देवी मंदिर के पास धान के खेत में झोले में नवजात को लेकर पहुंची थी महिला,दो अन्य महिलाएं मौके से फरार;अस्पताल में मां और बच्ची का इलाज जारी
पलामू: झारखंड के पलामू जिले के छतरपुर थाना क्षेत्र में शुक्रवार की देर रात एक चौंकाने वाली घटना सामने आई। मनहू स्थित देवी मंदिर के पास धान के खेत में नवजात बच्ची को लेकर पहुंची एक महिला को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। बच्ची की बलि दिए जाने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि, घटना के पीछे की वास्तविक वजह अभी स्पष्ट नहीं हुई है। ग्रामीणों की तत्परता से नवजात बच्ची और उसकी मां की जान बच गई। दोनों को तत्काल छतरपुर अनुमंडलीय अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज चल रहा है।
झोले में नवजात को लेकर मंदिर के पास पहुंची थी महिला
स्थानीय लोगों के अनुसार, छतरपुर नगर पंचायत क्षेत्र के मदया भलही निवासी अंजू देवी (40 वर्ष), पति रवींद्र उरांव ने शुक्रवार की रात एक बच्ची को जन्म दिया था। इसके बाद वह नवजात को झोले में लेकर अपने घर से करीब पांच किलोमीटर दूर मनहू स्थित देवी मंदिर के पास एक दोहर में धान के खेत तक पहुंची। बताया जाता है कि उस समय महिला के साथ दो अन्य महिलाएं भी मौजूद थीं। मौके पर चूड़ी, सिंदूर समेत कुछ अन्य सामान भी रखे हुए थे। इसी कारण ग्रामीणों के बीच बच्ची की बलि दिए जाने की आशंका जताई जाने लगी।
ग्रामीणों को देखकर दो महिलाएं फरार
इसी दौरान पास के दोहर में मछली मार रहे कुछ लोगों की नजर महिलाओं पर पड़ी। उनकी आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचने लगे। ग्रामीणों को अपनी ओर आता देख दो अन्य महिलाएं वहां से फरार हो गईं, जबकि अंजू देवी को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। घटना की सूचना मिलने पर मुखिया प्रतिनिधि जहीर अंसारी भी मौके पर पहुंचे। उन्होंने नवजात बच्ची को अपने कपड़े में लपेटा और मां के साथ तत्काल छतरपुर अनुमंडलीय अस्पताल पहुंचाया।
परिजनों को गर्भवती होने की जानकारी तक नहीं थी
महिला के परिजनों के अनुसार, अंजू देवी को पहले से एक बच्ची है। परिवार के किसी भी सदस्य को उसके गर्भवती होने और नवजात बच्ची के जन्म की जानकारी नहीं थी। घटना सामने आने के बाद परिवार और आसपास के इलाके में भी चर्चा तेज हो गई है।
पुलिस कर रही पूरे मामले की जांच
घटना की जानकारी मिलने के बाद स्थानीय पुलिस पूरे मामले की छानबीन में जुट गई है। पुलिस यह पता लगाने का प्रयास कर रही है कि महिला नवजात बच्ची को लेकर मंदिर के पास धान के खेत में किन परिस्थितियों में पहुंची थी और उसके साथ मौजूद दोनों महिलाएं कौन थीं। फिलहाल बलि देने की आशंका की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस की जांच के बाद ही घटना की वास्तविक वजह स्पष्ट हो सकेगी। ग्रामीणों की तत्परता से मां और नवजात बच्ची को समय रहते अस्पताल पहुंचाया जा सका।
पलामू से नीतेश रंजन की रिपोर्ट

