BIHAR NEWS : दिल्ली के जंतर मंतर पर पुलिसिया दमन के खिलाफ भाकपा माले ने किया प्रदर्शन
पटना: भाकपा माले के राज्य सचिव कुणाल ने कहा कि पेपर लीक, शिक्षा और परीक्षा व्यवस्था में भ्रष्टाचार के खिलाफ धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर भूख हड़ताल कर रहे सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक को जंतर मंतर से जबरन हटाना और उनका अनशन तुड़वाने की पुलिस द्वारा कोशिश निंदनीय हैऔर यह सरकार का तानाशाही भरा रवैया है. अनशन पर बैठे आइसा की राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा के साथ भी पुलिस ने बदसलूकी किया और जबरन उठाने और भूख हड़ताल तुड़वाने की कोशिश की. सोनम वांगचुक को हटाने पहुंची दिल्ली पुलिस ने आंदोलनकारियों के साथ भी धक्कामुक्की किया है.
केंद्र सरकार बातचीत करने और मांग सुनने की बजाय दमन का रास्ता अख्तियार किया है. भाकपा माले सरकार के इस तानाशाही भरे रवैये की निंदा करती है. सरकार छात्रों के इस आंदोलन की मांग सुने और पेपर लीक, परीक्षा और शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार पर जवाबदेही ले.
सोनम वांगचुक के पुलिस द्वारा जबरन अस्पताल में भर्ती किए जाने के बाद भूख हड़ताल जारी है और आइसा राष्ट्रीय अध्यक्ष नेहा, आइसा नेता मनीष, अमीन और भूख हड़ताल पर बैठे हैं और आंदोलन को आगे बढ़ा रहे हैं. छात्र नौजवानों का यह आंदोलन पुलिसिया दमन के बाद भी नहीं खत्म होने वाला.
सोनम वांगचुक एवं भूख हड़ताल पर बैठे आइसा नेताओं पर पुलिसिया दमन के खिलाफ आरा जगदीशपुर सहित कई अन्य जिलों में आइसा आरवाईए एवं भाकपा माले ने प्रदर्शन किया है.
20 जुलाई को बिहार भर में जंतर मंतर पर पेपर लीक के खिलाफ चल रहे इस आंदोलन के समर्थन में आइसा आरवाईए एवं भाकपा माले ने प्रदर्शन का आह्वान किया है.
पटना से अंकिता की रिपोर्ट--





