JHARKHAND NEWS : JSSC पेपर लीक कांड: परीक्षा एजेंसी का निदेशक गिरफ्तार, पटना में अभ्यर्थियों को रटवाए गए थे प्रश्नोत्तर
बहुचर्चित JSSC कनीय अभियंता (JE) परीक्षा 2022 पेपर लीक मामले में झारखंड पुलिस की एसआईटी (SIT) को एक और बहुत बड़ी सफलता मिली है।जांच एजेंसी ने इस मामले में परीक्षा संचालन करने वाली एजेंसी के मुख्य निदेशक को गिरफ्तार कर लिया है। झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (JSSC) की 2022 कनीय अभियंता परीक्षा पेपर लीक मामले में एसआईटी ने बड़ी कार्रवाई करते हुए परीक्षा संचालन एजेंसी 'बाइसिस टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड' (Bynsis Technology Pvt. Ltd.) के निदेशक अरुण कुमार को मुंबई से गिरफ्तार किया है। गिरफ्तारी के बाद आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर झारखंड लाया गया और कानूनी प्रक्रिया पूरी करने के बाद 10 अगस्त 2026 को उसे न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है।
एसआईटी की जांच में यह बात सामने आई है कि परीक्षा आयोजित कराने वाली एजेंसी की इस पूरे लीक कांड में सीधी संलिप्तता थी। जांच के दौरान यह भी खुलासा हुआ कि परीक्षा से ठीक पहले पटना में अभ्यर्थियों को होटल और अन्य ठिकानों पर बिठाकर प्रश्न और उत्तर रटवाए गए थे।राज्य में कुल 1279 पदों के लिए यह परीक्षा 3 जुलाई 2022 को आयोजित की गई थी। लेकिन परीक्षा शुरू होने से पहले ही सोशल मीडिया पर इसकी उत्तरमाला (Answer Key) तेजी से वायरल हो गई थी।मामले तूल पकड़ने और भारी विरोध के बाद JSSC को आखिरकार यह परीक्षा रद्द करनी पड़ी थी। इस पेपर लीक ने राज्य के हजारों मेधावी और योग्य अभ्यर्थियों के भविष्य पर एक बड़ा सवालिया निशान लगा दिया था, जिसके बाद से लगातार उच्चस्तरीय जांच की मांग की जा रही थी। इस हाई-प्रोफाइल मामले में पुलिस पहले ही 5 अन्य आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। अब एजेंसी के निदेशक की गिरफ्तारी के बाद इस पूरे रैकेट के अन्य चेहरों और मास्टरमाइंड तक पहुंचने का रास्ता साफ होता दिख रहा है।एसआईटी के अधिकारियों का कहना है कि मामले में जो भी अन्य आरोपी अभी भी फरार चल रहे हैं, उनकी गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है।झारखंड के युवाओं की उम्मीदों से जुड़े इस भ्रष्टाचार के मामले में अब देखना यह होगा कि एसआईटी की यह कार्रवाई कब तक इस सिंडिकेट का पूरी तरह से सफाया करती है।





