बोधगया : पर्यटकों का पसरा सन्नाटा,ईरान–इजराइल युद्ध के कारण फ्लाइट कैंसिल का पड़ा असर
बोधगया:अंतरराष्ट्रीय पर्यटक स्थल महाबोधि मंदिर समेत बोधगया के अन्य मंदिरों में इन दिनों सन्नाटा पसरा हुआ है. विदेशी और देशी पर्यटकों से गुलजार रहने वाला यह क्षेत्र अब सुना नजर आ रहा है, जिसका सीधा असर स्थानीय कारोबार पर पड़ रहा है. ईरान–इजराइल संघर्ष के कारण कई विदेशी पर्यटकों की फ्लाइट कैंसिल हो गई है.
होटल, गेस्ट हाउस, ट्रैवल एजेंसियों से लेकर फुटपाथ दुकानदारों तक सभी की आय पर गहरा असर पड़ा है. कारोबारियों का कहना है कि हर साल अक्टूबर से मार्च तक पर्यटकों की अच्छी आमद रहती थी, लेकिन इस बार पूरा सीजन फ्लॉप साबित हुआ.
स्थानीय लोगों के मुताबिक, इस बार अंतरराष्ट्रीय परिस्थितियों का भी बड़ा असर पड़ा है.हवाई किराए में भारी बढ़ोतरी होने से भी पर्यटक बोधगया आने से बच रहे हैं. जिन लोगों ने पहले से होटल बुकिंग कराई थी, उन्होंने भी रद्द कर दी है.
अब 1 मई को बुद्ध पूर्णिमा (बुद्ध जयंती) का बड़ा आयोजन होना है, जिससे कुछ उम्मीदें जरूर हैं, लेकिन कारोबारियों को आशंका है कि अगर हालात ऐसे ही रहे तो इस महत्वपूर्ण अवसर पर भी अपेक्षित भीड़ नहीं जुट पाएगी.
कारोबारियों का कहना है कि लगातार गिरते व्यवसायी से उनके सामने आर्थिक संकट खड़ा हो गया है. कई लोगों के लिए घर-परिवार चलाना मुश्किल हो गया है.
बोधगया, जो विश्व शांति और आध्यात्मिक पर्यटन का केंद्र माना जाता है,वहां इस तरह की स्थिति ने स्थानीय अर्थव्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं. अब सभी की निगाहें आने वाले बुद्ध जयंती समारोह पर टिकी हैं, जिससे कुछ राहत मिलने की उम्मीद की जा रही है.





