patna:-सिपाही भर्ती परीक्षा में फर्जीवाड़ा का खेल लगातार जारी है.पहले पेपर लीक हुआ.इस मामले में राज्य की अलग-अलग जिला की पुलिस और आर्थिक अपराधी इकाई की टीम जांच कर कार्रवाई कर रही है वहीं फर्जीवाड़ा करने वाले गिरोह नें नई परीक्षा की तिथि का ऐलान भी फर्जी तरकी से कर दिया है.उससे संबंधित पत्र सोसल मीडिया पर वायरल होता रहा जिसमें नवंबर और दिसंबर में परीक्षा लेने की बात कही गयी,बाद में केन्द्रीय चयन पर्षद ने परीक्षा की नई तिथि की घोषणा की चिट्टी को फर्जी घोषित कर दिया है.
बतातें चलें कि इस मामले में मास्टर माइंड चंदन की गिरफ्तारी लखीसराय से हुई है,वहीं नालंदा से एक सिपाही भी गिरफ्तार किया गया है जो अपने बहनोई को आंसर बनाकर परीक्षा सेंटर पर भेजा था.गिरफ्तार पुलिस जवान क्यूआरटी के कमलेश कुमार है.कमलेश कुमार पर आरोप है कि उसने अपने बहनोई मोनू के साथ ही छह-सात अभ्यर्थियों के व्हाट्सअप पर आंसर भेजा था. पुलिस ने मोनू के रामकृष्ण द्वारिका कॉलेज से पकड़ा था.उससे पूछताछ और मोबाइल से मिली जानकारी के आधार पुलिस ने सिपाही कमलेश को गिरफ्तार किया है.इस मामले मे 120 से ज्यादा लोगों की गिरफ्तारी हो चुकी है.इस मामले में अब तक कुल 74 केस दर्ज हो चुकें हैं.आर्थिक अपराध इकाई(EOU)की टीम पूरे मामले की जांच कर रही है.
वहीं फर्जी गिरोह ने बुधवार को एक और बड़ा कारनामा कर दिया.सिपाही भर्ती की रद्द हुई परीक्षा की नई तिथि की घोषणा करते हुए केन्द्रीय चयन पर्षद के नाम से फर्जी पत्र भी जारी कर दिया.इस पत्र में 26 नवंबर,3 एवं 10 दिसंबर में परीक्षा की बात कह गयी थी.सोसल मीडिया और मीडिया में इस पत्र के आधार पर खबरे चलने लगी जिसके बाद केन्द्रीय चयन पर्षद ने नई परीक्षा तिथि से संबंधित पत्र को फर्जी बताया है.

