JHARKHAND NEWS : कोयला मंत्रालय द्वारा CCL मुख्यालय में राजभाषा हिन्दी कार्यान्वयन की हुई व्यापक समीक्षा
रांची: कोयला मंत्रालय,भारत सरकार के उच्चस्तरीय निरीक्षण दल द्वारा सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) के रांची स्थित मुख्यालय में राजभाषा हिन्दी के कार्यान्वयन एवं प्रगामी प्रयोग की व्यापक समीक्षा की गई. यह निरीक्षण डॉ. माणिक चंद्र पंडित,आर्थिक सलाहकार एवं राजभाषा प्रभारी,कोयला मंत्रालय की अध्यक्षता में संपन्न हुआ.
निरीक्षण दल में मंत्रालय के सहायक निदेशक (राजभाषा) विशाल तथा वरिष्ठ प्रबंधक (हिंदी) दिलीप कुमार सिंह भी शामिल थे. दल ने सीसीएल मुख्यालय के विभिन्न विभागों एवं क्षेत्रीय कार्यालयों में हिन्दी के प्रयोग,राजभाषा नीति के अनुपालन तथा हिन्दी के प्रोत्साहन हेतु किए जा रहे प्रयासों का गहन अवलोकन किया.
इस अवसर पर सीसीएल के निदेशक (मानव संसाधन ) हर्ष नाथ मिश्र सहित कंपनी के वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति में राजभाषा कार्यान्वयन से संबंधित एक विस्तृत प्रस्तुतीकरण दिया गया. प्रस्तुतीकरण में प्रशासनिक,तकनीकी तथा डिजिटल कार्यों में हिन्दी के बढ़ते उपयोग,राजभाषा प्रशिक्षण कार्यक्रमों,कार्यशालाओं एवं जनसंपर्क माध्यमों में हिन्दी के प्रभावी प्रयोग की जानकारी साझा की गई.
मंत्रालय के अधिकारियों विशाल एवं दिलीप कुमार सिंह ने सीसीएल द्वारा राजभाषा नीति के प्रभावी क्रियान्वयन की सराहना करते हुए कहा कि कंपनी ने हिन्दी के प्रगामी प्रयोग को संस्थागत रूप देने की दिशा में उल्लेखनीय कार्य किया है. उन्होंने विशेष रूप से इस बात पर संतोष व्यक्त किया कि सीसीएल प्रशासनिक कार्यों के साथ-साथ तकनीकी एवं डिजिटल प्लेटफॉर्म्स पर भी हिन्दी को प्राथमिकता दे रही है.
बैठक के दौरान हिन्दी संवर्ग के रिक्त पदों को भरने की कार्ययोजना,अधिकारियों एवं कर्मचारियों के लिए राजभाषा प्रशिक्षण कार्यक्रमों के विस्तार तथा आगामी संसदीय राजभाषा समिति के निरीक्षण की तैयारियों पर भी विस्तार से चर्चा की गई.
निरीक्षण दल ने सीसीएल मुख्यालय के साथ-साथ रजरप्पा,बोकारो एवं करगली,कथारा तथा ढोरी क्षेत्रों में राजभाषा कार्यों की समीक्षा की. डॉ. माणिक चंद्र पंडित ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि हिन्दी के प्रयोग को और अधिक सरल,व्यवहारिक एवं जनसुलभ बनाने के लिए निरंतर नवाचार किए जाने चाहिए. उन्होंने कहा कि राजभाषा का प्रभावी क्रियान्वयन केवल औपचारिकता नहीं,बल्कि प्रशासनिक दक्षता और जनसंपर्क को सशक्त बनाने का माध्यम है.
कंपनी द्वारा प्रस्तुत आंकड़ों के अनुसार,वित्त वर्ष2025-26में राजभाषा प्रशिक्षण एवं कार्यशालाओं के क्षेत्र में सीसीएल ने उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है. निर्धारित18कार्यशालाओं के लक्ष्य से अधिक19कार्यशालाओं का आयोजन किया गया,जो105प्रतिशत उपलब्धि को दर्शाता है. इसके अतिरिक्त,निरीक्षण दल ने सीसी एव पीआर विभाग द्वारा प्रकाशित मासिक पत्रिका अपनी बात‘एवं वार्षिक पत्रिका“उत्कर्ष“की प्रशंसा की. इस वर्ष कंपनी के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर हिन्दी में किए गए पोस्ट्स की संख्या अंग्रेजी पोस्ट्स की तुलना में77.45प्रतिशत अधिक रही,जो हिन्दी के बढ़ते प्रयोग और जनसंपर्क में उसकी प्रभावशीलता को दर्शाता है.
डॉ. माणिक चंद्र पंडित ने सीसीएल के प्रयासों को प्रेरणादायी बताते हुए विश्वास व्यक्त किया कि कंपनी भविष्य में भी राजभाषा हिन्दी के प्रभावी कार्यान्वयन एवं संवर्धन के क्षेत्र में उत्कृष्ट मानक स्थापित करती रहेगी.





