JHARKHAND NEWS : लगातार बारिश से जनजीवन अस्त-व्यस्त, खरकाई नदी खतरे के निशान से ऊपर
सरायकेला जिले में पिछले 48 घंटे से हो रही मूसलाधार बारिश से जनजीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है। नदियों और जलाशयों का जलस्तर तेजी से बढ़ने से निचले इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं।खरकाई नदी उफान पर, 3 बस्तियां जलमग्न ,में खरकाई नदी खतरे के निशान 129 मीटर को पार कर गई है। आदित्यपुर ब्रिज के पास नदी का पानी बढ़ने से रामबड़िया बस्ती, भाटिया बस्ती और हरिओमनगर के निचले इलाकों में कई घरों में पानी घुस गया है। प्रशासन ने नदी किनारे रहने वाले परिवारों को सुरक्षित स्थानों पर शिफ्ट करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। राहत दल, नाव और लाइफ जैकेट तैनात किए गए हैं।
गंजिया बैराज पर नजर, जलस्तर में थोड़ी कमी
वहीं गंजिया बैराज में बुधवार रात करीब 2 बजे पानी का बहाव 140 मीटर तक पहुंच गया था। रात में बारिश थमने के बाद सुबह जलस्तर घटकर 137 मीटर पर आ गया है। इससे फिलहाल बाढ़ का खतरा कुछ कम हुआ है। लेकिन आसमान में बादल और हल्की बूंदाबांदी जारी रहने के कारण प्रशासन ने लापरवाही न बरतने का निर्देश दिया है।100 फीट तक निषेधाज्ञा, बांधों से खतरा खरकाई नदी के बढ़ते जलस्तर और गंजिया बैराज के दबाव को देखते हुए जिला प्रशासन और पुलिस अलर्ट मोड पर है। नदी से 100 फीट के दायरे में निषेधाज्ञा लागू कर लोगों को नदी के पास जाने से रोका गया है।प्रशासन के अनुसार, ओडिशा में बैंकबल और खरकई बांध के स्लुइस गेट खुलने से खरकाई नदी का जलस्तर और बढ़ सकता है। इससे नदी किनारे रहने वाले लोगों की चिंता बढ़ गई है।उपायुक्त के निर्देश सभी सीओ और नगर निगम अधिकारियों को डूब क्षेत्र के लोगों को चिन्हित कर जरूरत पड़ने पर आश्रय गृह भेजने का आदेश दिया है। राहत सामग्री, मेडिकल किट और बचाव दल को स्टैंडबाय रखा गया है।
लगातार बारिश से जिले के कई हिस्सों में बिजली आपूर्ति भी बाधित हुई है।
प्रशासन की अपील जिला प्रशासन ने लोगों से अपील की है:
1. नदी और जलभराव वाले इलाकों से दूर रहें
2. बच्चों को नदी के पास न जाने दें
3. अफवाहों पर ध्यान न दें और आधिकारिक सूचना का ही पालन करें,फिलहाल मौसम साफ न होने के कारण प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है। अगर बारिश फिर तेज हुई तो जलस्तर दोबारा बढ़ सकता है।