बिहार में किसानों को डीजल अनुदान : सिंचाई के लिए मिलेगा 750 से 2250 रुपये तक लाभ
पटना: बिहार सरकार ने खरीफ फसलों की सिंचाई के लिए किसानों को डीजल अनुदान देने की व्यवस्था की है। डीजल पंपसेट से सिंचाई करने वाले किसानों को प्रति एकड़ प्रति सिंचाई 750 रुपये की दर से अनुदान दिया जाएगा। इस योजना का लाभ रैयत और गैर-रैयत दोनों श्रेणी के किसानों को मिलेगा।
सरकार के प्रावधान के अनुसार धान के बिचड़े और जूट की फसल की अधिकतम दो सिंचाई के लिए किसानों को 1500 रुपये प्रति एकड़ तक डीजल अनुदान दिया जाएगा। वहीं धान, मक्का और अन्य खरीफ फसलों के साथ दलहनी, तेलहनी, मौसमी सब्जी, औषधीय और सुगंधित पौधों की अधिकतम तीन सिंचाई के लिए 2250 रुपये प्रति एकड़ तक अनुदान का प्रावधान है।
योजना के तहत एक किसान को अधिकतम आठ एकड़ क्षेत्र के लिए अनुदान दिया जाएगा। एक परिवार में केवल एक सदस्य को ही डीजल अनुदान का लाभ मिलेगा। सरकार का उद्देश्य खरीफ मौसम में पर्याप्त सिंचाई की सुविधा उपलब्ध कराना और डीजल से सिंचाई पर किसानों की लागत का कुछ हिस्सा कम करना है।
डीजल अनुदान के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। किसानों को योजना का लाभ लेने के लिए निर्धारित प्रक्रिया के तहत आवेदन करना होगा। आवेदन के दौरान डीजल खरीद से संबंधित जरूरी दस्तावेज और निर्धारित प्रमाण उपलब्ध कराने होंगे।
सरकार की इस पहल से उन किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है, जो बारिश की कमी या अनियमित मानसून के कारण डीजल पंपसेट से खेतों की सिंचाई करते हैं। खासकर धान, मक्का, जूट और अन्य खरीफ फसलों की सिंचाई में इसका लाभ मिलने की संभावना है।
कृषि विभाग की ओर से किसानों से अपील की गई है कि वे पात्रता और जरूरी दस्तावेजों की जानकारी लेकर समय पर डीजल अनुदान के लिए आवेदन करें।
बिहार से वरिष्ठ संवाददाता संजय कुमार की रिपोर्ट





