बोकारो ट्रेजरी घोटाला : दारोगा के वेतन के नाम पर 3.15 करोड़ निकासी मामले में पुलिस विभाग के आरोपी अकाउंटेंट गिरफ्तार
बोकारो:जिला कोषागार से पुलिस विभाग के दारोगा के नाम पर वेतन मद में 3 करोड़ 15 लाख रुपये की फर्जी निकासी मामले में पुलिस ने कार्रवाई की है. बोकारो पुलिस ने पुलिस विभाग के अकाउंटेंट कौशल पांडे को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है.
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी एकाउंटेंट कौशल पांडे ने मिलीभगत से अपनी पत्नी अनु पांडे के बैंक खाते में राशि ट्रांसफर किया था. यह भी खुलासा हुआ है कि फर्जी निकासी के लिए रिटायर्ड दारोगा उपेंद्र सिंह के नाम का इस्तेमाल किया गया था.
मामले को गंभीरता से लेते हुए डीसी अजय नाथ झा ने जांच का आदेश दिया. जिसके बाद एसपी हरविंदर सिंह ने खुद जांच का कमान संभाला. एसपी कार्यालय से लेकर कोषागार में सोमवार देर रात तक जांच चलती रही. प्रारंभिक जांच के दौरान सिटी पुलिस ने सोमवार रात आरोपी अकाउंटेंट को हिरासत में लेकर सिटी थाना में सघन पूछताछ की. आरोपी के खिलाफ प्रारंभिक जांच में प्रर्याप्त साक्ष्य भी मिले, फिर तुरंत इसे गिरफ्तार करने का आदेश दिया गया.
आम तौर पर एक दारोगा को एक लाख के लगभग वेतन का भुगतान होता है, लेकिन दारोगा उपेंद्र सिंह के वेतन मद में मई 2024 से दिसंबर 2025 तक जो निकासी हुई उसके अनुसार इन्हें पंद्रह लाख रुपये से अधिक का भुगतान किया गया. मामला सामने आने के बाद सोमवार को जिले में हड़कंप मच गया था.
जांच में यह भी स्पष्ट हुआ है कि वर्तमान में कार्यरत उपेंद्र सिंह के वेतन मद से कोई निकासी नहीं हुई है, बल्कि पूरे फर्जीवाड़े के लिए रिटायर्ड दारोगा के नाम का इस्तेमाल किया गया था.
डीसी अजय नाथ झा की ओर से जारी प्रेस विज्ञप्ति में बताया गया कि इस मामले में संलिप्त अन्य व्यक्तियों की भी पहचान की जा रही है. सभी दोषियों के विरुद्ध विधिक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी. प्रशासन पारदर्शिता एवं जवाबदेही के प्रति प्रतिबद्ध है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा. उपायुक्त खुद पूरी स्थिति की निगरानी कर रहे हैं.
सूत्रों के अनुसार, इतनी बड़ी रकम की निकासी में केवल एक एकाउंटेंट की भूमिका होना संदिग्ध माना जा रहा है.





