झारखंड में परिसीमन पर छिड़ी जंग : कांग्रेस का विरोध जारी,कहा-आरक्षित वर्ग की सीट पर पड़ेगा असर
रांची:झारखंड में परिसीमन (Delimitation) को लेकर एक बार फिर भारी राजनीतिक और सामाजिक बहस छिड़ गई है.आदिवासी संगठनों को आशंका है कि परिसीमन से राज्य में आदिवासियों के लिए आरक्षित (ST) विधानसभा की 6 और लोकसभा की 1 सीट घट सकती है.
वहीं,कांग्रेस का कहना है कि पूर्व पीएम मनमोहन सिंह की सरकार के समय भी राज्य में परिसीमन की प्रक्रिया शुरू हुई थी, लेकिन राज्य के सभी सांसद और विधायकों के विरोध के बाद यह प्रक्रिया रुक गई थी. पार्टी का कहना है कि हम परिसीमन के विरोध में नहीं है, लेकिन परिसीमन से आरक्षित सीटों पर असर नहीं पड़े इसका ध्यान केंद्र सरकार को रखने की जरूरत है.
बीजेपी की सरकार जिस तरह से असम में SIR के जरिए एक विशेष वर्ग को टारगेट करते हुए उसे मुख्यधारा से अलग कर दी और उसका लाभ चुनाव में बीजेपी को मिला. वैसा ही राज्य में भी करने की तैयारी परिसीमन के माध्यम से है. जिसका हम लोग विरोध कर रहे हैं. जबकि,केंद्र सरकार को सभी विपक्षी दलों के साथ बातचीत कर इसका रास्ता निकलना चाहिए. जिससे की आरक्षित वर्ग की सीट पर किसी तरह का कोई असर नहीं पड़े.





