BIHAR NEWS : राष्ट्रीय युवा महोत्सव में बिहार के युवाओं की शानदार चमक, 4 प्रतिभाओं ने बढ़ाया राज्य का मान
पटना: 29वें राष्ट्रीय युवा महोत्सव में इस वर्ष बिहार के युवाओं ने अपनी प्रतिभा से पूरे देश का ध्यान आकर्षित किया है. नई दिल्ली स्थित भारत मंडपम में आयोजित इस आयोजन में बिहार के चार युवा प्रतिभागियों ने अलग-अलग विधाओं में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर राज्य का नाम रोशन किया है. स्वामी विवेकानंद की जयंती पर आयोजित इस महोत्सव में देश के 36 राज्यों और केंद्रशासित प्रदेशों से चयनित श्रेष्ठ युवा शामिल हुए.
‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग’ के अंतर्गत आयोजित वक्तृता प्रतियोगिता में बिहार के पार्थ कौशिक ने देशभर में दूसरा स्थान प्राप्त कर उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है.
लोक गीत श्रेणी में पटना की महिमा मौर्या का चयन विशेष उपलब्धि के रूप में सामने आया. भले ही बिहार की टीम सामूहिक रूप से फाइनल में स्थान नहीं बना सकी,लेकिन देशभर से चुने गए प्रतिभागियों की विशेष दस सदस्यीय गायन मंडली में महिमा मौर्या को शामिल किया गया. इस मंडली ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के समक्ष‘वंदे मातरम्’की प्रस्तुति दी. इस ऐतिहासिक मंच पर महिमा की प्रस्तुति का सीधा प्रसारण डीडी न्यूज पर किया गया,जो पूरे बिहार के लिए गर्व का क्षण है.
इसी क्रम में‘विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग’के तहत पीपीटी प्रेजेंटेशन के लिए पटना की आयुषी आर्य का चयन हुआ है. उन्होंने प्रधानमंत्री के समक्ष विकास से जुड़े अपने नवाचारपूर्ण विचारों को प्रस्तुति के माध्यम से रखा.
इसके अलावा कला के क्षेत्र में भी बिहार ने अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई. पेंटिंग प्रतियोगिता में दीपक का चयन किया गया,जिनकी कलाकृति को माननीय केंद्रीय मंत्री किरण रिजिजू को गिफ्ट देने के लिए चुना गया.
कला एवं संस्कृति विभाग के सचिव प्रणव कुमार ने कहा कि“राष्ट्रीय युवा महोत्सव में बिहार के युवाओं ने जिस उत्कृष्टता और आत्मविश्वास के साथ अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है,वह पूरे राज्य के लिए गर्व का विषय है. प्रधानमंत्री के समक्ष बिहार की प्रतिभाओं की प्रस्तुति यह प्रमाणित करती है कि हमारे युवा सांस्कृतिक,बौद्धिक और नवाचार के हर क्षेत्र में देश का नेतृत्व करने की क्षमता रखते हैं. बिहार सरकार ऐसी प्रतिभाओं को आगे बढ़ाने के लिए निरंतर अवसर और समर्थन देती रहेगी.”
विकसित भारत यंग लीडर्स डायलॉग में प्रत्येक राज्य से 10 युवाओं का चयन किया गया था, जिनका मूल्यांकन चैलेंज और कल्चरल ट्रैक पर किया गया.