PATNA :बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज यानी सोमवार को जनसंघ के संस्थापक पंडित दीनदयाल उपाध्याय के जयंती समारोह में शिरकत किया। इस दौरान मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव भी थे। पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर आयोजित समारोह में तेजस्वी यादव के शामिल होने पर बिहार की सियासत गरमा गई है।
पत्रकारों के सवाल पर हो गये असहज
इस पूरे मामले पर जब बिहार के डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव से पत्रकारों ने पूछा तो थोड़ी देर के लिए वे असहज हो गये। जब उनसे पूछा गया कि वे पंडित दीनदयाल उपाध्याय का विरोध करते हैं तो जयंती समारोह में क्यों आए? पत्रकारों के इस सवाल पर तेजस्वी यादव ने कहा कि उन्होंने कभी जयंती का विरोध नहीं किया।
पत्रकारों के सवाल पर तमतमाते हुए तेजस्वी यादव ने कहा कि उन्होंने कब विरोध किया? पत्रकारों ने कहा कि उन्होंने सदन में ऐसा कहा था, इसपर तेजस्वी ने कहा कि उन्होंने कभी जयंती मनाने का विरोध नहीं किया है।
सीएम नीतीश ने संभाला पूरा मामला
वहीं, इस पूरे मामले पर सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि सरकार की तरफ जो कार्यक्रम तय किए गये हैं, उनमें हम आते हैं। हम इसमें इधर-उधर नहीं करते हैं। सभी की इज्जत करते हैं। वहीं, बीजेपी नेताओं के कार्यक्रम में नहीं पहुंचने पर नीतीश ने कहा कि उन्हें जो मन में आए, वे करें।
पटना के राजेन्द्र नगर स्थित मैदान में जनसंघ के संस्थापक पंडित दीनदयाल उपाध्याय की जयंती पर राजकीय समारोह का आयोजन किया गया है। इस समारोह में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के साथ डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव और वित्तमंत्री विजय चौधरी भी शामिल हुए।
