नेपाल में 28 अगस्त को बारिश और गरज का अलर्ट : बाढ़ के बाद बिहार-यूपी सीमा पर नदियों के जलस्तर को लेकर बढ़ी चिंता
नेपाल में 26 अगस्त को अचानक आई भीषण बाढ़ के बाद हालात अभी पूरी तरह सामान्य नहीं हुए हैं। इस बीच मौसम विभाग के पूर्वानुमान ने चिंता बढ़ा दी है। 28 अगस्त को नेपाल के कई हिस्सों में बारिश के साथ गरज-चमक की संभावना जताई गई है। राजधानी काठमांडू में भी दिन के दौरान बारिश और शाम-रात में गरज के साथ बारिश होने का अनुमान है। यहां अधिकतम तापमान 27 से 28 डिग्री और न्यूनतम तापमान 21 से 22 डिग्री के आसपास रहने की संभावना है।
बाढ़ की ताजा स्थिति को देखते हुए नेपाल में प्रशासन राहत और बचाव कार्य में जुटा है। कई इलाकों में सड़क, पुल और अन्य बुनियादी सुविधाएं प्रभावित हुई हैं। ऐसे में दोबारा बारिश होने पर नदियों के जलस्तर में बढ़ोतरी का खतरा बना हुआ है।
नेपाल में होने वाली बारिश का सीधा असर बिहार के सीमावर्ती इलाकों पर पड़ सकता है। नेपाल से आने वाली नदियों के जलस्तर को लेकर पश्चिम चंपारण में विशेष निगरानी रखी जा रही है। इसके अलावा पूर्वी चंपारण, सीतामढ़ी, मधुबनी, सुपौल, अररिया और किशनगंज में भी प्रशासन को सतर्क रहने की जरूरत है।
उत्तर प्रदेश के नेपाल सीमा से सटे जिलों में भी स्थिति पर नजर रखी जा रही है। पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, बहराइच, श्रावस्ती, बलरामपुर, सिद्धार्थनगर और महाराजगंज में बारिश के साथ नेपाल से आने वाली नदियों के जलस्तर में बदलाव की निगरानी जरूरी है।
ऐसे में नेपाल में 28 अगस्त की बारिश बिहार और यूपी के सीमावर्ती क्षेत्रों के लिए अहम मानी जा रही है। प्रशासन नदी के जलस्तर और मौसम की स्थिति पर लगातार नजर बनाए हुए है।
वरिष्ठ संवाददाता संजय कुमार की रिपोर्ट