बिहार में बाढ़ पर सियासत : संजय सरावगी का पलटवार,बोले-तेजस्वी को चिंता होती तो राहत कार्यों में करते सहयोग
पटना:बिहार भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष संजय सरावगी ने बिहार में बाढ़ की स्थिति को लेकर आरजेडी के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष तेजस्वी यादव के बयान पर तीखा पलटवार किया है. कहा कि आपदा की घड़ी में भी राजनीति करना तेजस्वी यादव की पुरानी आदत है. बिहार की जनता की पीड़ा पर घड़ियाली आंसू बहाने से पहले तेजस्वी यादव अपने माता-पिता के 15 वर्षों के शासनकाल का हिसाब बिहार की जनता को दें.
संजय सरावगी ने कहा कि तेजस्वी यादव आज बाढ़ प्रभावित लोगों की चिंता का दिखावा कर रहे हैं,लेकिन उन्हें यह बताना चाहिए कि उनके परिवार के 15 वर्षों के शासनकाल में बाढ़ की समस्या के स्थायी समाधान के लिए क्या किया गया. बाढ़ प्रभावित इलाकों के लिए क्या स्थायी आपदा प्रबंधन तंत्र विकसित किया गया? तेजस्वी यादव को इन सवालों से भागने के बजाय बिहार की जनता को जवाब देना चाहिए.
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि आज मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के नेतृत्व में बिहार सरकार और केंद्र सरकार की एजेंसियां पूरी मुस्तैदी से बाढ़ प्रभावित लोगों की मदद में जुटी हैं. प्रशासन, एसडीआरएफ और एनडीआरएफ की टीमें लगातार राहत एवं बचाव अभियान चला रही हैं. प्रभावित लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा रहा है और जरूरत के अनुसार राहत सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है. ऐसे समय में सरकार के प्रयासों को बदनाम करने के बजाय तेजस्वी यादव को राहत कार्यों में सहयोग करना चाहिए.
उन्होंने कहा कि तेजस्वी यादव को शायद जानकारी नहीं है कि आपदा प्रबंधन कोई राजनीतिक मंच नहीं, बल्कि समन्वित प्रशासनिक व्यवस्था का विषय है. जरूरत के अनुसार केंद्र और राज्य की एजेंसियां मिलकर हरसंभव संसाधन उपलब्ध करा रही हैं. केवल कैमरे के सामने बयान देने से बाढ़ पीड़ितों की मदद नहीं होती.
संजय सरावगी ने कहा कि तेजस्वी यादव पहले अपने 15 साल के शासनकाल का रिपोर्ट कार्ड जनता के सामने रखें,फिर एनडीए सरकार से सवाल पूछें. आरजेडी के शासनकाल में बिहार की सड़कों,स्वास्थ्य व्यवस्था,कानून-व्यवस्था और आपदा प्रबंधन की क्या स्थिति थी,यह बिहार की जनता भूली नहीं है.
उन्होंने कहा कि बाढ़ बिहार के लिए दशकों पुरानी चुनौती है। एनडीए सरकार इस चुनौती से निपटने के लिए तटबंधों के सुदृढ़ीकरण, नदी प्रबंधन, जल निकासी और राहत-बचाव की व्यवस्था को लगातार मजबूत कर रही है। मुख्यमंत्री स्वयं स्थिति की समीक्षा कर रहे हैं और केंद्र सरकार के साथ लगातार समन्वय बनाया जा रहा है।
बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष ने तेजस्वी यादव को चुनौती देते हुए कहा कि अगर उन्हें वास्तव में बाढ़ पीड़ितों की चिंता है तो वे बयानबाजी छोड़कर प्रभावित इलाकों में जाएं, लोगों के बीच खड़े हों और सरकार के राहत कार्यों में सहयोग करें. सोशल मीडिया पर राजनीतिक बयान देने से न तो किसी की जान बचती है और न ही किसी पीड़ित परिवार का दर्द कम होता है.
उन्होंने कहा कि बिहार की जनता अब राजद की राजनीतिक नौटंकी को अच्छी तरह समझ चुकी है. संकट की घड़ी में कौन जमीन पर उतरकर सेवा कर रहा है और कौन केवल बयानबाजी कर रहा है, जनता सब देख रही है। तेजस्वी यादव को समझ लेना चाहिए कि बिहार की जनता को घड़ियाली आंसू नहीं, जमीन पर काम चाहिए.
संजय सरावगी ने कहा कि बिहार सरकार बाढ़ से प्रभावित किसी भी परिवार को अकेला नहीं छोड़ेगी. राहत एवं बचाव कार्य पूरी गंभीरता के साथ जारी रहेगा और आवश्यकता के अनुसार केंद्र एवं राज्य सरकार की ओर से हरसंभव सहायता उपलब्ध कराई जाएगी.