BIG NEWS : रोहतास में 12 साल बाद मृत महिला जिंदा पहुंची अदालत में, झूठे हत्या के केस में कई महीनों तक पति रहा सलाखों के भीतर
रोहतास : जिले के डिहरी मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बालरतीबीघा गांव से हैरान करने वाला एक मामला सामने आया है. पुलिस चूक से पत्नी की झूठी हत्या के आरोप में पति को सलाखों के पीछे रहना पड़ गया.
व्यवहार न्यायालय के वरीय अधिवक्ता शाहनवाज अहमद ने बताया कि औरंगाबाद जिले के फेसर थाना क्षेत्र के पिरोता गांव की हजारी वर्मा की पुत्री शकुंतला देवी की शादी वर्ष 2002 में डिहरी मुफस्सिल थाना क्षेत्र के बालरती बीघा निवासी दिलीप मेहता के पुत्र अरुण मेहता से हुई थी. इसी बीच 2014 में शकुंतला देवी के परिजनों ने पति सास-ससुर देवर गोतनी समेत ससुराल पक्ष के 8 लोगों पर दहेज को लेकर प्रताड़ित करने का डिहरी नगर थाना में केस दर्ज कराई थी.
इसी बीच सासाराम में मुफस्सिल थाना के खंडा गांव के समीप एक अज्ञात महिला की लाश मिलती है, जिसकी पहचान शकुंतला देवी के परिजनों द्वारा शकुंतला देवी के रूप में की जाती है.
पुलिस ने उक्त अज्ञात महिला की शव की पोस्टमार्टम भी कराकर बाद में दहेज हत्या के तहत पुलिस मामला दर्ज कर शकुंतला देवी के पति अरूण मेहता को सलाखों के अंदर धकेल दिया. हैरान करने वाली बात यह है कि पुलिस ने मामले की जांच के बाद सत्य पाते हुए आरोप पत्र भी समर्पित कर दिया.
चौंकाने वाली बात यह है कि हत्या के झूठे केस से बचने के लिए शकुंतला देवी के ससुराल पक्ष ने चल अचल संपत्ति बेच डाला और समझौता के आधार पर वर्ष 2018 में केस समाप्त हो गया. शंकुतला देवी के ससुर दिलीप मेहता तथा देवर गोबिंद कुमार ने बताया कि शंकुतला देवी ने नाम पता बदलकर झारखंड राज्य के कांडी थाना क्षेत्र के लाभाली कला गांव में रह रही थी. शकुंतला देवी के ससुराल पक्ष के लोगों की इसकी भनक लगा तो पहले तो सत्यापन किया. लेकिन तब भी भय से वह पुलिस में शिकायत भी करने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे थे.
बाद में उन्होंने रोहतास एसपी से इसकी शिकायत की तब पुलिस की नींद खुली.
पुलिस ने झारखंड पहुंचकर महिला को कब्जे में लिया.
पुलिस की कब्जे में आने के बाद भी महिला बरगलाती रही.
पुलिस सख्ती से पेश आई तो सारा राज खुल गया.
इसके बाद पुलिस ने महिला को सासाराम कोर्ट लेकर पहुंची जहां केस समाप्त होने की बात पर लौटा दिया गया,फिर पुलिस डिहरी अनुमंडल कोर्ट भी पहुंची जहां पुलिस की अगली कार्रवाई जारी है. लेकिन चौंकाने वाली बात यह है कि जिस अज्ञात महिला की शकुंतला देवी बात कह कर पोस्टमार्टम कराया गया अब उसका अनुसंधान कैसे होगा. पत्नी की हत्या में चल अचल संपत्ति बेचते हुए सलाखों के पीछे रहे पति को न्याय कैसे मिलेगा.
इस मामले में रोहतास एसपी मिस्टर राज ने बताया कि मामले की जानकारी है पुनः केस के माध्यम से कानूनी कार्रवाई की जाएगी.
रोहतास से दया नन्द तिवारी की रिपोर्ट--





