PATNA :लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के प्रमुख चिराग पासवान ने आज पटना में अपने नए पार्टी कार्यालय में गृह प्रवेश किया। इस खास मौके पर उनके साथ उनकी मां रीना पासवान, परिवार के सदस्य, पार्टी सांसद और तमाम वरिष्ठ नेता मौजूद थे।
रीना पासवान ने जाहिर की भावनाएं
गृह प्रवेश के दौरान चिराग की मां रीना पासवान भावुक हो उठीं। उन्होंने कहा कि "आज मैं बहुत खुश हूं। इस कार्यालय में मैं अपने पति रामविलास पासवान के साथ आया करती थी। आज मेरा बेटा मुझे यहां लेकर आया है। साहब (रामविलास पासवान) का फोटो देखकर मुझे लगा कि उन्हें भी आज बहुत खुशी हो रही होगी।" उन्होंने यह भी कहा कि पिछले चार वर्षों से उनके देवर पशुपति कुमार पारस ने उन्हें यहां आने नहीं दिया था।

चिराग पासवान का संकल्प
इस अवसर पर चिराग पासवान ने कहा कि "यह वही जगह है, जहां से मेरे पिता ने नई पार्टी की शुरुआत की थी और बिहार को विकास के रास्ते पर ले जाने का सपना देखा था। उनके जाने के बाद इस दफ्तर को हमसे छीन लिया गया लेकिन अब इसे फिर से पाने की खुशी है। यहां बैठकर मैं उनके अधूरे सपनों को पूरा करने का प्रयास करूंगा और उनके विचारों को आगे ले जाऊंगा।"

पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह
गृह प्रवेश के दौरान बड़ी संख्या में पार्टी कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने हिस्सा लिया। इस मौके पर चिराग पासवान ने अपने पिता रामविलास पासवान की विरासत को आगे बढ़ाने का वादा किया और कहा कि यह कार्यालय सिर्फ एक भवन नहीं बल्कि उनके पिता के संघर्ष और विचारों का प्रतीक है। गृह शांति पूजा की शुरुआत से पहले लोजपा के कार्यकर्ताओं एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग ने परिवार के साथ स्व. रामविलास पासवान के तैलचित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की है।

पारस और चिराग के रिश्तों की चर्चा
इस आयोजन के दौरान रीना पासवान के बयान ने उनके बेटे चिराग पासवान और चाचा पशुपति कुमार पारस के बीच चल रहे विवाद को एक बार फिर सुर्खियों में ला दिया। हालांकि, चिराग ने अपने भाषण में इन विवादों पर सीधा कुछ नहीं कहा और केवल पार्टी के भविष्य और विकास के एजेंडे पर ध्यान केंद्रित किया। इस कार्यक्रम के जरिए चिराग पासवान ने पार्टी के नए चरण की शुरुआत का संकेत दिया और समर्थकों में नई ऊर्जा का संचार किया।
इस मौके पर पत्रकारों द्वारा आनंद मोहन और चेतन आनंद द्वारा दिए गए बयान कF वो एनडीए में हैं या नहीं, इस विषय पर प्रतिक्रिया देते हुए केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने कहा कि राजद से विधायक का चुनाव जीते चेतन के बयान से स्पष्ट है कि उनकी प्राथमिकता NDA को मजबूत करने के बजाए उसमें दरार डालने की है। ऐसा प्रतीत होता है कि वो अभी भी अपने पुराने राजनीतिक 'गुरुजनों' की विरासत को सहेज कर महागठबंधन की विचारधारा को परोक्ष रूप से समर्थन दे रहे हैं।
चिराग ने चेतन आनंद से पूछा है कि पहले तो यह बताएं कि आप यह प्रश्न एनडीए के सदस्य के रूप में पूछ रहे हैं या महागठबंधन के प्रवक्ता के रूप में?
पूजा हवन और गृह प्रवेश के तुरंत बाद लोजपा प्रमुख गया के बेलागंज में उप चुनाव में 35 वर्षों के बाद मिली जीत के बाद चिराग समर्थकों के द्वारा गाना बजाए जाने पर राजद समर्थित असामाजिक तत्वों द्वारा चिराग और लोजपा (रा) समर्थकों पर जानलेवा हमले से पीड़ित परिवारों से मिलने बेलागंज गए हैं। इस मामले में सम्मिलित राजद समर्थित नव सामंतवाद के प्रेरक अपराधिक तत्वों की गिरफ्तारी हो चुकी है।

