पुलिस कई एंगल से कर रही जांच, CCTVकाDVRऔर मोबाइल गायब; पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा ने दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की, राजस्व कर्मियों ने उठाई सुरक्षा की मांग

रांची: अरगोड़ा अंचल के राजस्व कर्मी लक्ष्मीकांत मुंडा की हत्या का मामला अब तक अनसुलझा है। पुलिस हत्या के पीछे की वजह और आरोपियों तक पहुंचने के लिए कई बिंदुओं पर जांच कर रही है। रविवार को मेडिकल बोर्ड के गठन के बाद मृतक के शव का पोस्टमार्टम कराया गया, ताकि जांच में महत्वपूर्ण साक्ष्यों को सुरक्षित रखा जा सके। घटना के बाद राजस्व कर्मचारियों में सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।

पुलिस कई एंगल से कर रही जांच

राजस्व कर्मी की हत्या की गुत्थी सुलझाने के लिए ग्रामीण एसपी के नेतृत्व में पुलिस और टेक्निकल सेल की टीम जांच में जुटी है। अब तक हत्या के कारणों का खुलासा नहीं हो सका है। जांच के दौरान घर से सीसीटीवी कैमरे का डीवीआर और मृतक का मोबाइल गायब मिलने की बात सामने आई है। वहीं, घर में संघर्ष के स्पष्ट निशान नहीं मिलने से पुलिस सभी संभावित पहलुओं की पड़ताल कर रही है। हालांकि, हत्या में किसी परिचित की भूमिका होने की आशंका की अब तक आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।

अर्जुन मुंडा ने की जल्द गिरफ्तारी की मांग

पोस्टमार्टम के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा भी पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे और घटना पर गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की। साथ ही जांच में देरी होने पर किसी बड़ी जांच एजेंसी से मामले की जांच कराने की बात कही।

राजस्व कर्मचारी संघ नेSITजांच की उठाई मांग

झारखंड राजस्व उपनिरीक्षक संघ के मुख्य संरक्षक भरत सिन्हा ने मामले के पीछे आपराधिक साजिश की आशंका जताते हुए विशेष जांच दल (SIT) गठित करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि वर्ष2021 में रातू अंचल के राजस्व उपनिरीक्षक सत्यप्रकाश श्रीवास्तव की भी गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उस मामले में जमीन विवाद की बात सामने आई थी। लगातार ऐसी घटनाओं से अंचल कर्मी खुद को असुरक्षित महसूस कर रहे हैं।

फिलहाल,लक्ष्मीकांत मुंडा की हत्या के पीछे जमीन विवाद है या कोई अन्य कारण,यह स्पष्ट नहीं हो पाया है। पुलिस की जांच के बाद ही वारदात की वजह और इसमें शामिल लोगों के बारे में स्थिति साफ हो सकेगी।

रांची से नैयर की रिपोर्ट