बिहार में SIR यानी स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन को लेकर सियासी घमासान लगातार तेज होता जा रहा है। सोमवार को नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव के आवास पर INDIA गठबंधन के दलों की बैठक हुई। बैठक के बाद तेजस्वी यादव ने चुनाव आयोग और मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर तीखा हमला बोला। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग बीजेपी के लिए काम कर रहा है।तेजस्वी यादव ने चुनावी रिकॉर्ड को लेकर भी सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि पहले मतदान से जुड़े रिकॉर्ड को एक साल तक सुरक्षित रखने की व्यवस्था थी, लेकिन अब इसकी अवधि घटाकर 45 दिन कर दी गई है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर ऐसा बदलाव क्यों किया गया।

मुख्य निर्वाचन आयुक्त की नियुक्ति प्रक्रिया को लेकर भी तेजस्वी ने सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि पहले CJI मुख्य निर्वाचन आयुक्त के चयन की प्रक्रिया में शामिल होते थे, लेकिन अब उन्हें हटा दिया गया है। तेजस्वी ने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार के इशारे पर चुनाव आयोग काम कर रहा है।तेजस्वी ने कहा कि बिहार लोकतंत्र की जननी है और SIR की शुरुआत बिहार से हुई है। उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव आयोग के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की स्थिति भी कमजोर कर दी गई है।INDIA गठबंधन ने अब इस मुद्दे को लेकर आंदोलन का फैसला किया है। तेजस्वी के मुताबिक गठबंधन के दल बिहार में मुख्य निर्वाचन आयुक्त के खिलाफ मार्च करेंगे। इसके अलावा देशभर में रैलियां आयोजित करने की तैयारी है। पटना में भी विपक्षी दलों की बड़ी रैली का प्रस्ताव रखा गया है।

बैठक में VIP प्रमुख मुकेश सहनी की मौजूदगी भी रही। SIR को लेकर विपक्ष लगातार मतदाता सूची और चुनावी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर सवाल उठा रहा है। ऐसे में आने वाले दिनों में बिहार की राजनीति में इस मुद्दे पर टकराव और बढ़ने के आसार हैं।

पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट