राष्ट्रीय मतदाता दिवस : राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू होंगी मुख्य अतिथि, 'सर्वश्रेष्ठ चुनावी अभ्यास पुरस्कार' करेंगी प्रदान
नई दिल्ली:भारत निर्वाचन आयोग (ECI) कल नई दिल्ली में 16वां राष्ट्रीय मतदाता दिवस मनाने के लिए पूरी तरह से तैयार है. इस वर्ष के कार्यक्रम का थीम “My India, My Vote” है, जिसकी टैगलाइन “Citizen at the Heart of Indian Democracy” रखी गई है.
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगी. केंद्रीय विधि एवं न्याय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार), अर्जुन राम मेघवाल विशिष्ट अतिथि के रूप में कार्यक्रम की शोभा बढ़ाएंगे. वहीं, मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार, चुनाव आयुक्तों डॉ.सुखबीर सिंह संधू और डॉ. विवेक जोशी के साथ इस कार्यक्रम का नेतृत्व करेंगे.
परंपरा के अनुसार, राष्ट्रपति समारोह को संबोधित करेंगी और नए पंजीकृत युवा मतदाताओं को निर्वाचन फोटो पहचान पत्र (EPIC) सौंपेंगी. राष्ट्रपति विभिन्न श्रेणियों में 'सर्वश्रेष्ठ चुनावी अभ्यास पुरस्कार' भी प्रदान करेंगी. जिनमें तकनीक का प्रभावी उपयोग, चुनाव प्रबंधन और रसद (लॉजिस्टिक्स), अभिनव मतदाता जागरूकता, आदर्श आचार संहिता का कार्यान्वयन और प्रवर्तन, प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण के साथ-साथ मीडिया के लिए विशेष पुरस्कार शामिल हैं.
NVD-2026 के अवसर पर दो प्रकाशनों का विमोचन भी किया जाएगा– '2025: ए ईयर ऑफ इनिशिएटिव्स एंड इनोवेशन' और ‘चुनाव का पर्व, बिहार का गर्व’ (बिहार में आम चुनावों के सफल संचालन पर आधारित एक प्रकाशन). इस अवसर पर चुनावी प्रबंधन और लोकतांत्रिक विकास में भारत निर्वाचन आयोग के वैश्विक नेतृत्व को दर्शाने वाला एक वीडियो भी प्रदर्शित किया जाएगा.
कार्यक्रम में एक समर्पित प्रदर्शनी भी लगाई जाएगी. जिसमें मतदाता सूची तैयार करने और चुनाव संचालन सहित चुनावों के विभिन्न पहलुओं को प्रदर्शित किया जाएगा. यह प्रदर्शनी मतदाताओं के लाभ के लिए आयोग द्वारा हाल ही में की गई पहलों और 2025 के बिहार विधानसभा चुनावों के सफल संचालन पर भी प्रकाश डालेगी.
राष्ट्रीय मतदाता दिवस का उत्सव देशभर में राज्य और जिला स्तरों पर क्रमशः मुख्य निर्वाचन अधिकारियों (CEOs) और जिला निर्वाचन अधिकारियों (DEOs) के कार्यालयों के माध्यम से एक साथ आयोजित किया जाता है. बूथ स्तर के अधिकारी (BLOs) भी अपने संबंधित मतदान केंद्रों पर कार्यक्रम आयोजित करेंगे. जहां वे नए पंजीकृत मतदाताओं का अभिनंदन करेंगे और उन्हें पहचान पत्र (EPIC) सौंपेंगे.





