

बुधवार, 16 सितंबर 2026
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रांची: झारखंड सरकार के नगर विकास एवं आवास विभाग, उच्च एवं तकनीकी शिक्षा विभाग, खेलकूद एवं कला-संस्कृति, पर्यटन और युवा कार्य विभाग के मंत्री सुदिव्य कुमार के निधन पर दो दिवसीय राजकीय शोक घोष्त किया गया है.राज्य सरकार 06 एवं 07 सितंबर 2026 को राजकीय शोक मनाने का निर्णय लिया गया है. राजकीय शोक की अवधि में राज्य के उन सभी सरकारी भवनों, जहां नियमित रूप से राष्ट्रीय ध्वज फहराया जाता है, वहां राष्ट्रीय ध्वज आधे झुके रहेंगे. इस अवधि में किसी भी प्रकार के राजकीय समारोह का आयोजन नहीं किया जाएगा. राज्य सरकार द्वारा यह भी निर्णय लिया गया है कि 07 सितंबर 2026 को राज्य सरकार के सभी कार्यालय बंद रहेंगे. संबंधित कार्यालयों एवं संस्थानों द्वारा इस संबंध में आवश्यक अनुपालन सुनिश्चित किया जाएगा.वहीं, दिवंगत माननीय मंत्री सुदिव्य कुमार की अंत्येष्टि आज दोपहर 03:30 बजे गिरिडीह स्थित उसरी नदी–हरसिंहरायडीह श्मशान घाट में की जाएगी. राज्य सरकार द्वारा उनकी अंत्येष्टि राजकीय सम्मान के साथ संपन्न कराने का निर्णय लिया गया है.अंत्येष्टि कार्यक्रम को राजकीय सम्मान के अनुरूप गरिमापूर्ण एवं सुव्यवस्थित ढंग से संपन्न कराने के लिए जिला प्रशासन, गिरिडीह द्वारा संबंधित पदाधिकारियों एवं विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं.जिला प्रशासन, गिरिडीह की ओर से दिवंगत आत्मा को भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए शोक-संतप्त परिजनों, शुभचिंतकों एवं समर्थकों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की गई है.वहीं, आमजनों के अंतिम दर्शन के लिए आज दोपरह 02 बजे तकआम नागरिक निर्धारित समय तक पहुंचकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित कर सकते हैं.
लोहरदगा:झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) के संगठन को और अधिक मजबूत बनाने के उद्देश्य से बुधवार को जिला कार्यालय में भव्य सदस्यता ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया. इस अवसर पर जिले के विभिन्न क्षेत्रों से पहुंचे सैकड़ों लोगों ने झारखंड मुक्ति मोर्चा का सदस्यता ग्रहण कर पार्टी की विचारधारा और नीतियों के प्रति अपनी आस्था व्यक्त की.पार्टी के जिलाध्यक्ष मोजम्मिल अहमद की मौजूदगी में सभी नए कार्यकर्ताओं को सदस्यता दिलाई गई और उनका गर्मजोशी के साथ स्वागत किया गया.सदस्यता ग्रहण कार्यक्रम के दौरान जिलाध्यक्ष मोजम्मिल अहमद ने कहा कि झारखंड मुक्ति मोर्चा राज्य की जनता की भावनाओं और अधिकारों की लड़ाई लड़ने वाली पार्टी है. उन्होंने कहा कि पार्टी का उद्देश्य समाज के सभी वर्गो को साथ लेकर विकास की नई इबारत लिखना है. उन्होंने नए सदस्यों से पार्टी की विचारधारा, सिद्धांतों और संगठन की मजबूती के लिए पूरी निष्ठा एवं ईमानदारी के साथ कार्य करने का आह्वान किया.उन्होंने कहा कि जेएमएम हमेशा गरीब, मजदूर, किसान, आदिवासी, दलित, पिछड़े और वंचित समाज के हितों की रक्षा के लिए संघर्ष करता रहा है. राज्य सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाने में कार्यकर्ताओं की महत्वपूर्ण भूमिका होती है. उन्होंने नए सदस्यों से कहा कि वे गांव-गांव और मोहल्लों तक पार्टी की नीतियों एवं सरकार की उपलब्धियों को पहुंचाने का कार्य करें.कार्यक्रम के दौरान पार्टी के वरिष्ठ नेताओं ने भी नए कार्यकर्ताओं का स्वागत करते हुए कहा कि संगठन की असली ताकत उसके समर्पित कार्यकर्ता होते हैं. बड़ी संख्या में लोगों का पार्टी से जुड़ना इस बात का संकेत है कि जनता का विश्वास झारखंड मुक्ति मोर्चा के प्रति लगातार बढ़ रहा है. नेताओं ने कहा कि आने वाले दिनों में संगठन को और अधिक सशक्त बनाने के लिए प्रखंड एवं पंचायत स्तर पर भी सदस्यता अभियान को तेज किया जाएगा.नए सदस्यों को पार्टी के संविधान, संगठनात्मक संरचना तथा कार्यशैली की जानकारी दी गई. साथ ही उन्हें सामाजिक सरोकारों से जुड़े मुद्दों पर सक्रिय भूमिका निभाने और जनता की समस्याओं को संगठन के माध्यम से प्रशासन तक पहुंचाने की जिम्मेदारी निभाने के लिए प्रेरित किया गया.समारोह के दौरान पूरे कार्यालय परिसर में उत्साह का माहौल देखने को मिला. सदस्यता ग्रहण करने पहुंचे लोगों ने पार्टी के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई और संगठन को मजबूत बनाने का संकल्प लिया. कार्यक्रम में मौजूद कार्यकर्ताओं ने नए सदस्यों का माल्यार्पण एवं अंगवस्त्र देकर स्वागत किया.इस अवसर पर पार्टी के जिला सचिव अनिल उरांव, जयप्रकाश शर्मा, निखिल सराफ, बालमुकुंद लोहरा सहित सैकड़ों की संख्या में पार्टी पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता मौजूद रहे. सभी नेताओं ने संगठन की मजबूती के लिए एकजुट होकर कार्य करने का संकल्प दोहराया और सदस्यता अभियान को आगे भी निरंतर जारी रखने की बात कही.
लोहरदगा:शहरी क्षेत्र के ब्लॉक मोड़ के पास पिछले कई दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण सड़क पर जलजमाव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई. सड़क पर पानी जमा रहने से राहगीरों, वाहन चालकों और आस-पास के दुकानदारों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था. लोगों की शिकायत मिलने के बाद नगर परिषद अध्यक्ष अनिल उरांव ने त्वरित पहल करते हुए कार्यपालक पदाधिकारी, सहायक अभियंता तथा नगर परिषद की टीम के साथ स्थल का निरीक्षण किया.निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने जलजमाव के कारणों का जायजा लिया. जांच में पाया गया कि पानी की निकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश का पानी सड़कों पर जमा हो रहा था. इसके बाद नगर परिषद की ओर से तत्काल अस्थायी नाली बनाकर पानी की निकासी का कार्य शुरू कराया गया. मशीनों और श्रमिकों की सहायता से पानी को सड़क से बाहर निकालने की व्यवस्था की गई, जिससे कुछ ही समय में सड़क पर जमा पानी कम होने लगा और लोगों को राहत मिली.नगर परिषद अध्यक्ष अनिल उरांव ने कहा कि शहरवासियों को जलजमाव जैसी समस्याओं से राहत दिलाना उनकी प्राथमिकता है. उन्होंने बताया कि लगातार हो रही बारिश के कारण कई स्थानों पर ऐसी स्थिति उत्पन्न हुई है, जहां नगर परिषद की टीम लगातार निगरानी कर रही है. जहां भी जलनिकासी की समस्या सामने आएगी,वहां तत्काल आवश्यक कार्रवाई की जाएगी.कार्यपालक पदाधिकारी ने बताया कि फिलहाल अस्थायी नाली बनाकर पानी निकाला गया है ताकि लोगों को तत्काल राहत मिल सके. साथ ही भविष्य में इस स्थान पर स्थायी जलनिकासी व्यवस्था विकसित करने की योजना पर भी विचार किया जाएगा,जिससे बरसात के दिनों में दोबारा ऐसी समस्या उत्पन्न न हो.स्थानीय लोगों और दुकानदारों ने नगर परिषद की इस त्वरित कार्रवाई की सराहना की। उनका कहना था कि कई दिनों से सड़क पर पानी जमा रहने के कारण आवागमन प्रभावित हो रहा था तथा दुर्घटना की आशंका बनी हुई थी। नगर परिषद की पहल से अब लोगों को काफी राहत मिली है।निरीक्षण एवं राहत कार्य के दौरान नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी, सहायक अभियंता, संबंधित कर्मी एवं अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे. नगर परिषद ने शहरवासियों से अपील की है कि जलनिकासी व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए नालियों में कचरा न फेंकें तथा कहीं भी जलजमाव की स्थिति बनने पर तुरंत नगर परिषद को सूचना दें, ताकि समय रहते आवश्यक कार्रवाई की जा सके
लोहरदगा:भारतीय जनता पार्टी द्वारा आंदोलनकारी छात्रों पर कथित पुलिस लाठीचार्ज और उनकी मांगों को पूरा नहीं किए जाने के विरोध में आहूत झारखंड बंद का असर लोहरदगा में भी देखने को मिला. सुबह से ही बीजेपी कार्यकर्ता सड़कों पर उतर आए और विभिन्न चौक-चौराहों पर प्रदर्शन कर बंद को सफल बनाने का प्रयास किया. इस दौरान कई स्थानों पर टायर जलाकर आगजनी की गई और सड़कों पर प्रदर्शन कर आवागमन प्रभावित किया गया. बंद के कारण बाजारों में आंशिक असर देखा गया और कई व्यावसायिक प्रतिष्ठान एहतियात के तौर पर बंद रहे.बीजेपी कार्यकर्ताओं ने राज्य सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए आरोप लगाया कि हेमंत सोरेन सरकार छात्रों की समस्याओं के समाधान के बजाय उन पर बल प्रयोग कर रही. प्रदर्शनकारियों का कहना था कि लोकतांत्रिक तरीके से अपनी मांग रखने वाले छात्रों पर लाठीचार्ज करना दुर्भाग्यपूर्ण है और इससे सरकार का छात्र विरोधी चेहरा सामने आया है.राज्य सरकार युवाओं और छात्रों की आवाज दबाने का प्रयास कर रहीप्रदर्शन के दौरान बीजेपी के जिला अध्यक्ष अजय पंकज ने कहा कि राज्य सरकार युवाओं और छात्रों की आवाज दबाने का प्रयास कर रही है.उन्होंने आरोप लगाया है कि रोजगार, परीक्षा और भर्ती प्रक्रिया से जुड़े मुद्दों पर छात्र लंबे समय से अपनी मांग उठा रहे हैं,लेकिन सरकार उनकी समस्याओं का समाधान करने के बजाय पुलिस के माध्यम से दमनात्मक कार्रवाई कर रही. उन्होंने आंदोलनकारी छात्रों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि बीजेपी छात्रों के अधिकारों की लड़ाई में उनके साथ मजबूती से खड़ी है और जब तक उनकी मांगों पर सकारात्मक निर्णय नहीं लिया जाता,तब तक आंदोलन जारी रहेगा.युवाओं के भविष्य के साथखिलवाड़ नहीं की जाएगी बर्दाश्तजिलाध्यक्ष अजय पंकज ने कहा कि झारखंड के युवाओं के भविष्य के साथ किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बीजेपी बर्दाश्त नहीं की जाएगी. उन्होंने राज्य सरकार से छात्रों पर दर्ज मामलों को वापस लेने,लाठीचार्ज की निष्पक्ष जांच कराने और उनकी मांगों पर शीघ्र निर्णय लेने की मांग की है. उन्होंने कहा कि झारखंड बंद को जनता का व्यापक समर्थन मिल रहा है,जो सरकार के प्रति लोगों की नाराजगी को दर्शाता है.राज्य के युवा रोजगार,पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया के लिए चिंतितवहीं,बीजेपी नेता अनिल उरांव ने कहा कि यह बंद किसी राजनीतिक स्वार्थ के लिए नहीं,बल्कि छात्रों के सम्मान और उनके अधिकारों की रक्षा के लिए बुलाया गया है. उन्होंने कहा कि राज्य के युवा रोजगार,पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया और अपने भविष्य को लेकर चिंतित हैं,लेकिन सरकार उनकी बात सुनने के बजाय दमन का रास्ता अपना रही है. उन्होंने कहा कि बीजेपी लोकतांत्रिक तरीके से छात्रों की आवाज बुलंद करती रहेगी और सरकार को उनकी मांगें माननी होगी.संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस प्रशासन सतर्कबंद के मद्देनजर जिले के संवेदनशील क्षेत्रों में पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क है. विभिन्न चौक-चौराहों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती की गई ताकि कानून-व्यवस्था बनी रहे. पुलिस अधिकारी लगातार स्थिति पर नजर बनाए रहे और प्रदर्शन शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने का प्रयास किया. हालांकि प्रदर्शन के दौरान कुछ समय के लिए सड़क यातायात प्रभावित हुआ, लेकिन बाद में प्रशासन की पहल पर आवागमन सामान्य होने लगा.झारखंड बंद को लेकरराजनीतिक गतिविधियां तेजफिलहाल,झारखंड बंद को लेकर पूरे जिले में राजनीतिक गतिविधियां तेज रही. बीजेपी नेताओं ने स्पष्ट किया कि यदि छात्रों की मांगों पर सरकार गंभीरता से विचार नहीं करती है तो आगे भी आंदोलन जारी रहेगा.वहीं, प्रशासन ने लोगों से शांति और कानून-व्यवस्था बनाए रखने की अपील की है।
लोहरदगा:जिले में पिछले 24 घंटे से लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है. शहर से लेकर ग्रामीण इलाकों तक बारिश का असर साफ दिखाई दे रहा है. एक ओर जहां शहरी क्षेत्रों में जलजमाव,सड़कें टूटने और आवागमन बाधित होने से लोगों की परेशानी बढ़ गई है. वहीं,दूसरी ओर लंबे समय से अच्छी बारिश का इंतजार कर रहे किसानों के लिए यह बारिश राहत लेकर आई है. मौसम विभाग ने जिले में भारी बारिश और वज्रपात की संभावना को देखते हुए येलो अलर्ट जारी किया है और लोगों से बेवजह घरों से बाहर नहीं निकलने और सतर्क रहने की अपील की है.बारिश के कारणनिचले इलाकों में जलभराव की गंभीर हालतलगातार हो रही बारिश के कारण लोहरदगा शहर के स्टार कॉलोनी, पतराटोली, न्यू रोड सहित कई निचले इलाकों में जलभराव की गंभीर स्थिति हो गई है. कई सड़कों पर पानी इस तरह भर गया है कि वे छोटी नदियां जैसी दिखाई देने लगी. जलनिकासी की समुचित व्यवस्था नहीं होने के कारण बारिश का पानी लोगों के घरों और दुकानों में घुस गया है. जिससे दैनिक जीवन पूरी तरह अस्त-व्यस्त है.घरों में लबालब पानी घुसने से हुई भारी परेशानीबारिश के कारण दर्जनों परिवारों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ा है. घरों में लबालब पानी घुसने से खाद्यान्न,कपड़े,फर्नीचर, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण और अन्य घरेलू सामान खराब हो गए हैं. दुकानों में पानी भर जाने से व्यापारियों को भी नुकसान का सामना करना पड़ा. कई दुकानदारों ने बताया कि अचानक पानी भरने से सामान सुरक्षित स्थान पर ले जाने का समय तक नहीं मिला. लोगों ने नगर प्रशासन से जलनिकासी व्यवस्था को बेहतर बनाने और प्रभावित परिवारों को राहत उपलब्ध कराने की मांग की है.शहर की कई प्रमुख सड़कें हुई जलमग्नभारी बारिश का असर यातायात व्यवस्था पर भी साफ दिखाई दे रहा है. शहर की कई प्रमुख सड़कें जलमग्न हो गई हैं,जबकि निर्माणाधीन बाईपास पर कीचड़ और फिसलन के कारण वाहनों की आवाजाही काफी प्रभावित हुई.दोपहिया वाहन चालकों को सबसे अधिक परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. कई स्थानों पर वाहन कीचड़ में फंसते देखे गए, जिससे लंबा जाम भी लगा. लोगों ने निर्माण कार्य में तेजी लाने और वैकल्पिक यातायात व्यवस्था सुनिश्चित करने की मांग की है.येलो अलर्ट के बाद जिला प्रशासन सतर्कमौसम विभाग द्वारा जारी येलो अलर्ट के बाद जिला प्रशासन सतर्क हो गया है. प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान खुले स्थानों, पेड़ों के नीचे और जलभराव वाले क्षेत्रों में जाने से बचने की अपील की है. विशेष रूप से वज्रपात की संभावना को देखते हुए ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को खेतों में काम करते समय सावधानी बरतने की सलाह दी गई है.किसानों के लिए बड़ी राहतहालांकि,यह बारिश शहरवासियों के लिए परेशानी का कारण बनी हुई है,लेकिन किसानों के लिए राहत की खबर लेकर आई है.जिले में धान की रोपाई का कार्य पर्याप्त बारिश नहीं होने के कारण प्रभावित हो रहा था. अब लगातार वर्षा से खेतों में पर्याप्त पानी जमा होने लगा है, जिससे धान की रोपाई में तेजी आने की उम्मीद है. किसानों का कहना है कि यदि अगले कुछ दिनों तक संतुलित बारिश होती रही तो इस वर्ष अच्छी खेती और बेहतर उत्पादन की संभावना बढ़ जाएगी.
लोहरदगा:लोहरदगा पुलिस ने एक संभावित आपराधिक घटना को समय रहते विफल करते हुए अवैध हथियार के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने उनके कब्जे से देशी पिस्टल, चार जिंदा कारतूस, एक मैगजीन, एक मोबाइल फोन और एक कार जब्त की है. वहीं, एक आरोपी पुलिस को चकमा देकर मौके से फरार हो गया,जिसकी गिरफ्तारी के लिए छापेमारी जारी है.पुलिस की गठित टीम ने किया नाकामपुलिस के अनुसार, 20 जुलाई 2026 को गुप्त सूचना मिली थी कि एक कार में सवार कुछ लोग सोबरनटोली से जुरिया की ओर किसी बड़ी घटना को अंजाम देने की फिराक में था. सूचना की गंभीरता को देखते हुए तत्काल लोहरदगा थाना की विशेष टीम गठित की गई. टीम में पुलिस निरीक्षक सह थाना प्रभारी रत्नेश मोहन ठाकुर के नेतृत्व में पुलिस अवर निरीक्षक रविरंजन कुमार, सहायक अवर निरीक्षक अशर्फी बहेलिया, चन्द्रदीप मेहता, रमेश कुमार तिवारी सहित अन्य पुलिसकर्मी शामिल थे.पुलिस कीतत्परता आपराधिक घटनाओं कोरोकाकरीब 12 बजे पुलिस टीम सोबरनटोली क्षेत्र में पहुंची. इस दौरान सूचना के अनुरूप एक कार आती दिखाई दी. पुलिस वाहन को देखते ही कार की पिछली सीट पर बैठा एक व्यक्ति दरवाजा खोलकर गलियों की ओर भाग निकला.पुलिस ने उसका पीछा किया,लेकिन वह फरार होने में सफल रहा. इसी बीच कार चालक वाहन को पीछे मोड़कर भागने का प्रयास करने लगा,लेकिन पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए चारों ओर से घेराबंदी कर वाहन को रोक लिया.कार की तलाशी लेने परदो व्यक्तियों की हुई पहचान, एक फरारकार की तलाशी लेने पर उसमें सवार दो व्यक्तियों की पहचान हुसैन अंसारी (36 वर्ष), ग्राम लोंगा, थाना भरनो, जिला गुमला और अजय साहू (30 वर्ष), बीआईडी प्रेमनगर, लोहरदगा के रूप में हुई। पूछताछ में फरार आरोपी की पहचान संजय लोहरा, ग्राम लोंगा, थाना भरनो के रूप में हुई. तलाशी के दौरान अजय साहू के पास से 7.65 एमएम का देशी पिस्टल, एक मैगजीन तथा चार जिंदा कारतूस बरामद किए गए. इनमें तीन कारतूस 7.65 एमएम और एक कारतूस 7.62 एमएम का है. इसके अलावा एक मोबाइल और अल्टो कार (पंजीकरण संख्या JH-07B-7575) भी जब्त कर लिया गया है.तीनों मिलकर हत्या की रची थी साजिशप्रारंभिक पूछताछ में गिरफ्तार आरोपियों ने पुलिस को बताया कि तीनों मिलकर एक व्यक्ति की हत्या की योजना बनाकर निकले थे,लेकिन इससे पहले ही पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया. पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.जबकि फरार आरोपी की तलाश लगातार जारी है.इस मामले में लोहरदगा थाना कांड संख्या 102/26 दर्ज किया गया है. आरोपियों के विरुद्ध भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की संबंधित धाराओं और आर्म्स एक्ट की धारा 25(1-बी)ए/26/35 के तहत मामला दर्ज कर आगे की जांच की जा रही है.गिरफ्तार आरोपियों काआपराधिक इतिहास भी रहापुलिस ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में अजय साहू और फरार संजय लोहरा का पूर्व से आपराधिक इतिहास भी रहा है. पुलिस अब इनके आपराधिक नेटवर्क, हथियार की खरीद-फरोख्त और घटना के संभावित उद्देश्य की गहन जांच कर रही है.पुलिस की इस त्वरित कार्रवाई से एक संभावित गंभीर आपराधिक घटना टल गई.
लोहरदगा:झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार ने मंगलवार को जिले में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यक्रम की प्रगति का जायजा लिया. नगर परिषद क्षेत्र के विभिन्न मतदान केंद्रों का भ्रमण कर बीएलओ एवं बीएलए-2 के साथ बैठक की. इस दौरान उन्होंने निर्वाचन प्रक्रिया से जुड़े अधिकारियों एवं कर्मियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए स्पष्ट कहा कि किसी भी पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची से छूटना नहीं चाहिए और किसी अपात्र व्यक्ति का नाम मतदाता सूची में शामिल नहीं होना चाहिए.मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने नगर परिषद क्षेत्र अंतर्गत आयशा कच्छी उर्दू बालिका विद्यालय स्थित बूथ संख्या 272, 273 एवं 274, रहमत नगर स्थित एकता छात्रावास के बूथ संख्या 260 एवं 261 तथा ईमली चौक स्थित सामुदायिक भवन के बूथ संख्या 259 में आयोजित बीएलओ एवं बीएलए-2 की बैठकों में भाग लिया। उन्होंने विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम के तहत चल रहे कार्यों की समीक्षा करते हुए मतदान केंद्र स्तर पर मतदाता सूची के अद्यतन एवं सत्यापन की प्रक्रिया की जानकारी प्राप्त की।बैठक के दौरान रवि कुमार ने बीएलओ एवं विभिन्न राजनीतिक दलों द्वारा नियुक्त बीएलए-2 प्रतिनिधियों से कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए शुद्ध एवं त्रुटिरहित मतदाता सूची अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने कहा कि यह सुनिश्चित किया जाना चाहिए कि प्रत्येक पात्र नागरिक का नाम मतदाता सूची में दर्ज हो, वहीं अपात्र व्यक्तियों के नाम सूची से हटाए जाएं।मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बताया कि बीएलओ द्वारा तैयार की गई एएसडीडी सूची का गहन सत्यापन किया जा रहा है। इस सूची में ऐसे मतदाताओं को शामिल किया गया है जो अनुपस्थित हैं,अन्यत्र स्थानांतरित हो चुके हैं,जिनकी मृत्यु हो चुकी है या जिनके नाम एक से अधिक स्थानों पर दर्ज हैं। उन्होंने कहा कि इन सभी मामलों की जांच पूरी पारदर्शिता एवं निष्पक्षता के साथ की जाएगी।उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि ऐसे व्यक्ति जिन्होंने किसी अन्य देश की नागरिकता ग्रहण कर ली है अथवा भारत में निवास करने के बावजूद भारतीय नागरिकता प्राप्त नहीं की है, उनका नाम भारतीय मतदाता सूची में शामिल नहीं किया जा सकता। मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए भारतीय नागरिकता से संबंधित विधिक प्रावधानों का पालन अनिवार्य है।बैठक में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बीएलओ से संवाद करते हुए आगामी कार्यक्रमों की जानकारी भी दी। उन्होंने बताया कि बीएलओ एवं बीएलए-2 की अगली बैठक 22 जुलाई 2026 को सभी मतदान केंद्रों पर आयोजित की जाएगी। इस बैठक में बीएलए-2 प्रतिनिधि एएसडीडी सूची के संबंध में अपने सुझाव एवं मंतव्य प्रस्तुत करेंगे तथा संबंधित सूची उपलब्ध कराएंगे।उन्होंने बताया कि 5 अगस्त 2026 को प्रारूप मतदाता सूची का प्रकाशन किया जाएगा, जिसके बाद दावे एवं आपत्तियों की प्रक्रिया संचालित की जाएगी। उन्होंने सभी संबंधित पक्षों से इस प्रक्रिया में सक्रिय सहयोग की अपील की ताकि मतदाता सूची को अधिक सटीक एवं विश्वसनीय बनाया जा सके।के.रवि कुमार ने राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों एवं बीएलए-2 से मतदाताओं के बीच जागरूकता फैलाने, विशेष गहन पुनरीक्षण कार्यक्रम की महत्ता को समझाने तथा किसी भी प्रकार की भ्रांतियों एवं अफवाहों को दूर करने में सकारात्मक भूमिका निभाने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया में जनभागीदारी और पारदर्शिता लोकतांत्रिक व्यवस्था को मजबूत बनाती है।भ्रमण के दौरान मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बीएलओ द्वारा एसआईआर कार्य, एएसडीडी सूची, मतदाता मैपिंग एवं अन्य निर्वाचन प्रक्रियाओं से संबंधित पूछे गए प्रश्नों का विस्तारपूर्वक उत्तर दिया। उन्होंने सभी बीएलओ को निष्पक्षता, पारदर्शिता और ईमानदारी के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने का निर्देश दिया।इस अवसर पर उपायुक्त सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी संदीप कुमार मीना, पीडी आईटीडीए-सह-वरीय पदाधिकारी (निर्वाचन) सुषमा नीलम सोरेंग, उप निर्वाचन पदाधिकारी संजय कुमार, ईआरओ-सह-अनुमंडल पदाधिकारी अमित कुमार, एईआरओ-सह-कार्यपालक पदाधिकारी नगर परिषद मुक्ति किड़ो, अंचल अधिकारी आर.एन. खलखो, संबंधित बीएलओ, बीएलए-2 प्रतिनिधि, वोलेंटियर्स तथा निर्वाचन कार्यालय के अन्य अधिकारी एवं कर्मी मौजूद रहे.
लोहरदगा:बड़ी खबरलोहरदगा से है जहां शुक्रवार को हुई तेज बारिश के बीच जिले के अलग-अलग इलाकों में वज्रपात की चपेट में आने से 2 महिलाओं की दर्दनाक मौत हो गई,जबकि 8 लोग गंभीर रूप से घायल हो गए. सभी घायलों का इलाज अस्पताल में चल रहा है. घटना के बाद पूरे इलाके में शोक का माहौल है. प्रशासन ने लोगों से खराब मौसम के दौरान सतर्क रहने और खुले स्थानों पर नहीं जाने की अपील की है.जानकारी के अनुसार,जिले के चरहू गांव निवासी 48 वर्षीय असीदा खातून,पिता स्वर्गीय अजीज खान,शुक्रवार को बकरी चराने के लिए निकली थी. इसी दौरान अचानक तेज मेघ गर्जना के साथ आकाशीय बिजली गिरी और वह उसकी चपेट में आ गईं. वज्रपात इतना तेज था कि उनकी मौके पर ही मौत हो गई. घटना की सूचना मिलते ही परिजन और ग्रामीण घटना स्थल पर पहुंचे,जहां मातम का माहौल छा गया.वहीं दूसरी घटना सलगी कोलपारा गांव में हुई,जहां घूरती उरांव,पति कर्मा उरांव,खेत में धान की रोपनी का कार्य कर रही थी. अचानक मौसम खराब हुआ और आकाशीय बिजली उनके ऊपर गिर गई. गंभीर रूप से झुलसी घूरती उरांव को ग्रामीणों की मदद से अस्पताल ले जाया गया,लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया.इन घटनाओं के अलावा जिले के विभिन्न गांवों में कई लोग वज्रपात की चपेट में आकर घायल हो गए. घायलों में मनहे गांव निवासी सुनील उरांव और उनके सगे भाई अनिल उरांव, सोमनाथ उरांव, तिसिया निवासी सोनमती देवी, नीतू कुमारी, महेंद्र मुंडा, सरस्वती देवी तथा सलगी कोलपारा निवासी कर्मा उरांव शामिल हैं. बताया गया कि कुछ लोग खेत से लौट रहे थे, जबकि कुछ खेती-बाड़ी के कार्य में लगे हुए थे, तभी अचानक वज्रपात हो गया.घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए सभी घायलों को तत्काल अस्पताल पहुंचाया,जहां उनका इलाज जारी है. चिकित्सकों के अनुसार कुछ घायलों की स्थिति गंभीर बनी हुई है,जबकि अन्य की हालत स्थिर बताई जा रही है.लगातार हो रही बारिश और वज्रपात की घटनाओं को देखते हुए जिला प्रशासन ने लोगों से विशेष सतर्कता बरतने की अपील की है. प्रशासन ने कहा है कि खराब मौसम के दौरान खेतों,खुले मैदानों,ऊंचे स्थानों तथा पेड़ों के नीचे जाने से बचें. मौसम खराब होने पर सुरक्षित भवनों में शरण लें और अनावश्यक रूप से घरों से बाहर न निकलें.एक ही दिन में दो महिलाओं की मौत और आठ लोगों के घायल होने की इस घटना ने पूरे लोहरदगा जिले को झकझोर कर रख दिया है. प्रशासन ने लोगों से मौसम विभाग की चेतावनियों का पालन करने और सावधानी बरतने की अपील की है, ताकि भविष्य में ऐसी दुखद घटनाओं से बचा जा सके.
लोहरदगा:मुहर्रम पर्व शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराने को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट मोड पर है.इसी कड़ी में शहर के विभिन्न क्षेत्रों में पुलिस द्वारा व्यापक मॉक ड्रिल किया गया. इस दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखने, भीड़ नियंत्रण करने और किसी भी आपातकालीन स्थिति से निपटने की तैयारियों का अभ्यास किया गया.अधिकारियों नेसुरक्षाबलों की तत्परता का परीक्षण कियामॉक ड्रिल का नेतृत्व अनुमंडल पदाधिकारी अमित कुमार एवं अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी श्रद्धा केरकेट्टा ने संयुक्त रूप से किया.मॉक ड्रिल में पुलिस बल, दंगा नियंत्रण दल, अग्निशमन विभाग और अन्य संबंधित विभागों के कर्मियों ने भाग लिया. अधिकारियों ने विभिन्न परिस्थितियों का कृत्रिम निर्माण कर सुरक्षाबलों की तत्परता और प्रतिक्रिया क्षमता का परीक्षण किया.अप्रिय घटना की स्थिति से निपटने का किया गया अभ्यासमॉक ड्रिल के दौरान भीड़ को नियंत्रित करने, संवेदनशील स्थानों पर सुरक्षा व्यवस्था मजबूत करने, किसी अप्रिय घटना की स्थिति में त्वरित कार्रवाई करने और अफवाहों पर नियंत्रण रखने के तरीकों का प्रदर्शन किया गया. पुलिस जवानों ने दंगा नियंत्रण उपकरणों के उपयोग, बैरिकेडिंग, भीड़ को सुरक्षित दिशा में ले जाने और आपातकालीन बचाव कार्यों का भी अभ्यास किया.धार्मिक अवसर पर प्रशासन की प्राथमिकता चुनौतीपूर्णअनुमंडल पदाधिकारी अमित कुमार ने कहा कि मुहर्रम जैसे महत्वपूर्ण धार्मिक अवसर पर प्रशासन की प्राथमिकता शांति और सौहार्द बनाए रखना है. उन्होंने कहा कि मॉक ड्रिल का उद्देश्य सुरक्षा व्यवस्था को और अधिक प्रभावी बनाना और किसी भी चुनौतीपूर्ण स्थिति का समय रहते सामना करने के लिए प्रशासनिक तैयारियों को परखना है.संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में पर्याप्त संख्या में रहेगी पुलिस बलवहीं,अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी श्रद्धा केरकेट्टा ने बताया कि पर्व के दौरान जिले के संवेदनशील एवं भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखी जाएगी. पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की जाएगी और असामाजिक तत्वों पर कड़ी नजर रखी जाएगी. उन्होंने आम लोगों से भी प्रशासन का सहयोग करने और किसी भी प्रकार की अफवाह पर ध्यान नहीं देने की अपील की.जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने की अपीलमॉक ड्रिल के माध्यम से पुलिस प्रशासन ने यह संदेश दिया कि जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं. प्रशासन का लक्ष्य है कि मुहर्रम का पर्व आपसी भाईचारे, सद्भाव और सुरक्षा के वातावरण में संपन्न हो और सभी श्रद्धालु निर्भय होकर धार्मिक कार्यक्रमों में भाग ले सके.कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग की अपीलजिला प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि वे कानून-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तत्काल पुलिस को दें. मॉक ड्रिल के सफल आयोजन से प्रशासन की तैयारियों का स्पष्ट प्रदर्शन देखने को मिला.
लोहरदगा:बीते दिनों रांची के निवारणपुर स्थित आरएसएस कार्यालय में हुए पेट्रोल बम हमले के बाद शनिवार को ATS की टीम लोहरदगा पहुंची. ATS ने दोनों आरोपियों के घर पर छापेमारी करने पहुंची. शहर के सदर थाना क्षेत्र के राहत नगर और न्यू आजाद बस्ती में शनिवार सुबह ATS की टीम ने गहन तलाशी ली. रांची के निवारणपुर स्थित आरएसएस कार्यालय में फेंके गए पेट्रोल बम के आरोपी अमन अंसारी और सैफ अंसारी के घर लंबे समय तक सर्च अभियान चलाया गया.आरोपियों की मां ने बताया निर्दोषहमला मामले पर दोनों आरोपियों की मां का कहना है कि नशा की लत की वजह से ये लोग काफी परेशान थे. दोनों युवक काफी नशा किया करते थे, जिसकी वजह से इनका इलाज रांची सीआईपी में चल रहा था. वहीं, सर्च अभियान में आरोपियों के घर से क्या कुछ बरामद हुई है यह स्पष्ट नहीं हो पाया है. परिजन अपने बच्चों को निर्दोष बताते हुए न्याय की मांग कर रहे हैं.
लोहरदगा: सदर अस्पताल से एक गर्भवती महिला कोगंभीर स्थिति में रिम्स रेफर करने पर उसे स्लाइन चढ़ाते हुए स्कूटी पर बैठाकर ले जाने का मामला सामने आया है. घटना के बाद स्वास्थ्य विभाग में हड़कंप मच गया है. पूरे मामले में स्वास्थ्य विभाग की गंभीर लापरवाही सामने आई है.जिले के कैरो प्रखंड के तोड़ांग गांव की गर्भवती महिला को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया था. जांच के दौरान ड्यूटी पर मौजूद महिला चिकित्सक ने पाया कि प्रसव की निर्धारित तिथि बीत जाने के 17 दिन बाद भी प्रसव पीड़ा नहीं होने पर महिला की स्वास्थ्य स्थिति को गंभीर समझते हुए उन्हें बेहतर इलाज के लिए रांची स्थित रिम्स रेफर कर दिया गया.चिकित्सक और मेडिकल स्टॉफ ने महिला को 108 एंबुलेंस सेवा से संपर्क करने की सलाह दी थी. हालांकि, स्वजनों ने डॉक्टर और चिकित्साकर्मियों को कथित रूप से बताया कि उनके पास खुद का चौपहिया वाहन उपलब्ध है. इसके बाद जो दृश्य सामने आया, उसने कई सवाल खड़े कर दिए. महिला को स्लाइन लगी हुई अवस्था में ही एक व्यक्ति द्वारा स्कूटी पर बैठाकर अस्पताल परिसर से बाहर ले जाया गया.बताया जा रहा है कि स्कूटी पर तीन लोग सवार थे और महिला की स्थिति गंभीर होने के बावजूद एंबुलेंस का उपयोग नहीं किया गया. जो व्यक्ति महिला को स्कूटी में लेकर गया, वह महिला का रिश्तेदार भी नहीं था. इस घटना ने अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था और मरीजों की निगरानी व्यवस्था पर भी प्रश्नचिह्न लगा दिया है. चर्चा यह भी है कि महिला को रिम्स ले जाने के बजाय शहर के ही एक निजी अस्पताल में ले जाया गया.मामले में निजी अस्पतालों के कथित बिचौलियों की भूमिका को लेकर भी सवाल उठ रहे हैं. पूर्व में भी सदर अस्पताल से मरीजों को निजी अस्पतालों के एजेंटों द्वारा बहला-फुसलाकर ले जाने की शिकायतें सामने आ चुकी हैं. तत्कालीन उपायुक्त डॉ. ताराचंद ने ऐसे मामलों पर रोक लगाने के लिए सदर अस्पताल के सीसीटीवी कैमरों की लाइव मानिटरिंग अपने कार्यालय से कराने की व्यवस्था की थी. हालांकि, उनके स्थानांतरण के बाद एक बार फिर बिचौलियों की सक्रियता को लेकर चर्चाएं तेज हो गई.
लोहरदगा:जिले के भंडरा थाना क्षेत्र में उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब एक चार्टर्ड विमान बेहद कम ऊंचाई पर उड़ता हुआ दिखाई दिया. विमान को आसमान में डगमगाते और असामान्य रूप से नीचे उड़ते देख ग्रामीणों में भय और चिंता का माहौल बन गया है. कई लोगों को आशंका होने लगी है कि कहीं कोई बड़ा हादसा ना हो जाए. हालांकि,राहत की बात यह रही है कि घटना में किसी प्रकार की जनहानि या संपत्ति का नुकसान नहीं हुआ है.प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, भंडरा प्रखंड के उत्तरगी गांव के ऊपर से गुजरते समय विमान सामान्य ऊंचाई से काफी नीचे उड़ रहा था. ग्रामीणों का दावा है कि विमान महज 60 से 70 फीट की ऊंचाई पर उड़ता हुआ प्रतीत हो रहा था,जिससे लोगों में दहशत फैल गई है. ग्रामीणों ने बताया कि विमान हवा में संतुलन बनाते हुए डगमगाता नजर आ रहा था,जिससे ऐसा प्रतीत हो रहा था मानो वह किसी तकनीकी समस्या से जूझ रहा हो.घटना के दौरान कई लोग अपने घरों से बाहर निकल आए और आसमान की ओर देखने लगे. ग्रामीणों का कहना है कि विमान गांव के एक बड़े पेड़ के बेहद करीब पहुंच गया था और बाल-बाल टकराने से बचा. इस दृश्य को देखकर आसपास मौजूद लोगों की सांसें थम गईं. लोगों को डर सताने लगा कि यदि विमान पेड़ या किसी अन्य संरचना से टकरा जाता, तो बड़ा हादसा हो सकता था.ग्रामीणों के अनुसार, उत्तरंगी गांव के ऊपर से गुजरने के बाद विमान भंडरा मुख्यालय की दिशा में बढ़ा है. इस दौरान वह एक मोबाइल टावर के बेहद करीब और काफी कम ऊंचाई से गुजरता दिखाई दिया. टावर के पास से विमान के गुजरने का दृश्य लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गया है. कई ग्रामीणों ने इसे बेहद खतरनाक स्थिति बताते हुए प्रशासन से मामले की जांच की मांग की है.घटना के बाद पूरे इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं शुरू हो गई है. कुछ लोग इसे तकनीकी खराबी से जोड़कर देख रहे हैं, तो कुछ लोगों का कहना है कि विमान संभवतः किसी कारणवश आपात स्थिति में कम ऊंचाई पर उड़ रहा था. हालांकि, विमान की वास्तविक स्थिति और उसके उड़ान मार्ग को लेकर अब तक कोई आधिकारिक जानकारी सामने नहीं आई है.स्थानीय लोगों का कहना है कि इतनी कम ऊंचाई पर विमान उड़ने की घटना उन्होंने पहले कभी नहीं देखी. कई ग्रामीणों ने मोबाइल फोन से विमान का वीडियो बनाने की भी कोशिश की. घटना के बाद लोग काफी देर तक गांव और आस-पास के क्षेत्रों में इसकी चर्चा करते रहे.मामले को लेकर भंडरा थाना के थाना प्रभारी सह पुलिस निरीक्षक रविराज प्रसाद ने बताया कि ग्रामीणों से कम ऊंचाई पर एक चार्टर्ड विमान उड़ने की सूचना प्राप्त हुई है. सूचना के बाद मामले की जानकारी जुटाई जा रही है. उन्होंने कहा कि राहत की बात यह है कि इस घटना में किसी प्रकार की जनहानि अथवा संपत्ति का नुकसान नहीं हुआ है। प्रशासन पूरे मामले पर नजर बनाए हुए है.फिलहाल, क्षेत्र में यह घटना चर्चा का विषय बनी हुई है और लोग यह जानने को उत्सुक हैं कि आखिर विमान इतनी कम ऊंचाई पर क्यों उड़ रहा था और इसके पीछे क्या कारण था.
लोहरदगा:जिले के बक्शी दीपा जंगल क्षेत्र में विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर नवनिर्मित जैव विविधता उद्यान पार्क का भव्य उद्घाटन किया गया. इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में मौजूद सांसद सुखदेव भगत एवं विशिष्ट अतिथि निशिथ जायसवाल ने संयुक्त रूप से पार्क का उद्घाटन किया और शिलापट्ट का अनावरण कर लोहरदगा वासियों को प्रकृति संरक्षण से जुड़ी एक नई सौगात समर्पित की. उद्घाटन समारोह में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग, जनप्रतिनिधि एवं वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे.यह जैव विविधता उद्यान प्राकृतिक वातावरण के संरक्षण, जैव विविधता के संवर्धन और लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से विकसित किया गया है. घने जंगलों के बीच निर्मित इस पार्क में स्थानीय वनस्पतियों, औषधीय पौधों और जैव विविधता को संरक्षित करने की दिशा में कई महत्वपूर्ण पहल की गई है. साथ ही इसे पर्यावरण शिक्षा एवं पर्यटन के दृष्टिकोण से भी महत्वपूर्ण माना जा रहा है.विशिष्ट अतिथि निशिथ जायसवाल ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण आज समय की सबसे बड़ी जरूरत बन चुकी है. लगातार बढ़ते प्रदूषण, जंगलों की कटाई और जलवायु परिवर्तन जैसी चुनौतियों के बीच इस प्रकार के जैव विविधता उद्यान समाज को प्रकृति के महत्व से जोड़ने का कार्य करेंगे. उन्होंने कहा कि आने वाली पीढ़ियों को स्वच्छ वातावरण देने के लिए पेड़-पौधों और प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण जरूरी है. ऐसे उद्यान न केवल लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक करेंगे, बल्कि बच्चों और युवाओं को प्रकृति को करीब से समझने का अवसर भी प्रदान करेंगे.वहीं, मुख्य अतिथि सांसद सुखदेव भगत ने अपने संबोधन में कहा कि विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर लोहरदगा को यह महत्वपूर्ण सौगात मिली है. उन्होंने कहा कि जंगल और पर्यावरण हमारी धरोहर हैं, जिनकी रक्षा करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है. जैव विविधता उद्यान केवल एक पार्क नहीं बल्कि प्रकृति संरक्षण की दिशा में एक सकारात्मक पहल है, जो लोगों को हरियाली, वन्य संपदा और पर्यावरण संतुलन के महत्व को समझाने का कार्य करेगा. उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक पौधरोपण करने और पर्यावरण संरक्षण के अभियान में सक्रिय भागीदारी निभाने की अपील की.समारोह के दौरान अतिथियों ने पार्क परिसर का निरीक्षण भी किया तथा यहां विकसित की गई संरचनाओं और पौधारोपण कार्यों की जानकारी ली. स्थानीय लोगों ने भी पार्क के निर्माण को जिले के लिए एक सकारात्मक पहल बताते हुए खुशी जाहिर की. लोगों का कहना था कि इससे न केवल पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा मिलेगा बल्कि क्षेत्र में पर्यटन की संभावनाएं भी बढ़ेंगी.इस मौके पर डीडीसी राज महेश्वरम,डीएफओ अभिषेक कुमार, विशाल डुंगडुंग, निश्चय वर्मा, अमित वर्मा, वनपाल किशोर कुमार, विक्की मेहता सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित थे. कार्यक्रम के दौरान पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया तथा लोगों को प्रकृति के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाने के लिए प्रेरित किया गया.
लोहरदगा: जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की महत्वपूर्ण बैठक समाहरणालय स्थित सभाकक्ष में आयोजित की गई है. बैठक की अध्यक्षता लोहरदगा सांसद सुखदेव भगत कर रहे हैं. बैठक में जिले में संचालित विभिन्न केंद्रीय एवं राज्य प्रायोजित विकास योजनाओं की समीक्षा की जा रही है. इस दौरान योजनाओं के क्रियान्वयन, प्रगति, समस्याओं और समाधान पर विस्तृत चर्चा की गई.योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तकपहुंचाने का निर्देशबैठक में सांसद सुखदेव भगत ने विभिन्न विभागों से संचालित योजनाओं की अद्यतन स्थिति की जानकारी ली. उन्होंने अधिकारियों को सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पारदर्शिता और समयबद्ध तरीके से पहुंचाने का निर्देश दिया है. साथ ही विकास कार्यों में गुणवत्ता बनाए रखने और लंबित योजनाओं को शीघ्र पूरा करने पर बल दिया है.बैठक मेंविभागों की योजनाओं की हुई समीक्षाजानकारी के अनुसार बैठक में ग्रामीण विकास, स्वास्थ्य, शिक्षा, पेयजल, सड़क निर्माण, बिजली, कृषि, सामाजिक सुरक्षा, मनरेगा, प्रधानमंत्री आवास योजना, जल जीवन मिशन समेत अन्य विभागों की योजनाओं की समीक्षा की जा रही है. कई महत्वपूर्ण बिंदुओं पर जनप्रतिनिधियों द्वारा सुझाव भी दिए जा रहे हैं, ताकि विकास योजनाओं का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित हो सके.विधायक रामेश्वर उरांव ने जनहित से जुड़ेसमस्याओं का उठायाबैठक में मौजूद विधायक रामेश्वर उरांव ने क्षेत्रीय समस्याओं और जनहित से जुड़े मुद्दों को उठाया. उन्होंने विभिन्न विभागों के अधिकारियों से आम जनता की समस्याओं के त्वरित समाधान की अपेक्षा जताई. वहीं, जिला प्रशासन की ओर से उपायुक्त संदीप कुमार मीना ने विभिन्न योजनाओं की प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बताया कि जिले में विकास कार्यों को गति देने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं.प्रशासनिक महकमे में विशेष सक्रियताबैठक में विधि-व्यवस्था, सुरक्षा व्यवस्था और विकास कार्यों के सुचारू संचालन को लेकर पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी की भी मौजूदगी रही. दिशा की बैठक को लेकर प्रशासनिक महकमे में विशेष सक्रियता देखी जा रही है. जिले की कई विकास योजनाओं को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई गई है.मौके पर सभी विभागों के पदाधिकारी और प्रशासनिक अधिकारी मौजूदमौके पर विधायक रामेश्वर उरांव, जिला उपायुक्त संदीप कुमार मीना, पुलिस अधीक्षक सादिक अनवर रिजवी सहित जिले के सभी विभागों के पदाधिकारी एवं संबंधित अधिकारी मौजूद हैं. दिशा की बैठक को जिले के विकास कार्यों की निगरानी और समन्वय के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है, जिसमें विभिन्न विभागों की योजनाओं की स्थिति की समीक्षा की जाती है और आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जाते हैं.
लोहरदगा:विश्वभर में आज साइकिल दिवस मनाया जा रहा है. इस अवसर पर मंगलवार को शहर में पर्यावरण संरक्षण एवं स्वास्थ्य जागरूकता को लेकर साइकिल रैली निकाली गई. इस मौके पर नगर परिषद अध्यक्ष अनिल उरांव की उपस्थिति में सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर लोगों को पर्यावरण संरक्षण,स्वच्छ वातावरण और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने का संदेश दिया. कार्यक्रम की शुरुआत गुदरी बाजार से की गई.जहां बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं, शिक्षकगण, सामाजिक कार्यकर्ता एवं स्थानीय लोग एकत्रित हुए. रैली को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया गया.प्रतिभागियों ने आम लोगों को किया जागरूकइस दौरान प्रतिभागियों ने पर्यावरण संरक्षण से जुड़े संदेशों वाले पोस्टर एवं स्लोगन के माध्यम से आम लोगों को जागरूक किया. “साइकिल अपनाओ, पर्यावरण बचाओ” “स्वस्थ जीवन का है आधार, साइकिल चलाना बार-बार” जैसे नारों से पूरा शहर गूंज उठा.दैनिक जीवन में साइकिल के उपयोग को बढ़ावा देने पर जोरनगर परिषद अध्यक्ष अनिल उरांव ने कहा कि वर्तमान समय में पर्यावरण संरक्षण सबसे बड़ी आवश्यकता बन गई है. बढ़ते प्रदूषण और बदलते जलवायु संकट को देखते हुए लोगों को पर्यावरण के प्रति गंभीर होने की जरूरत है. उन्होंने कहा कि साइकिल न केवल स्वास्थ्य के लिए लाभकारी है,बल्कि यह प्रदूषण को कम करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है. उन्होंने विद्यार्थियों की भागीदारी की सराहना करते हुए कहा कि युवा पीढ़ी समाज में बदलाव लाने की सबसे बड़ी ताकत है. ऐसे कार्यक्रमों से बच्चों और युवाओं में सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित होती है. उन्होंने लोगों से अपील की है कि वे पर्यावरण संरक्षण के लिए अधिक से अधिक पेड़ लगाएं और दैनिक जीवन में साइकिल के उपयोग को बढ़ावा दें.प्रदूषण मुक्त समाज निर्माण का संदेशरैली में शामिल छात्र-छात्राओं ने भी साइकिल चलाकर लोगों को फिट रहने और प्रदूषण मुक्त समाज निर्माण का संदेश दिया. प्रतिभागियों ने कहा कि साइकिल चलाने से शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर रहता है साथ ही यह आर्थिक रूप से भी किफायती साधन है.रैली ने पूरे शहरवासियों को किया जागरूकविश्व साइकिल दिवस के अवसर पर आयोजित इस रैली ने पूरे शहर में जागरूकता का संदेश फैलाने का काम किया. कार्यक्रम के माध्यम से लोगों को यह समझाने का प्रयास किया गया कि छोटे-छोटे प्रयासों से पर्यावरण संरक्षण की दिशा में बड़ा बदलाव लाया जा सकता है.
लोहरदगा: जिले के भंडरा थाना क्षेत्र के सेंगरा टोली गांव में सोमवार को दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. जहां पारिवारिक विवाद ने खूनी संघर्ष में तब्दिल हो गया. सनकी बेटे ने अपने पिता, पत्नी और तीन वर्षीय मासूम बेटी पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया है. इस जघन्य वारदात में पिता और पत्नी की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि मासूम बेटी गंभीर रूप से घायल हो गई है. पुलिस ने दोनों शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल भेज दिया है.पुलिस हिरासत में आरोपीमृतकों की पहचान सुरेंद्र उरांव (60 वर्ष) और सुजाता उरांव (27 वर्ष) के रूप में हुई है. वहीं, घायल बच्ची रियांशी (3 वर्ष) का इलाज जारी है. पुलिस ने घटना में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद कर आरोपी बेटे संदीप उरांव (35 वर्ष) को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस ने आरोपी से पूछताछ कर मामले की जांच में जुटी हुई है.पारिवारिक विवाद में उतारा मौत के घाटजानकारी के अनुसार सोमवार सुबह घर में किसी बात को लेकर पारिवारिक विवाद हुआ था. विवाद इस हद तक बढ़ गया कि संदीप उरांव ने घर में रखी कुल्हाड़ी उठाकर सबसे पहले अपने पिता सुरेंद्र उरांव पर हमला कर दिया. पिता को मौत के गाट उतारने के बाद उसने पत्नी सुजाता उरांव पर भी कुल्हाड़ी से वार कर दिया. इतना ही नहीं,आरोपी ने अपनी तीन वर्षीय मासूम बेटी रियांशी को भी नहीं बख्शा और उस पर जानलेवा हमला कर दिया.घटना की भयावहता देख ग्रामीणों के उड़े होशहमले के बाद घर के अंदर चीख-पुकार मच गई. शोर सुनकर आस-पास के ग्रामीण घटनास्थल की ओर दौड़े. जब तक लोग पहुंचे, तब तक सुरेंद्र उरांव और सुजाता उरांव की मौत हो चुकी थी. जबकि गंभीर रूप से घायल बच्ची खून से लथपथ हालत में तड़प रही थी. घटना की भयावहता देख ग्रामीणों के होश उड़ गए और तुरंत पुलिस को सूचना दी गई.जिंदगी और मौत से लड़ रही तीन वर्षीय मासूमघटना की जानकारी मिलते ही भंडरा थाना पुलिस दलबल के साथ मौके पर पहुंचे. थाना प्रभारी मनोज कुमार गुप्ता ने गंभीर रूप से घायल मासूम रियांशी को अपनी गोद में उठाकर तत्काल सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भंडरा पहुंचाया. जहां डॉक्टरों ने प्राथमिक उपचार किया, लेकिन बच्ची की गंभीर स्थिति को देखते हुए बेहतर इलाज के लिए उसे उच्च चिकित्सा केंद्र रेफर कर दिया.आरोपी से पूछताछ की जारीपुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर हत्या में प्रयुक्त कुल्हाड़ी बरामद कर ली और त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी संदीप उरांव को गिरफ्तार कर लिया. प्रारंभिक जांच में घटना का कारण पारिवारिक विवाद बताया जा रहा है,हालांकि पुलिस सभी बिंदुओं पर गंभीरता से जांच कर रही है. आरोपी से पूछताछ की जा रही है.मानसिक तनाव,घरेलू कलह से परेशान थासंदीप उरांवग्रामीणों के अनुसार संदीप उरांव का व्यवहार पिछले कुछ दिनों से असामान्य लग रहा था. गांव के लोगों ने बताया कि वह अक्सर चिड़चिड़ा रहता था और घर में विवाद की स्थिति बनी रहती थी. हालांकि, घटना के पीछे मानसिक तनाव, घरेलू कलह या अन्य कोई कारण है, इसका खुलासा पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगा. इधर, गांव में मातम पसरा हुआ है.भंडरा थाना पुलिस कर रही कार्रवाईभंडरा थाना पुलिस का कहना है कि मामले की हर पहलू से जांच की जा रही है और आरोपी के खिलाफ विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी. यह घटना न केवल एक परिवार को तबाह कर गई, बल्कि पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया है.
लोहरदगा:जिले में इन दिनों पेट्रोल और डीजल की भारी संकट देखने को मिल रही है. विभिन्न पेट्रोल पंपों पर वाहनों की लंबी कतारें लग गई है. लोग घंटों लाइन में खड़े होकर अपनी बारी का इंतजार कर रहे हैं. ईंधन की कमी के कारण आम लोगों से लेकर वाहन चालकों और व्यवसायियों तक को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है. कई पेट्रोल पंपों पर पेट्रोल और डीजल खत्म होने की सूचना भी सामने आ रही है, जिससे लोगों में बेचैनी बढ़ गई है.आम जनजीवन प्रभावितलोहरदगा जिले में पेट्रोल और डीजल की किल्लत ने आम जनजीवन को प्रभावित करना शुरू कर दिया है. जिले के कई पेट्रोल पंपों पर सुबह से ही दोपहिया, चारपहिया और व्यावसायिक वाहनों की लंबी लाइनें देखी जा रही हैं. लोग घंटों इंतजार कर किसी तरह अपनी गाड़ियों में ईंधन भरवाने की कोशिश कर रहे हैं. कई वाहन चालक ऐसे भी नजर आए जो एक पेट्रोल पंप से दूसरे पेट्रोल पंप तक भटकते रहे, लेकिन उन्हें ईंधन उपलब्ध नहीं हो सका.लंबी कतार के कारण यातायात व्यवस्था प्रभावितस्थिति ऐसी हो गई है कि पेट्रोल पंपों के बाहर लंबी कतारों के कारण यातायात व्यवस्था भी प्रभावित होती दिख रही है. वाहन चालकों में इस बात को लेकर चिंता है कि यदि जल्द आपूर्ति सामान्य नहीं हुई तो रोजमर्रा के कामकाज पर बड़ा असर पड़ सकता है. स्कूल जाने वाले बच्चों के अभिभावक,ऑफिस जाने वाले कर्मचारी,छोटे कारोबारी और मालवाहक वाहन संचालक भी इस संकट से खासे परेशान हैं.लाइन में खड़े रहने के बावजूद खाली हाथ लौटने को मजबूरस्थानीय लोगों का कहना है कि पेट्रोल और डीजल की कमी के कारण उन्हें काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. कुछ लोग सुबह से लाइन में खड़े रहने के बावजूद खाली हाथ लौटने को मजबूर हो रहे हैं. वहीं, कई वाहन चालक जरूरत से ज्यादा ईंधन भरवाने की कोशिश कर रहे हैं, जिससे पंपों पर दबाव और बढ़ गया है.सामान्य जनजीवन पटरी पर लौटने की लगा रहे उम्मीदईंधन संकट का असर केवल आम लोगों तक सीमित नहीं है, बल्कि परिवहन व्यवस्था और छोटे व्यवसायों पर भी इसका प्रभाव पड़ रहा है. ऑटो चालक, टैक्सी चालक और मालवाहक वाहन संचालक चिंता में हैं कि यदि यही स्थिति बनी रही तो उनकी आजीविका प्रभावित हो सकती है. वहीं, कुछ लोग इस समस्या के जल्द समाधान की मांग कर रहे हैं ताकि सामान्य जनजीवन पटरी पर लौट सके.सभी की निगाहें प्रशासन और तेल कंपनियों पर टिकीफिलहाल लोहरदगा में पेट्रोल और डीजल को लेकर मची अफरा-तफरी ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है. अब सभी की निगाहें प्रशासन और तेल कंपनियों की ओर टिकी हुई है कि कब तक आपूर्ति सामान्य होती है और लोगों को इस परेशानी से राहत मिलती है.
लोहरदगा:झारखंड में आगामी समय में राज्यसभा के दो सीट पर चुनाव होना है। ऐसे में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू का मुख्यमंत्री से मुलाकात राजनीतिक गलियों में चर्चा का विषय बना हुआ है।आज पूर्व राज्यसभा सांसद धीरज प्रसाद साहू ने झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से शिष्टाचार मुलाकात की । इस दौरान राज्य के विकास, लोहरदगा जिले की आवश्यकताओं, युवाओं के खेल विकास तथा जिले में खेल अधोसंरचना को मजबूत करने जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विस्तार से चर्चा हुई। मुलाकात के दौरान लोहरदगा के विकास को लेकर कई अहम बिंदुओं पर सकारात्मक संवाद हुआ।पूर्व सांसद धीरज प्रसाद साहू ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से विशेष रूप से लोहरदगा स्थित बीएस कॉलेज परिसर में मौजूद क्रिकेट मैदान को विकसित करने की मांग रखी।उन्होंने कहा कि जिले में खेल प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, लेकिन बेहतर संसाधनों और आधुनिक खेल सुविधाओं के अभाव में ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों के युवा अपनी प्रतिभा को उचित मंच तक नहीं पहुंचा पाते हैं। ऐसे में यदि बीएस कॉलेज स्थित क्रिकेट मैदान को विकसित किया जाता है, तो इसका लाभ न केवल लोहरदगा बल्कि आसपास के क्षेत्रों के खिलाड़ियों को भी मिलेगा।उन्होंने कहा कि खेल न केवल युवाओं को स्वस्थ जीवनशैली की ओर प्रेरित करता है, बल्कि अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सकारात्मक सोच को भी विकसित करता है। उन्होंने राज्य सरकार से खेल सुविधाओं के विस्तार की दिशा में ठोस पहल करने की अपेक्षा जताई।मुलाकात के दौरान झारखंड की वर्तमान राजनीतिक एवं सामाजिक परिस्थितियों पर भी चर्चा हुई। राज्य के विकास, जनहित से जुड़े मुद्दों तथा विभिन्न क्षेत्रों में सरकार द्वारा किए जा रहे कार्यों को लेकर विचार-विमर्श किया गया। इस दौरान दोनों नेताओं के बीच सौहार्दपूर्ण वातावरण में कई महत्वपूर्ण विषयों पर सकारात्मक चर्चा हुई।पूर्व सांसद धीरज प्रसाद साहू ने मुख्यमंत्री से मुलाकात के बाद कहा कि राज्य के सर्वांगीण विकास के लिए सरकार और जनप्रतिनिधियों के बीच समन्वय जरूरी है। उन्होंने उम्मीद जताई कि लोहरदगा सहित राज्य के अन्य क्षेत्रों में विकास कार्यों को और गति मिलेगी तथा युवाओं को बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जाएंगे।वहीं मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने पूर्व सांसद धीरज प्रसाद साहू के प्रति सम्मान व्यक्त करते हुए कहा कि “धीरू बाबू हमारे अभिभावक हैं। मैं इनकी हर बात का सम्मान करता हूं।” मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य के वरिष्ठ नेताओं का अनुभव सरकार के लिए मार्गदर्शक होता है और उनके सुझावों को गंभीरता से लिया जाता है। उन्होंने यह भी संकेत दिया कि लोहरदगा के विकास और खेल सुविधाओं को मजबूत करने के प्रस्तावों पर सकारात्मक पहल की जाएगी।इस अवसर पर अधिवक्ता सचिदानंद चौधरी भी मौजूद रहे। माना जा रहा है कि लोहरदगा में खेल अधोसंरचना और विकास से जुड़े मुद्दों पर आने वाले समय में कुछ महत्वपूर्ण पहल देखने को मिल सकती है।
लोहरदगा:ऑनलाइन फार्मेसी और अवैध ई-फार्मेसी गतिविधियों के विरोध में बुधवार को दवा दुकानदारों का देशव्यापी बंद है. देशभर में दवा विक्रेताओं के शीर्ष संगठन द्वारा आहूत राष्ट्रव्यापी बंद का असर जिले में भी देखने को मिला. जिले के दवा व्यवसायियों ने इस बंद का समर्थन करते हुए केंद्र सरकार से अवैध ऑनलाइन दवा बिक्री पर सख्त कार्रवाई की मांग की है.जानकारी के अनुसार,ऑल इंडिया ऑर्गेनाइजेशन ऑफ केमिस्ट एंड ड्रजिस्ट (AIOCD) के राष्ट्रव्यापी बंद के आह्वान पर लोहरदगा जिले के दवा व्यवसायियों ने एकजुटता दिखाते हुए अपनी दुकानें बंद रखी है. जिले के विभिन्न क्षेत्रों में मेडिकल स्टोर बंद रहने से आम लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा. हालांकि, दवा व्यवसायियों ने आपातकालीन परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए मरीजों के लिए वैकल्पिक व्यवस्था भी सुनिश्चित की है.केमिस्ट एंड ड्रजिस्ट एसोसिएशन के लोहरदगा जिला सचिव पवन गौतम ने कहा कि अनियंत्रित रूप से बढ़ रही ई-फार्मेसी गतिविधियां न केवल स्थानीय दवा व्यवसाय को प्रभावित कर रही हैं,बल्कि आम जनता के स्वास्थ्य के लिए भी गंभीर खतरा बनती जा रही हैं. उन्होंने कहा कि कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म बिना पर्याप्त निगरानी और तय नियमों के दवाओं की बिक्री कर रहे हैं, जिससे गलत दवा मिलने, एक्सपायरी दवाओं की आपूर्ति और दवाओं के दुष्प्रभाव की आशंका बढ़ जाती है.उन्होंने कहा कि कई बार ऑनलाइन माध्यम से मरीज बिना चिकित्सकीय सलाह के दवाएं मंगवा लेते हैं, जिससे स्वास्थ्य संबंधी जोखिम बढ़ जाते हैं. दवा व्यवसायियों का कहना है कि मेडिकल स्टोर पर प्रशिक्षित फार्मासिस्ट की मौजूदगी में मरीजों को सही दवा और उचित जानकारी मिलती है. जबकि ऑनलाइन बिक्री में इस प्रकार की निगरानी का अभाव रहता है.दवा व्यवसायियों ने केंद्र सरकार से मांग की है कि ऑनलाइन दवा बिक्री के लिए सख्त नियम बने और अवैध रूप से संचालित ई-फार्मेसी प्लेटफॉर्म पर कठोर कार्रवाई की जाए. उन्होंने यह भी कहा कि यदि सरकार इस दिशा में उचित कदम नहीं उठाती है तो भविष्य में आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जा सकता है.इधर, बंद के दौरान मरीजों को परेशानी न हो, इसके लिए केमिस्ट एंड ड्रजिस्ट संघ की ओर से जिले के विभिन्न प्रखंडों में आवश्यक दवाओं की आपूर्ति के लिए संपर्क नंबर जारी किए गए हैं. संघ ने बताया कि जरूरतमंद मरीज इन नंबरों पर संपर्क कर आवश्यक दवाएं प्राप्त कर सकते हैं.सेन्हा प्रखंड के लिए 8709555965, कुडू प्रखंड के लिए 6200458260, भंडरा प्रखंड के लिए 9608891851, कैरो प्रखंड के लिए 9798365971 नंबर जारी किए गए हैं. वहीं, लोहरदगा शहरी क्षेत्र के मरीजों के लिए 8292324141 एवं 7717797054 नंबर उपलब्ध कराए गए हैं.जिले के दवा व्यवसायियों ने आम लोगों से सहयोग की अपील करते हुए कहा कि यह बंद किसी व्यापारिक हित से अधिक आम जनता के स्वास्थ्य सुरक्षा और दवा व्यवस्था को सुरक्षित बनाए रखने के उद्देश्य से किया गया है.