निकाय चुनाव : मंत्री दीपक बिरुवा और पूर्व सीएम मधु कोड़ा आमने-सामने,प्रत्याशियों के पक्ष में दोनों की प्रतिष्ठा दांव पर
चाईबासा: नगर निकाय चुनाव को लेकर गहमा-गहमी बढ़ गई है. मंत्री दीपक बिरुवा के करीबी जेएमएम समर्थित नितिन प्रकाश और पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा के करीबी बीजेपी समर्थित रमेश खिरवाल के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है. नगर पार्षद के अध्यक्ष के रूप में बीजेपी अधिकृत प्रत्याशी रमेश खिरवाल और जेएमएम अधिकृत प्रत्याशी नितिन प्रकाश के चुनावी कार्यालय के उदघाटन कार्यक्रम में मंत्री दीपक बिरुवा और मधु कोड़ा पहुंचे थे. मंत्री दीपक बिरुवा और पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा का इस चुनाव में राजनीतिक प्रतिष्ठा दांव पर लग चुका है. अपने-अपने प्रत्याशी के पक्ष में दोनों आमने सामने हैं.इस चुनाव में दोनों नेता अपनी राजनीतिक विरासत और गढ़ को बचाने में जुट गए हैं.
मधु कोड़ा और उनकी पत्नी पूर्व सांसद गीता कोड़ा बीजेपी प्रत्याशी रमेश खिरवार के पक्ष में खुलकर चुनाव प्रचार कर रहे हैं. जगह-जगह जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं. पूरे चुनाव की मॉनीटरिंग कर रहे हैं. वहीं, मंत्री दीपक विरुवा जेएमएम समर्थित प्रत्याशी नितिन प्रकाश केपक्ष में अब तक खुलकर सामने नहीं आए है. मंत्री दीपक बिरुवा के चुनाव प्रचार का कमान संभालना और रोड शो करना नितिन प्रकाश के लिए वरदान साबित हो सकता है.
सूत्रों के अनुसार पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने अपने नजदीकी मुस्लिम प्रत्याशी फैय्याज खान को चुनाव में खड़ा करने और मदद करने की चर्चा जोरों पर है. ताकि मुस्लिम समुदाय का वोट जेएमएम प्रत्याशी को नहीं मिल सके. सूत्रों से यह भी जानकारी मिल रही है कि फैयाज खान की टीम मंत्री दीपक बिरुआ से काफी नाराज है. मुस्लिम प्रत्याशी फैय्याज खान के हाथों अंजुमन इस्लामिया की बागडोर है.
सूत्रों की माने तो बीजेपी समर्थक प्रत्याशी रमेश खिरवाल राज्य के पूर्व मंत्री एवं पूर्व नगर पर्षद अध्यक्ष मिथलेश ठाकुर के काफी नजदीकी माने जाते हैं. मधु कोड़ा का साथ मिलने से और मुस्लिम प्रत्याशी फैय्याज खान के खड़े होने पर रमेश खिरवाल को जेएमएम समर्थक प्रत्याशी नितिन प्रकाश की तुलना में मजबूत माना जा रहा है. सूत्रों के अनुसार फैयाज खान को अन्दर से मधु कोड़ा का फुल स्पोर्ट मिल रहा है. मुस्लिम वोट का बिखराव बीजेपी का मुख्य एजेंडा है. जिसे सफल बनाने के लिए बीजेपी कोई कसर नहीं छोड़ना चाहती.
पूरे शहर में चर्चा है कि फैयाज खान को मंत्री दीपक बिरुवा के करीबी जेएमएम समर्थित प्रत्याशी नितिन प्रकाश को डैमेज करने के लिए और बीजेपी प्रत्याशी को लाभ, फायदा पहुंचाने के लिए खड़ा किया गया है. इधर, फैयाज खान खुद किंग मेकर बनने की सोच रहे हैं. लेकिन, मुस्लिम समुदाय, उरांव और सलम बस्तियों का वोट पूरे चुनाव परिणाम को प्रभावित कर सकता है.
नगर पर्षद अध्यक्ष की लड़ाई सीधे तौर पर बीजेपी और जेएमएम के बीच होने जा रही है. सूत्रों के अनुसार जेएमएम के एक गुट एक विधायक सहित दीपक बिरुआ को कमजोर करने की मुहिम चला रहें हैं. सूत्रों के अनुसार जेएमएम के एक विधायक अपने व्यवसायी दोस्त द्वारा रमेश खिरवाल के समर्थन में काम करने की चर्चा हो रही है. कुल मिलाकर इस चुनाव में दीपक बिरुवा विपक्ष यानी विरोधियों के साथ साथ अपने लोगों के बीच घिरते नजर आ रहे हैं. वर्तमान में नितिन प्रकाश और रमेश खिरवाल दोनों को सभी समुदाय का समर्थन मिलते देखा जा रहा है, दोनों जमकर पसीना बहा रहे हैं. जोर शोर से जनसंपर्क अभियान चला रहे हैं. घर-घर जाकर लोगों से समर्थन मांग रहे हैं. पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा और पूर्व मंत्री मिथलेश ठाकुर के निशाने पर खड़े दीपक बिरुवा की राजनीतिक लड़ाई में कहीं नितिन प्रकाश को नुकसान पहुंचने की भी संभावना बनी हुई है.
सूत्रों के अनुसार दीपक बिरुआ द्वारा पार्टी के भीतरघात की जानकारी सीधे हेमन्त सोरेन तक पहुंचाने की सूचना मिल रही है. वहीं, मुस्लिम वोटों पर रणनीति के तहत मधु कोड़ा के साजिश को नाकाम करने में जुट गए हैं. दीपक बिरुआ अपने राजनीतिक प्रतिष्ठा और विरासत को बचाने के लिए नितिन प्रकाश की जीत दिलवाने के लिए किसी हद तक जाने की तैयारी में जुटे हुए हैं. कुल मिलाकर बीजेपी-जेएमएम दोनों पार्टी आपसी अंतरकलह और गुटबाजी से जूझ रही है।