Patna : पटना हाईकोर्ट ने बिहार तकनीकी सेवा आयोग की ओर से स्टाफ नर्स भर्ती में पिछड़ा वर्ग,अति पिछड़ा वर्ग और आर्थिक रूप से पिछड़ा अभ्यर्थियों को आरक्षण से वंचित करने की कार्रवाई को निरस्त कर दिया है. कोर्ट ने स्पष्ट किया कि13जून, 2025तक जारी आवश्यक जाति,एनसीएलसी और आर्थिक रूप से पिछड़े का प्रमाण पत्र जमा कर दिए हैं,तो उन्हें उनकी आरक्षित श्रेणी में ही माना जाए और उसी के अनुसार परिणाम प्रकाशित करने का आदेश दिया.
जस्टिस पार्थ सारथी की एकलपीठ ने शाहिद अख्तर सहित दस अन्य की ओर से दायर याचका पर सुनवाई के बाद यह आदेश दिया.
बीटीएससी ने स्वास्थ्य विभाग में स्टाफ नर्स के11389पदों के लिए एक विज्ञापन संख्या23/2025जारी किया था. आवेदन की अंतिम तिथि25अप्रैल,से23मई, 2025रखी गई थी. बिहार नर्सिंग कैडर नियमावली2024के तहत शर्त रखी गई थी कि बिहार से बाहर के संस्थानों से जीएनएम करने वालों अभ्यर्थियों को भारतीय नर्सिंग काउंसिल (आईएनसी),नई दिल्ली से उपयुक्तता प्रमाण पत्र देना होगा.
इस नियम और विज्ञापन को हाई कोर्ट में चुनौती दी गई थी. कोर्ट को बताया गया कि आईएनसी ऐसा कोई प्रमाण पत्र जारी ही नहीं करता. यह राज्य नर्सिंग काउंसिल का काम है. कोर्ट ने16मई, 2025को अंतरिम आदेश जारी करते हुए बगैर आईएनसी सर्टिफिकेट और बिहार नर्सिंग काउंसिल में पंजीकरण के आवेदन करने का आदेश दिया. साथ ही महाधिवक्ता ने इस नियमों पर पुनर्विचार करने की बात कही.
इस आदेश के बाद बीटीएससी ने6जून,2025को नोटिस जारी कर विज्ञापन में संशोधन किया और आवेदन की तिथि7जून से बढ़ा कर13जून, 2025कर दिया. कोर्ट को बताया गया कि बढ़े हुए अवधि के दौरान आवेदकों ने आवेदन किया और30जुलाई से3अगस्त, 2025तक लिखित परीक्षा दी और पास भी हुए.
दस्तावेज सत्यापन के दौरान तकनीक आयोग ने विज्ञापन के क्लॉज6(ix)का हवाला देते हुए सभी प्रमाण पत्र23मई,2025तक के ही को मान्य माना.23मई के बाद जारी एनसीएलसी और आर्थिक रूप से पिछड़े सर्टिफिकेट वाले अभ्यर्थियों को अनारक्षित श्रेणी में रखा.
कोर्ट को बताया गया कि जब आवेदन की तिथि7जून से बढ़कर13जून कर दी गई,तो सर्टिफिकेट का कट-ऑफ भी13जून होना चाहिए. कोर्ट ने अपने आदेश में कहा कि जब स्वास्थ्य विभाग की मुख्य निदेशक (नर्सिंग) ने21मई, 2026को पत्र भेज बीटीएससी के सचिव को13जून तक अपलोड सर्टिफिकेट को स्वीकार करने की बात कही है. कोर्ट ने तकनीक आयोग को13जून, 2025तक जारी सर्टिफिकेट को मान परिणाम जारी करने का आदेश दिया.
पटना से आनंद वर्मा की रिपोर्ट-
