BIHAR NEWS : नीतीश के इस्तीफे से गांव में मायूसी, बोले ग्रामीण – सुशासन खत्म हो जाएगा
नालंदा: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने सोमवार को अपने एमएलसी पद से इस्तीफा दे दिया है. उनके इस फैसले के बाद उनके गृह क्षेत्र नालंदा जिले के कल्याण विगहा गांव में सन्नाटा पसर गया है. गांव में मायूसी का माहौल है और लोग इस फैसले से काफी भावुक नजर आ रहे हैं.
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ लंबे समय से जुड़े कल्याण विगहा के ग्रामीणों का कहना है कि अगर नीतीश कुमार मुख्यमंत्री पद पर नहीं रहेंगे,तो बिहार में सुशासन की जगह कुशासन हावी हो जाएगा. ग्रामीणों का मानना है कि बिहार को सही दिशा देने वाला अगर कोई नेता है,तो वह सिर्फ नीतीश कुमार ही हैं.
ग्रामीणों ने कहा कि उनके नेतृत्व में ही बिहार में बिजली,पानी,सड़क और कानून-व्यवस्था में लगातार सुधार हुआ है. उनका दावा है कि नीतीश कुमार के हटने के बाद राज्य में विकास की रफ्तार थम सकती है और भ्रष्टाचार व अपराध बढ़ सकते हैं.
इतना ही नहीं,ग्रामीणों ने भारतीय जनता पार्टी पर भी सवाल उठाते हुए कहा कि वह भी नीतीश कुमार जैसी छवि और सुशासन कायम नहीं रख पाएगी. ग्रामीणों का कहना है कि नीतीश कुमार जैसा ईमानदार और सरल नेता कोई नहीं है. अगर वो नहीं रहेंगे तो बिहार में हालात बिगड़ जाएंगे.
ग्रामीणों ने यह भी मांग उठाई कि नीतीश कुमार के बाद उनके पुत्र निशांत कुमार को ही बिहार की कमान सौंपी जानी चाहिए. उनका कहना है कि निशांत कुमार ही अपने पिता की विरासत को आगे बढ़ा सकते हैं.
नीतीश कुमार के इस्तीफे ने जहां बिहार की राजनीति में हलचल मचा दी है,वहीं उनके गांव में छाई यह मायूसी बताती है कि आज भी जमीनी स्तर पर उनकी पकड़ और लोकप्रियता कितनी मजबूत है. ग्रामीणों ने एक स्वर में कहा–सुशासन मतलब नीतीश,विकास मतलब नीतीश,ईमानदारी मतलब नीतीश कुमार.
संजय कुमार की रिपोर्ट--





