BIHAR NEWS : पटना हाईकोर्ट ने शस्त्र लाइसेन्स से संबंधित मामले पर नाराज, पटना डीएम को 16 जून को कोर्ट में उपस्थित होने का दिया आदेश
Patna : पटना हाईकोर्ट में अधिवक्ता मणिभूषण प्रताप सेंगर द्वारा शस्त्र लाइसेन्स से संबंधित दायर याचिका की सुनवाई के दौरान जस्टिस अजीत कुमार ने पटना जिला प्रशासन की कार्यशैली पर गंभीर नाराज़गी व्यक्त की.
कोर्ट ने कहा कि यदि 15 जून,2026 तक इस मामले पर जिला प्रशासन ने अंतिम निर्णय नहीं लिया,तो डीएम,पटना को 16 जून,2026 को कोर्ट में स्वयं उपस्थित होना होगा.
ये मामला अधिवक्ता मणिभूषण प्रताप सेंगर द्वारा दिनांक 5 जुलाई,2025 को पटना जिलाधिकारी के समक्ष शस्त्र लाइसेंस आवेदन दिए जाने से संबंधित है. नियमानुसार छह माह के भीतर आवेदन पर निर्णय लिया जाना था,किंतु निर्धारित अवधि बीत जाने के बावजूद कोई अंतिम निर्णय नहीं लिया गया.
इसके बाद फरवरी,2026 में पटना हाईकोर्ट में रिट याचिका दायर की गई.
गौरतलब है कि अधिवक्ता मणि भूषण प्रताप सेंगर पर खतरे को देखते हुए पूर्व में कई वर्षों तक वित्त रहित सुरक्षा बिहार सरकार द्वारा उपलब्ध करायी गयी थी.
सुनवाई के दौरान कोर्ट ने दो अलग-अलग अवसरों पर पटना जिलाधिकारी एवं संबंधित सक्षम अधिकारियों को दो-दो सप्ताह के भीतर आवेदन पर अंतिम निर्णय लेने का स्पष्ट निर्देश दिया था. इसके बावजूद आदेश का अनुपालन नहीं किया गया.
तीसरी सुनवाई में पटना के आर्म्स मजिस्ट्रेट द्वारा एक आई.ए. दायर कर यह कहा गया कि पुलिस रिपोर्ट उन्हें 4 अप्रैल,2026 को प्राप्त हुई है तथा निर्णय हेतु अतिरिक्त समय आवश्यक है.
इस पर कोर्ट ने मामले को 12 मई 2026 के लिए सूचीबद्ध किया था.
आज की सुनवाई में बिहार सरकार,पटना जिलाधिकारी अथवा आर्म्स मजिस्ट्रेट की ओर से न तो कोई संतोषजनक जवाब प्रस्तुत किया ओर अतिरिक्त समय की मांग की गई.
इस पर कोर्ट ने कड़ी नाराज़गी व्यक्त करते हुए आदेश दिया कि यदि 15 जून 2026 तक मणिभूषण प्रताप सेंगर के शस्त्र लाइसेंस आवेदन पर अंतिम निर्णय नहीं लिया गया,तो पटना के जिलाधिकारी को 16 जून,2026 को कोर्ट में स्वयं उपस्थित होना होगा.
कोर्ट ने मामले की अगली सुनवाई 16 जून 2026 को अपराह्न 3:00 बजे निर्धारित की है. इस मामले में याचिकाकर्ता का पक्ष कोर्ट में वरीय अधिवक्ता अमित श्रीवास्तव ने रखा.