बजय सत्र : सदन में उठा ऑटो जेनरेटेड म्यूटेशन के निष्पादन का मामला
रांची: झारखंड विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान सदन में कांग्रेस विधायक राजेश कश्यप ने अंचल कार्यालय में ऑटो जेनरेटेड म्यूटेशन के निष्पादन का मामला उठाया. उन्होंने कहा कि साल-2022 के बाद ऑटो म्यूटेशन को निष्पादित किया जा रहा है, लेकिन जो नहीं करा पाए उनके लिए क्या व्यवस्था है.
इस पर मंत्री ने जवाब देते हुए कहा कि जोलोग दाखिल खारिज नहीं करा पाए है वेफिर से आवेदन दे सकते हैं. अंचल कार्यालय अगर रिजेक्ट किया है तो एलआरडीसी के कोर्ट में अपील किया जा सकता है और रिजेक्शन को सुधार किया जा सकता है. ऑनलाइन सिस्टम में बहुत गड़बड़ियां हुई है जिसे सुधरा जा रहा है. 10 से 15 वर्षों में सारे रिकॉर्ड्स कंसर्व हो जायेंगे.
मंत्री दीपक बिरूवा ने भरोसा दिलाते हुए कहा कि लोगों की परेशानियों को दूर किया जाएगा.लिखित रूप से मिली शिकायत पर करवाई निश्चित तौर पर होगी.
नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि पूरे राज्य में सीओ की यही स्थिति है. ऑनलाइन रसीद के लिए प्रति डिसमिल 2000 रुपए देने पड़ते हैं. जिस वक्त राहुल सिन्हा डीसी थे, उस वक्त सीओ म्यूटेशन के लिए 50 हजार रूपए मांग रहे थे. उन्होंन सरकार से आग्रह करते हुए कहा कि व्यवस्था ठीक करने के लिएसीओ को आदेश दिया जाए.
बीजेपी विधायक नवीन जयसवाल ने भी सरकार से कैंप लगाकर हर पंचायत स्तर पर जिला से पदाधिकारी भेजकर व्यवस्था सुधारने का आग्रह किया है.