीन एचईसी की है,लेकिन 32 बस्तियों में रहने वाले लोग पिछले 50-60 वर्षों से अपना आशियाना बनाकर रह रहे हैं. सिर्फ यही नहीं,होल्डिंग टैक्स,जल कर और बिजली बिल का भी भुगतान कर रहे हैं. इसके बावजूद बार-बार उजाड़ने का प्रयास किया जा रहा है. आज एचईसी प्रबंधन और सरकार उद्योगपतियों को बसाने के लिए बस्ती वासियों को उजाड़ने पर आमादा है. एचईसी प्रबंधन की ओर से जिन बस्ती वासियों को नोटिस दिया गया है,उनमें बाइपास,सुंदरनगर,जगन्नाथपुर,न्यू कॉलोनी,सेक्टर-1 मार्केट,गायत्री नगर,पटेल नगर,मामा नगर समेत कुल 32 बस्ती शामिल हैं.
रांची से राजेश पाठक की रिपोर्ट-





