PATNA : बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलाने की मुहिम अब राज्य सरकार ने तेज कर दी है। बुधवार को नीतीश कैबिनेट ने विशेष राज्य के दर्जे की मांग से संबंधित प्रस्ताव पास किया। साथ ही आरक्षण की सीमा बढ़ाने के मामले में भी केन्द्र से 9वीं अनुसूची में डालने का दो अन्य प्रस्ताव भी पास किया लिहाजा तीन बड़े प्रस्ताव पास होने के बाद गुरुवार को बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव, वित्त मंत्री विजय चौधरी, योजना विकास मंत्री विजेंद्र यादव, मंत्री अशोक चौधरी ने संयुक्त पीसी की।
बिहार सरकार ने तेज की मुहिम
संयुक्त पीसी में बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने हुंकार भरते हुए कहा कि सीएम नीतीश कुमार ने कई दफा स्पेशल स्टेटस की मांग की है लेकिन प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी सुनते तक नहीं लेकिन अब उन्हें स्पष्ट करना होगा कि आपलोग बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देंगे या नहीं? अगर आप देंगे तो अच्छी बात है और यदि आप नहीं देंगे तो यह बात आप पब्लिक डोमन में रख दीजिए ताकि हमलोग अपने हिसाब से बिहार के विकास के लिए जो भी हो सके, वह कोशिश कर सकें।
बोले तेजस्वी - मिले दर्जा तो तेजी से होगा विकास
इसके साथ ही डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने विशेष राज्य का दर्जे मिलने के बाद होने वाले फायदों की चर्चा की और कहा कि अगर बिहार को विशेष राज्य का दर्जा मिल जाता है तो भूमिहीन किसानों को भूमि देना और बेरोजगार को रोजगार देने समेत कई अन्य काम राज्य सरकार काफी आसानी से कर सकती हैं। अगर सब काम हमलोग आसानी से कर लेंगे तो सभी लोगों का अधिक फायदा होगा लेकिन पहले ये बता दें कि वो बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देंगे या नहीं?
वहीं, नीतीश सरकार में वित्त मंत्री विजय चौधरी ने कहा कि सभी जातियों के वास्तविक और आर्थिक आंकड़ें भी सार्वजनिक हो गये हैं। बिहार ने देश में बड़ा काम किया है। 1932 में जो आंकड़ें आए हैं, वे भी ऑथेंटिक नहीं थे लेकिन इसबार नीतीश सरकार ने जाति और समाज के आकलन कराए हैं। हर वर्ग में कितने प्रतिशत ग़रीब हैं, इसकी पूरी रिपोर्ट आ गयी है।
"मिले विशेष दर्जा या फिर विशेष सहायता"
इसके साथ ही विजय चौधरी ने कहा कि आरक्षण के दायरे को बढ़ाया गया है। हमारी सरकार की प्राथमिकता है कि सभी को इसका लाभ मिल सके। इसके साथ ही वित्त मंत्री विजय चौधरी ने कहा कि बिहार को विशेष दर्जा या फिर विशेष सहायता दी जाए। केंद्रीय योजनाओं में हिस्सेदारी बढ़े और बिहार को कम राशि खर्च करनी पड़े।
"सरकार ने किया उम्दा काम..घटी गरीबी"
वहीं, योजना विकास मंत्री विजेन्द्र यादव ने कहा कि बिहार में भारत की आबादी का काफी हिस्सा रहता है। यहां भूसंपदा की कमी है इसलिए हमलोग लगातार बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने की मांग कर रहे हैं। बिहार सरकार के उम्दा काम की बदौलत ही लगातार गरीबी के आंकड़ें में कमी आयी है। शहरी और ग्रामीण इलाकों में गरीबी घटी है। अगर बिहार को विशेष राज्य का दर्जा मिल जाए तो फिर प्रदेश तेजी से विकसित होगा। हमलोग जनता के बीच इस मुद्दे को लेकर जाएंगे।
मंत्री अशोक चौधरी ने भी दोहरायी मांग
वहीं, मंत्री अशोक चौधरी ने भी बिहार को विशेष राज्य का दर्जा देने की मांग दोहरायी और कहा कि बिहार बीजेपी का भी प्रतिनिधिमंडल इस मांग को लेकर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी से मिले और बिहार को विशेष राज्य का दर्जा दिलवाए। वहीं, मंत्री अफाक आलम ने कहा कि अगर बिहार को स्पेशल स्टेटस मिलता है तो गरीबी दूर करने में काफी सहायक होगी।
पूरे देश में हो जातीय गणना : तेजस्वी
इसके साथ ही बिहार के उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने कहा कि बिहार ने हमेशा देश को दशा और दिशा दिखाने का काम किया है। हम सभी लोग चाहते थे कि पूरे देश में जातीय जनगणना हो। इसको लेकर हम सभी दल के लोग पीएम से मिलने भी गए थे लेकिन उन्होंने हमारी बात नहीं मानी और बात नही बनी। फिर हमलोगों ने खुद के बूते यह काम किया। इसके लिए हमारे मुख्यमंत्री जी की तारीफ़ होनी चाहिए, जिन्होंने इतना बड़ा डाटा एक ऐतिहासिक दिन सामने लाया।
