पटना हाईकोर्ट के आदेश पर अंबेडकर चौक परिसर से हटाया गया अतिक्रमण,छठ पूजा तक मोहलत देने की मांग लेकर दुकानदारों ने किया था धरना-प्रदर्शन

कटिहार:बिहार के कटिहार जिले के मनिहारी नगर पंचायत स्थित अंबेडकर चौक परिसर में सोमवार को प्रशासन ने बड़ी कार्रवाई करते हुए17 दुकानों को बुलडोजर से ध्वस्त कर दिया। पटना हाईकोर्ट के आदेश के आलोक में शुरू हुई अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई दोपहर से लेकर देर शाम तक चली। कार्रवाई से पहले दुकानदारों ने धरना-प्रदर्शन कर छठ पूजा तक दुकानें नहीं तोड़ने की मांग की,लेकिन प्रशासन ने अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई जारी रखी।

धरना-प्रदर्शन के बावजूद प्रशासन की कार्रवाई

अंबेडकर चौक परिसर में दुकानों को हटाने की कार्रवाई शुरू होते ही इलाके में हलचल तेज हो गई। वर्षों से कारोबार कर रहे दुकानदार अपनी दुकानों को टूटने से बचाने और सामान निकालने की कोशिश करते नजर आए। मौके पर किसी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया था।

दुकानों के ध्वस्त होने से वहां कारोबार करने वाले लोगों के सामने आजीविका का संकट खड़ा हो गया है। दुकानदारों का कहना है कि दुकानें ही उनके परिवार की आय का मुख्य साधन थीं।

हाईकोर्ट के आदेश पर हटाया गया अतिक्रमण

एसडीएम त्रिलोकीनाथ सिंह ने बताया कि पटना हाईकोर्ट के आदेश संख्या CWJC 5484 के आलोक में अतिक्रमण हटाने की कार्रवाई की गई है। वहीं, एसडीपीओ विनोद कुमार ने कहा कि न्यायालय के आदेश के तहत अतिक्रमित जमीन को खाली कराया गया है।

कार्रवाई के दौरान एसडीएम त्रिलोकीनाथ सिंह, एसडीपीओ विनोद कुमार, मजिस्ट्रेट के रूप में राजस्व अधिकारी रामसागर पासवान,थानाध्यक्ष संतोष कुमार झा, इंस्पेक्टर पप्पू कुमार और बीडीओ सनत कुमार समेत कई अधिकारी मौजूद रहे।

दुकानदारों ने की पुनर्वास की मांग

दुकानों के टूटने के बाद प्रभावित दुकानदारों की चिंता बढ़ गई है। दुकानदार करीम, मुन्ना ठाकुर और राजेश चौरसिया ने बताया कि दुकानें उनके परिवार की आजीविका का मुख्य सहारा थीं। अब दुकानें नहीं रहने से परिवार का खर्च चलाने और बच्चों की पढ़ाई जारी रखने को लेकर परेशानी खड़ी हो गई है।

दुकानदारों ने प्रशासन से पुनर्वास और रोजगार की वैकल्पिक व्यवस्था करने की मांग की है,ताकि वे अपने परिवार का भरण-पोषण कर सकें।

कार्रवाई के बाद पुनर्वास पर टिकी निगाहें

हाईकोर्ट के आदेश पर हुई इस कार्रवाई के बाद अब प्रभावित दुकानदारों के सामने आजीविका का सवाल खड़ा हो गया है। एक ओर प्रशासन ने न्यायालय के आदेश के तहत अतिक्रमण हटाने की बात कही है,वहीं दूसरी ओर दुकानदार अपने भविष्य और परिवार की आर्थिक स्थिति को लेकर चिंतित हैं।

अब देखना होगा कि प्रभावित दुकानदारों की पुनर्वास और वैकल्पिक रोजगार की मांग पर प्रशासन क्या कदम उठाता है।

कटिहार से रितेश कुमार की रिपोर्ट