मल्लिकार्जुन खड़गे से मिले मंत्री इरफान : कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष से मिलकर साझा किए भावुक पल
रांची:झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी बेंगलुरु दौरे के दौरान कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे और उनके परिवार से मुलाकात करने के बाद अपने अनुभव साझा किया है. यह अनुभव उनके लिए कितना खास रहा,उन्होंने साझा किया है.
डॉ. इरफान अंसारी के लिए भावुक कर देने वाला पल
डॉ. इरफान अंसारी ने बताया कि आज बेंगलुरु के सकरा वर्ल्ड हॉस्पिटल में एक ऐसा भावुक क्षण आया,जिसे मैं जीवनभर नहीं भूल पाऊंगा. कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे अपने बेटे का हालचाल जानने अस्पताल पहुंचे थे, जो यहां उपचाराधीन हैं. इसी क्रम में उन्होंने मेरी फैमिली से भी मुलाकात की और उनके स्वास्थ्य की जानकारी ली.
मल्लिकार्जुन खड़गे ने मंत्री के परिवार का हालचाल जानने अस्पताल पहुंचे
मेरे परिवार का ऑपरेशन चल रहा था.इसी दौरान कांग्रेस पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे स्वयं हमारे वार्ड में पहुंचे. उन्हें देखते ही मैं आश्चर्यचकित रह गया. मैंने कभी कल्पना भी नहीं की थी कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष एक कार्यकर्ता और उसके परिवार का हाल चाल जानने के लिए समय निकालकर आएंगे.
अस्पताल प्रबंधन कोसमुचित देखभाल करने का दिया निर्देश
मंत्री ने बताया कि खड़गे साहब ने न केवल हमारा हालचाल जाना,बल्कि डॉक्टरों और अस्पताल प्रबंधन से भी बातचीत कर बेहतर इलाज एवं समुचित देखभाल सुनिश्चित करने का निर्देश दिया. उन्होंने बड़े स्नेह और अपनत्व के साथ कहा कि, “इरफान अंसारी हमारा बेटा है, हमारा बच्चा है. इसे किसी प्रकार की कोई परेशानी नहीं होनी चाहिए.
उनके ये शब्द मेरे लिए किसी आशीर्वाद से कम नहीं थे. जब कोई अभिभावक अपने कार्यकर्ता को इतना सम्मान, इतना स्नेह और इतना अपनापन देता है, तो उसका सीना गर्व से चौड़ा हो जाता है. यही कांग्रेस की असली पहचान है, यही उसके संस्कार हैं और यही उसकी पारिवारिक संस्कृति है.
कांग्रेस केवल राजनीतिक दल नहीं,बल्कि एक परिवार है-मंत्री
मंत्री ने कहा कि आज खड़गे साहब ने एक बार फिर साबित कर दिया कि कांग्रेस केवल एक राजनीतिक दल नहीं, बल्कि एक परिवार है, जहां हर कार्यकर्ता का सम्मान और उसकी भावनाओं का मूल्य है.
डॉ.इरफान अंसारी ने कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष का जताया आभार
डॉ. इरफान अंसारी ने आभार जताते हुए कहा किमैं आदरणीय खड़गे साहब के इस स्नेह,आत्मीयता और आशीर्वाद के लिए हृदय की गहराइयों से उनका आभारी हूं. उनका यह अपनापन मेरे जीवन की अमूल्य धरोहर रहेगा और मैं जीवनभर उनका ऋणी रहूंगा.