साइबर फ्राड का खुलासा : फर्जी प्रधानमंत्री मुद्रा लोन के नाम पर ठगी,विज्ञापन देकर बनाते थे शिकार,9 गिरफ्तार
पटना: बिहार साइबर अपराध एवं सुरक्षा इकाई और साइबर थाना पटना ने फर्जी प्रधानमंत्री मुद्रा लोन के नाम पर देशभर के लोगों से साइबर ठगी करने वाले संगठित गिरोह का खुलासा किया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए गिरोह के नौ सदस्यों को गिरफ्तार किया है। कार्रवाई की शुरुआत NCRP पोर्टल समेत अन्य माध्यमों से मिली शिकायतों के तकनीकी विश्लेषण के आधार पर हुई।
जांच में सामने आया कि गिरोह पटना के कंकड़बाग क्षेत्र से प्रधानमंत्री मुद्रा लोन समेत विभिन्न सरकारी योजनाओं के नाम पर फर्जी फेसबुक पेज और सोशल मीडिया विज्ञापन संचालित कर रहा था। आरोपी सोशल मीडिया विज्ञापनों के जरिए लोन लेने के इच्छुक लोगों का डेटा जुटाते थे। इसके बाद फोन और व्हाट्सऐप के माध्यम से संपर्क कर फर्जी लोन अप्रूवल लेटर भेजते थे।
पीड़ितों से GST, प्रोसेसिंग फीस, अप्रूवल चार्ज और अन्य शुल्क के नाम पर रकम मांगी जाती थी। QR Code, UPI और CIBIL स्कोर बढ़ाने के नाम पर भी बैंक खातों में पैसे जमा कराए जाते थे।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 14 मोबाइल, छह कीपैड मोबाइल, एक लैपटॉप, 13 ATM कार्ड, पासबुक, तीन सिम कार्ड और कई नोटबुक और दस्तावेज बरामद किए हैं। तकनीकी जांच में बरामद बैंक खातों और मोबाइल नंबरों का NCRP पर दर्ज साइबर ठगी की 12 शिकायतों से सीधा संबंध मिला।
गिरफ्तार आरोपियों में जितु राज, कादम हर्षवर्धन, गोरंटला अरुण साई, आकाश कुमार, कस्तूरी हरिश, कोटा शाथुन, गंगुला सूर्यप्रकाश, राहुल कुमार और रौशन कुमार शामिल हैं। गिरोह के सरगना समेत अन्य फरार आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस कार्रवाई कर रही है।
बिहार से वरिष्ठ संवाददाता संजय कुमार की रिपोर्ट





