BIHAR NEWS : इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट एंड एक्सपो 2026 में ‘बिहार पवेलियन’ बना निवेश का नया केंद्र

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नई दिल्ली/पटना : इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट एंड एक्सपो 2026 में इस बार बिहार पवेलियन निवेशकों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनकर उभरा है. बिहार में तेजी से विकसित हो रहे डेटा सेंटर, स्किल्ड मैनपावर और कम लागत वाले संचालन ढांचे ने टेक कंपनियों के लिए बिहार ने एक उपयुक्त गंतव्य के रूप में अपनी पहचान कर उभरा है.

दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित इस अंतरराष्ट्रीय आयोजन में बिहार सरकार ने राज्य की एआई आधारित नीतियों, स्टार्टअप इकोसिस्टम और निवेश के अवसरों को प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया है. देश-विदेश से आए निवेशकों ने बिहार के डिजिटल इन्फ्रास्ट्रक्चर, स्किल डेवलपमेंट मॉडल और उभरते टेक सेक्टर में अपनी गहरी रुचि दिखाई है.

केंद्रीय जल शक्ति राज्यमंत्री डॉ. राजभूषण चौधरी ने एक्सपो के अंतिम दिन शुक्रवार को बिहार पवेलियन का दौरा कर विभिन्न स्टार्टअप्स और टेक कंपनियों के प्रतिनिधियों से मुलाकात की और निवेश की संभावनाओं पर चर्चा की. इस दौरान उन्होंने कहा कि बिहार अब पारंपरिक विकास मॉडल से आगे बढ़कर टेक्नोलॉजी आधारित विकास की ओर अग्रसर है. आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के माध्यम से जल प्रबंधन,कृषि उत्पादकता और शहरी सेवाओं को अधिक प्रभावी बनाया जा सकता है. निवेशकों के लिए बिहार एक सुरक्षित,संभावनाओं से भरा और तेजी से उभरता हुआ राज्य है. उन्होंने यह भी कहा कि राज्य सरकार उद्योगों को आवश्यक आधारभूत संरचना,सिंगल विंडो क्लीयरेंस और नीति आधारित प्रोत्साहन उपलब्ध करा रही है,ताकि निवेश प्रक्रिया सरल और पारदर्शी हो.

निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी

समिट के दौरान कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय कंपनियों ने बिहार में एआई आधारित प्रोजेक्ट्स स्थापित करने में अपनी गहरी रुचि दिखाई है. विशेष रूप से एग्री-टेक,हेल्थ-टेक,स्मार्ट वाटर मैनेजमेंट और एजुकेशन टेक्नोलॉजी सेक्टर में बिहार में बड़ी संभावना देखी जा रही है. बिहार पवेलियन में प्रदर्शित प्रेजेंटेशन और लाइव डेमो ने निवेशकों को प्रभावित किया है. टाइगर एनालिटिक्स के सीईओ और फाउंडर महेश कुमार ने कहा कि बिहार के सेंटर ऑफ एक्सीलेंस को लेकर हमारी कंपनी ने रुचि दिखाई है. यह राज्य के युवाओं के लिए गेम-चेंजर साबित होगा. अगर सरकार हमें सपोर्ट करेगी तो हमारा उद्देश्य इंडस्ट्री-ओरिएंटेड ट्रेनिंग के माध्यम से छात्रों को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डेटा एनालिटिक्स में वैश्विक स्तर की स्किल उपलब्ध कराया जाएगा,ताकि वे न सिर्फ रोजगार के योग्य बन सकें,बल्कि इनोवेशन के अग्रदूत भी बनें. बिहार सरकार के मद्य निषेध,उत्पाद एवं निबंधन विभाग के सचिव अजय यादव ने कहा कि बिहार में तेजी से बढ़ रहा स्टार्टअप इकोसिस्टम और युवाओं की बड़ी आबादी टेक सेक्टर के लिए मजबूत आधार तैयार कर रही है. राज्य सरकार का लक्ष्य एआई को प्रशासनिक प्रक्रियाओं में शामिल कर पारदर्शिता और दक्षता बढ़ाना है,जिससे निवेशकों का विश्वास और मजबूत हो.

रोजगार और आर्थिक विकास पर फोकस

बिहार सरकार के ऊर्जा विभाग के सचिव मनोज कुमार सिंह ने कहा कि एआई और नई तकनीक में निवेश से राज्य में बड़े पैमाने पर रोजगार का सृजन होगा. स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम और टेक्निकल संस्थानों के सहयोग से स्थानीय युवाओं को प्रशिक्षित कर उद्योगों की जरूरतों के अनुरूप तैयार किया जा सकेगा. बिहार पवेलियन की इस सक्रिय भागीदारी ने स्पष्ट संकेत दिया है कि बिहार अब टेक्नोलॉजी और इनोवेशन के माध्यम से आर्थिक परिवर्तन की नई कहानी लिखने को तैयार है. समिट में बिहार ने निवेशकों को यह संदेश दे दिया है कि आने वाले वर्षों में एआई के क्षेत्र में बिहार देश के अग्रणी राज्यों में शामिल होगा.