BIG BREAKING : नीतीश कैबिनेट की बैठक संपन्न, ‘सात निश्चय पार्ट-3’ को मिली स्वीकृति

Edited By:  |
big breaking

पटना: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता मेंबिहार मंत्रिपरिषद की बैठक संपन्न हुई.सचिवालय के मंत्रिमंडल कक्ष मेंहुई बैठक में बिहार के लिए‘सात निश्चय पार्ट-3’की औपचारिक घोषणा की गई,जिसे मंत्रिमंडल ने स्वीकृति दे दी है.

कैबिनेट की मंजूरी के साथ ही‘सात निश्चय पार्ट-3’के तहत राज्य के उद्योग-धंधों,रोजगार सृजन और नौकरियों से जुड़े कई अहम फैसले लिये गये हैं. सरकार का उद्देश्य आगामी वर्षों में आर्थिक विकास को गति देने के साथ युवाओं के लिए अधिक से अधिक रोजगार और नौकरी के अवसर तैयार करना है.

मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने ट्विट कर सात निश्चय पार्ट-3 की जानकारी दी है. सीएम ने कहा कि 24 नवंबर 2005 को जब से हमलोगों की सरकार बनी, तब से राज्य में कानून का राज है और लगातार 20 वर्षों से सभी क्षेत्रों और सभी वर्गों के विकास के लिए काम किया गया है. मुझे यह बताते हुए खुशी हो रही है कि बिहार में सुशासन के कार्यक्रमों के अंतर्गत 7 निश्चय( 2015-2020) और 7 निश्चय ( 2020-2025) में न्याय के साथ विकास से जुड़े निर्धारित लक्ष्यों को हासिल करने के बाद बिहार को सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने हेतु अब सात निश्चय-3 कार्यक्रमों को लागू करने का निर्णय लिया गया है.

1.दोगुना रोजगार–दोगुनी आय

इस निश्चय का उद्देश्य राज्य की प्रति व्यक्ति औसत आय को दोगुना करना है.इसके लिए व्यापक स्तर पर रोजगार सृजन एवं स्वरोजगार को प्रोत्साहित किया जाएगा.मुख्यमंत्री महिला रोजगार योजना के अंतर्गत महिलाओं को स्वरोजगार के लिए₹10,000की सहायता दी जा रही है,जबकि रोजगार विस्तार के लिए₹2लाख तक की अतिरिक्त सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.

वर्ष2023में कराई गई जाति आधारित गणना एवं सामाजिक-आर्थिक सर्वेक्षण में चिन्हित94लाख गरीब परिवारों को प्राथमिकता के आधार पर रोजगार योजनाओं से जोड़ा जाएगा.अगले पाँच वर्षों में1करोड़ युवाओं के लिए नौकरी और रोजगार के अवसर सृजित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है.इसके लिए युवा,रोजगार एवं कौशल विकास विभाग का गठन किया जा चुका है.

2.समृद्ध उद्योग–सशक्त बिहार

राज्य में औद्योगिक विकास को गति देने के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में तीन उच्चस्तरीय समितियों का गठन किया गया है.इनका उद्देश्य बिहार को पूर्वी भारत का टेक हब,विश्वस्तरीय कार्यस्थल तथा निवेश के लिए आकर्षक राज्य के रूप में विकसित करना है.

सभी जिलों में औद्योगिक क्षेत्रों का विकास किया जा रहा है.अगले पांच वर्षों में राज्य में कम से कम50लाख करोड़ रुपये के निजी निवेश को सुनिश्चित करने का लक्ष्य रखा गया है.बंद पड़ी9चीनी मिलों को चरणबद्ध रूप से चालू करने एवं25नई चीनी मिलों की स्थापना का निर्णय लिया गया है.छोटे उद्योगों को प्रोत्साहन देने हेतु एमएसएमई निदेशालय तथा बिहार विपणन प्रोत्साहन निगम की स्थापना की गई है.

3.कृषि में प्रगति–प्रदेश की समृद्धि

किसानों की आय बढ़ाने के लिए चौथे कृषि रोड मैप (2024–2029)के कार्यों में तेजी लाई जाएगी.मखाना रोड मैप के माध्यम से मखाना उत्पादन और प्रसंस्करण को बढ़ावा दिया जाएगा.डेयरी एवं मत्स्य पालन को सुदृढ़ करते हुए सभी गांवों में दुग्ध उत्पादन समितियों का गठन तथा प्रत्येक पंचायत में‘सुधा’बिक्री केंद्र की स्थापना की जाएगी.हर खेत तक सिंचाई का पानी पहुँचाने के प्रयासों को और विस्तार दिया जाएगा.

4.उन्नत शिक्षा–उज्ज्वल भविष्य

राज्य में अलग उच्च शिक्षा विभाग का गठन किया गया है.पुराने प्रतिष्ठित शिक्षण संस्थानों को सेंटर ऑफ एक्सीलेंस के रूप में विकसित किया जाएगा.साथ ही राज्य में नई एजुकेशन सिटी के निर्माण की योजना है.

5.सुलभ स्वास्थ्य–सुरक्षित जीवन

प्रखंड सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों को विशिष्ट चिकित्सा केंद्र तथा जिला अस्पतालों को सुपर स्पेशियलिटी अस्पताल के रूप में विकसित किया जाएगा.नए मेडिकल कॉलेजों एवं अस्पतालों में लोक-निजी भागीदारी को बढ़ावा दिया जाएगा.दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों में बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं हेतु चिकित्सकों को विशेष प्रोत्साहन प्रदान किया जाएगा तथा सरकारी चिकित्सकों की निजी प्रैक्टिस पर रोक की नीति लागू की जाएगी.

6.मजबूत आधार–आधुनिक विस्तार

शहरी क्षेत्रों के विस्तार और नागरिक सुविधाओं के सुदृढ़ीकरण के साथ नए आधुनिक नियोजित शहरों का विकास किया जाएगा.शहरी गरीबों के लिए सस्ते आवास, 5नई एक्सप्रेस-वे,ग्रामीण सड़कों का दो लेन चौड़ीकरण,विद्युत संरचना का सुदृढ़ीकरण एवं सौर ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा दिया जाएगा.पर्यटन स्थलों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर विकसित किया जाएगा.पटना में विश्वस्तरीय स्पोर्ट्स सिटी तथा सभी जिलों में खेलों के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किए जाएंगे.

7.सबका सम्मान–जीवन आसान

आधुनिक तकनीक,नवाचार और संवेदनशील सुशासन के माध्यम से राज्य के सभी नागरिकों के जीवन को सरल,सुरक्षित और सुगम बनाने की दिशा में कार्य किया जाएगा,जिससे सभी का जीवन आसान होना सुनिश्चित हो सके.

राज्य सरकार का पूर्ण विश्वास है कि सात निश्चय–3 कार्यक्रमों के प्रभावी क्रियान्वयन से विकसित बिहार के संकल्प को साकार किया जा सकेगा और बिहार देश के अग्रणी विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल होगा.