ट्रेन की जनरल बोगी में सफर कर स्कूल का निरीक्षण करने पहुंचे डॉ. एस. सिद्धार्थ, शिक्षक और छात्र रह गए दंग
PATNA :1991 बैच के IAS अधिकारी और शिक्षा विभाग के नये अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ एकबार फिर सुर्खियों में हैं। जी हां, सादगी पसंद एस. सिद्धार्थ का एक और अलग अंदाज देखने को मिला है, जिसे देखकर लोग हैरान हैं। बिहार में शिक्षा व्यवस्था को दुरुस्त करने के लिए डॉ. एस. सिद्धार्थ लगातार स्कूलों का निरीक्षण कर रहे हैं और छात्रों से भी मिलकर पठन-पाठन को लेकर रू-ब-रू हो रहे हैं।शिक्षा विभाग के ACS का दिखा नया रूपइसी कड़ी में शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ आज भोजपुर जिले के बिहिया स्थित कन्या मध्य विद्यालय पहुंचे, जहां उन्होंने स्कूल का औचक निरीक्षण किया और क्लास में जाकर शिक्षकों के साथ-साथ छात्र-छात्राओं से मुलाकात की। इस दौरान शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ पसीने से तर-बतर दिखे। ट्रेन की जनरल बोगी में किया सफरदरअसल, इसके पीछे की भी एक कहानी है। जी हां, जब डॉ. एस. सिद्धार्थ पटना से भोजपुर के बिहिया के लिए निकले, तब वे अपने लाव-लश्कर के साथ नहीं बल्कि ट्रेन के जनरल बोगी में सफर करते दिखे। इस दौरान उन्हें कोई भी यात्री नहीं पहचान पाया। उन्हें सीट भी नहीं मिली लिहाजा वे खड़े होकर ही बिहिया तक की यात्रा करते दिखे।हालांकि, इस दौरान वे कुछ यात्रियों से बात करते भी दिखे और शिक्षा की बेहतरी के संबंध में पूछा। शिक्षा विभाग के नये अपर मुख्य सचिव की इस सादगी को देखकर हर कोई उनका फैन हो गया है और कह रहा है कि अधिकारी हो तो ऐसा। अपनी इस यात्रा के दौरान जब ट्रेन किसी स्टेशन पर रूकती तो वे नीचे उतरकर दैनिक मजदूरी करने वाली महिलाओं और पुरुषों से भी बात करते और उनके हालात को समझते।सड़क किनारे मिली छात्राएं तो...इसके बाद वे जब बिहिया स्टेशन पर ट्रेन से उतरते हैं तो वे पैदल ही स्कूल की तरफ कूच कर जाते हैं। इस दौरान उनके साथ ही कोई भी नहीं दिखता। हालांकि, जब वे कन्या मध्य विद्यालय की तरफ बढ़ते हैं तो उन्हें सड़क किनारे कुछ छात्राएं मिलती हैं, जिसे देखकर वे उन्हें रोकते हैं और फिर कुछ सवाल करते हैं। इसके बाद वे उन्हें साथ लेकर स्कूल जाते हैं, जहां उन्हें देखकर स्कूल के प्रधानाध्यापक के साथ-साथ सभी शिक्षक दंग रह जाते हैं।इसके बाद वे पूरे स्कूल का निरीक्षण करते हैं और क्लासरूम में भी पहुंच जाते हैं। कक्षा में वे शिक्षकों से सवाल-जवाब करते हैं और फिर होमवर्क के साथ-साथ छात्रों से पढ़ाई के बारे में पूछते हैं। इस दौरान पठन-पाठन को लेकर शिक्षकों को निर्देश भी देते दिखते हैं।स्लम एरिया के स्कूलों का भी किया था निरीक्षणगौरतलब है कि हाल ही में डॉ. एस. सिद्धार्थ पटना के गर्दनीबाग के अदालतगंज स्लम एरिया के राजकीय प्राथमिक विद्यालय पहुंच गये थे। राजकीय प्राथमिक विद्यालय में शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ को अपने बीच पाकर बच्चे खुशी से झूम उठे और उन्हें तुरंत गुड मॉर्निंग सर कहकर अभिवादन किया। बच्चों के बीच पहुंचकर उन्होंने कॉपी चेक किया। होमवर्क देखा। बच्चों से बात की थी। इस दौरान उन्होंने बच्चों से स्कूल ड्रेस और बिजली के बारे में भी पूछा था। वहीं, बीते दिनों डॉ. एस. सिद्धार्थ ने विकास भवन के पास से गुजर रहे बच्चों से भी गाड़ी रुकवाकर बात की थी और उनका होमवर्क चेक किया था।फिलहाल शिक्षा विभाग के नये अपर मुख्य सचिव डॉ. एस. सिद्धार्थ के इस रूप को देखकर हर कोई दंग है लेकिन उनके चाहने और जानने वाले इस बात से भलीभांति वाकिफ हैं कि उनका ये रूप अक्सर देखने को मिल जाता है क्योंकि वे बेहद सादगी पंसद ऑफिसर हैं। हमेशा सुर्खियों में रहते हैं IAS एस. सिद्धार्थगौरतलब है कि IAS अधिकारी एस. सिद्धार्थ अपनी सादगी को लेकर काफी सुर्खियों में रहते हैं। हाल में ही सड़क किनारे एक नाई से उन्हें बाल कटिंग करवाते देखा गया था। इस दौरान बाल काटने वाले नाई को भी इसकी भनक नहीं लगी कि उनकी कुर्सी पर बैठा शख्स कौन है? उसे ये नहीं पता था कि सड़क किनारे बाल और दाढ़ी बनवा रहा शख्स बिहार सरकार की बेहद पावरफुल कुर्सी पर बैठने वाले IAS एस. सिद्धार्थ हैं।सोशल मीडिया पर तस्वीरें खूब होती हैं वायरलवे अक्सर पटना की सड़कों पर रिक्शों की सवारी करते भी दिख जाते हैं। उनकी कई तस्वीरें हमेशा सोशल मीडिया पर वायरल होती रहती हैं। कभी सड़क किनारे जमीन पर बैठकर आम लोगों की तरह चाय पीते उन्हें देखा जा सकता है तो कभी सड़क किनारे ठेले पर नाश्ता करते। वहीं, ठेले वाले के बर्तन से पानी लेकर पीते उनकी तस्वीर भी सामने आयी थी। वे कई मर्तबा सब्जी मंडी में भी दिख जाते हैं। हाथों में हरी सब्जी से भरा थैला लेकर खुद खरीदारी करते नजर आते हैं।सड़क किनारे कचौड़ी-जलेबी खाते दिख जाते हैं एस. सिद्धार्थIIT से कंप्यूटर साइंस में इंजीनियरिंग, इनफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी में डॉक्टरेट की डिग्री पाने वाले डॉ. एस. सिद्धार्थ इससे पहले गया में आमलोगों की तरह कचौड़ी-जलेबी और गोलगप्पे खाते नजर आए थे। वह रिक्शा वाले संग घूमते और बात करते भी दिखते हैं।
Prasoon Pandey·