BIHAR NEWS : मंत्री डॉ. दिलीप जायसवाल ने की राजस्व कार्यों की समीक्षा, कहा- लंबित मामलों का निष्पादन प्राथमिकता के आधार पर करें
पटना: बिहार के राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने विभागीय मुख्यालय से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से चौथे दिन गया,जहानाबाद एवं औरंगाबाद जिले के राजस्व कार्यों की विस्तृत समीक्षा की. समीक्षा के दौरान उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिया कि अतिक्रमण से जुड़े मामलों को अत्यंत गंभीरता से लिया जाए तथा निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी प्रकार के लंबित मामलों का निष्पादन सुनिश्चित किया जाए.
मंत्री ने कहा कि जनता से जुड़े मामलों में अनावश्यक देरी किसी भी स्थिति में स्वीकार्य नहीं होगी. उन्होंने अधिकारियों को जनहित में त्वरित और निष्पक्ष निर्णय लेने का मंत्र देते हुए कहा कि कानून के अनुरूप कार्रवाई करते हुए लंबित मामलों का निष्पादन प्राथमिकता के आधार पर करें. यदि किसी स्तर पर लापरवाही या उदासीनता पाई गई तो संबंधित अधिकारियों एवं कर्मचारियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी.
समीक्षा के दौरान मंत्री ने स्पष्ट कहा कि राजस्व प्रशासन की कार्यशैली में सुधार दिखाई देना चाहिए. उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि सभी जिलों की 15 दिन बाद पुनः बारी-बारी से समीक्षा की जाएगी. जिन जिलों अथवा अधिकारियों के कार्यों में अपेक्षित सुधार नहीं मिलेगा,उन्हें कार्रवाई के लिए तैयार रहना होगा. उन्होंने कहा कि सरकार की प्राथमिकता जनता को समयबद्ध सेवा उपलब्ध कराना है और इस लक्ष्य में बाधा बनने वालों के प्रति कोई नरमी नहीं बरती जाएगी.
मंत्री ने कहा कि अतिक्रमण हटाने,सरकारी भूमि की सुरक्षा,दाखिल-खारिज,परिमार्जन,ई-मापी,अभियान बसेरा,राजस्व महा-अभियान,लोक शिकायत,सहयोग शिविर तथा न्यायालयों में लंबित मामलों के निष्पादन में तेजी लाई जाए. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक मामले की नियमित मॉनिटरिंग कर समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित करें.
बैठक में विभाग के सचिव जय सिंह ने भी संबंधित जिलों के अधिकारियों को लंबित मामलों की सूची के आधार पर प्राथमिकता तय कर कार्य करने तथा निर्धारित समय सीमा का कड़ाई से पालन करने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि सरकार की योजनाओं और सेवाओं का लाभ आम लोगों तक समय पर पहुंचे,इसके लिए सभी स्तरों पर जवाबदेही सुनिश्चित की जाएगी.
समीक्षा के दौरान म्यूटेशन डिफेक्ट चेक,ऑनलाइन म्यूटेशन,परिमार्जन प्लस,ई-मापी,अभियान बसेरा,गवर्नमेंट लैंड वेरिफिकेशन,राजस्व महा-अभियान,पब्लिक ग्रीवांस,सहयोग शिविर,किसान पंजीकरण तथा आरसीएमएस के विभिन्न न्यायालयों में लंबित मामलों की प्रगति की बिंदुवार समीक्षा की गई. मंत्री ने सभी अधिकारियों को निर्देश दिया कि ऑनलाइन व्यवस्था को पूरी तरह लागू करते हुए पारदर्शी एवं जवाबदेह कार्य संस्कृति विकसित करें.
वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग में संबंधित जिलों के विधायक–विधान पार्षद, जिलाधिकारी, अपर समाहर्ता, भूमि सुधार उप समाहर्ता एवं अंचलाधिकारी शामिल हुए. राजस्व मुख्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक में विभाग की सचिव सीमा त्रिपाठी, विशेष सचिव इनायत खान, अपर सचिव प्रशांत सीएच, अपर सचिव आजीव वत्सराज, अपर सचिव डॉ. महेंद्र पाल, उप निदेशक मोना झा, विशेष कार्य पदाधिकारी मणि भूषण किशोर, आईटी मैनेजर आनंद शंकर समेत वरिष्ठ अधिकारियों की पूरी टीम उपस्थित रही.