BIG BREAKING : 29 साल पुराने अलकतरा घोटाले में कोर्ट का बड़ा फैसला, 4 दोषी करार, साक्ष्य के अभाव में 3 बरी
रांची : बड़ी खबर राजधानी रांची से आ रही है. 29 साल पुराने अलकतरा घोटाला मामले में सीबीआई की विशेष अदालत ने 4 अभियुक्तों को दोषी करार देते हुए उन्हें तीन-तीन साल की सजा सुनाई है. इसके साथ ही सभी दोषियों पर जुर्माना भी लगाया गया है. वहीं तीन अभियुक्तों को साक्ष्य के अभाव में रिहा कर दिया गया है. यह फैसला सीबीआई के विशेष न्यायाधीश की अदालत ने सुनाया है. 1997 से चल रहे ट्रायल के दौरान दो आरोपियों की मौत हो चुकी है. मामले में 9 आरोपी बनाए गए थे. मामले में हाईकोर्ट के आदेश पर CBI ने केस नंबर 12/97 दर्ज किया था.
इस बहुचर्चित मामले की सुनवाई लंबे समय से चल रही थी और आखिरकार लंबे समय के बाद इस पर न्यायिक निर्णय आया है.
सीबीआई की ओर से विशेष लोक अभियोजक खुशबू जायसवाल ने अदालत में पक्ष रखा. अभियोजन पक्ष ने मामले को साबित करने के लिए 35 गवाहों की गवाही कराई और कई दस्तावेजी सबूत भी पेश किए. मामले के अनुसार अलकतरा की तीन सप्लाई ऑर्डर के जरिए घोटाला किया गया था. नियम के मुताबिक अलकतरा हल्दिया (पश्चिम बंगाल ) से एनएच बरही के लिए बरौनी होते हुए लाया जाना था. इसके लिए तीन सप्लाई ऑर्डर जारी किए गए थे, लेकिन आरोप है कि सभी में फर्जी तरीके से सप्लाई दिखाकर गड़बड़ी की गई.
जांच में सामने आया कि पहले ऑर्डर में 491 मीट्रिक टन के बजाय 431 मीट्रिक टन,दूसरे में 195 मीट्रिक टन के बजाय 146 मीट्रिक टन और तीसरे में 541 मीट्रिक टन के बजाय 505 मीट्रिक टन आपूर्ति दिखाई गई. इसके अलावा ट्रांसपोर्टर ने बरौनी में रिपोर्टिंग नहीं की और फर्जी भाड़े के बिल जमा किए. मामला सामने आने के बाद हाईकोर्ट के आदेश पर सीबीआई ने केस दर्ज किया था. अब इतने साल बाद अदालत के इस फैसले ने इस पुराने घोटाले पर कानूनी मुहर लगा दी है.