पटना HC का सख्त निर्देश : रात 10 से सुबह 6 बजे तक लाउडस्पीकर पर हो पूर्ण प्रतिबंध
Patna : पटना हाईकोर्ट ने एसएसपी,पटना को निर्देश दिया है कि वे सभी थाना प्रभारियों को ध्वनि प्रदूषण नियंत्रित करने का आदेश दें. जस्टिस राजीव रॉय ने सुरेंद्र प्रसाद द्वारा दायर जनहित याचिका की सुनवाई करते हुए ये आदेश दिया.
हाईकोर्ट ने एसएसपी,पटना को ये निर्देश दिया है कि वे राजधानी के सभी थानों के थाना प्रभारियों को यह सुनिश्चित करने के लिए आदेश जारी करें कि'ध्वनि प्रदूषण (विनियमन और नियंत्रण) नियम2000'का सख्ती से पालन किया जाए.
इस नियम के मुख्य बिंदु और उद्देश्य ध्वनि प्रदूषण के खतरे को रोकना है. इसके तहत रात10बजे से सुबह6बजे तक लाउडस्पीकर के उपयोग पर पूर्ण प्रतिबंध है.
साथ ही दूसरों को असुविधा पहुँचाने वाले संगीत या शोर पर रोक है. पटना शहर में टेम्पों और ई रिक्शा वाले बहुत तेज आवाज में भद्दे गाने बजाते हैं. इससे यात्रियों,विशेषकर महिला यात्रियों को काफी असुविधा होती है.
साथ ही रात के समय पटाखे फोड़ने पर भी पाबंदी है. इससे नागरिकों को ध्वनि प्रदूषण के कारण बहुत परेशानी होती है. इस पर सख्ती से रोक लगाने की आवश्यकता है.
इसके साथ ही निर्धारित डेसिबल सीमा से अधिक ध्वनि प्रणाली (साउंड सिस्टम) के उपयोग पर रोक है. यह शादी ब्याह,मूर्ति विसर्जन और कई अन्य अवसरों पर ऐसे साउंड सिस्टम का उपयोग होता है,जिसे सख्ती से रोकने की जरूरत है.
अब नागरिक इस तरह की शिकायत होने पर112नंबर पर डायल कर शिकायत दर्ज करा सकते हैं. सरकारी वकील प्रशांत प्रताप ने पीरबहोर,गोपालपुर,कदमकुआं और अन्य थानों की रिपोर्ट पेश करते हुए बताया कि उनके अधिकार क्षेत्र में ध्वनि प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए कदम उठाए जा रहे हैं.
डीजीपी,बिहार कार्यालय की रिपोर्ट का हवाला देते हुए उन्होंने बताया कि अब'112'डायल सेवा,जो1883वाहनों के साथ चौबीसों घंटे सक्रिय है,नागरिकों के लिए ध्वनि प्रदूषण की शिकायत दर्ज करने का एक मंच बन गई है.
कोर्ट ने112डायल व्यवस्था की प्रशंसा करते हुए कहा कि ये नगरिकों के लिए उपयोगी है. नागरिक बगैर थाना गये और अपना पहचान बताये इसका लाभ ले सकते हैं.
रात10बजे से सुबह6बजे के प्रतिबंधित समय के दौरान ध्वनि प्रदूषण को रोकने के लिए तुरंत कार्रवाई की जाएगी.
कोर्ट द्वारा नियुक्त न्यायालय मित्र वरीय अधिवक्ता अजय ने कोर्ट को बताया कि हालांकि कुछ कदम उठाए गए हैं,लेकिन कदमकुआं,पीरबहोर,रूपसपुर,बुद्धा कॉलोनी और गांधी मैदान सहित कई थानों को अभी बहुत कुछ करना बाकी है.
उन्होंने सुझाव दिया कि एसएसपी,पटना को अपने अधिकार क्षेत्र के सभी थानों में इन नियमों का सख्ती से पालन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया जाए.
वायु प्रदूषण पर चिंता व्यक्त करते हुए प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड का प्रतिनिधित्व कर रहे वरिष्ठ अधिवक्ता शिवेंद्र किशोर ने दानापुर क्षेत्र में बड़े पैमाने पर निर्माण कार्य के कारण उड़ने वाली धूल का मुद्दा उठाया.
उन्होंने बताया कि उल्लंघन करने वालों को नोटिस जारी किए गए हैं. कोर्ट ने प्रदूषण बोर्ड को पटना में वायु प्रदूषण,विशेष रूप से धूल की समस्या को नियंत्रित करने के लिए उठाए गए कदमों की विस्तृत रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है.
इस मामले पर पुनः अगली सुनवाई अगले सप्ताह की जाएगी.