निकले थे ज्ञापन लेकर, लौटे CJI से सबक लेकर
राहुल गांधी पर चिराग पासवान का तीखा हमला, बोले—न्याय याचिका से मिलता है, ज्ञापन से नहीं
पटना :केंद्रीय मंत्री और लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चिराग पासवान ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर तीखा राजनीतिक हमला बोला है. मुख्य न्यायाधीश (CJI)से मुलाकात का समय नहीं मिलने और याचिका दायर कर न्यायालय का दरवाजा खटखटाने की सलाह दिए जाने के बाद चिराग ने राहुल गांधी पर तंज कसा. उन्होंने कहा कि संविधान की किताब हाथ में लेकर चलने वाले राहुल गांधी को आखिरकार देश के मुख्य न्यायाधीश ने संविधान का पाठ पढ़ा दिया.
चिराग पासवान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर राहुल गांधी को संबोधित करते हुए अपनी प्रतिक्रिया दी. उन्होंने लिखा, “निकले थे ज्ञापन लेकर,लौटेCJIसे सबक लेकर. न्याय याचिका से मांगा जाता है,ज्ञापन से नहीं.”उनके इस बयान के बाद राजनीतिक गलियारों में बयानबाजी तेज होने की संभावना है.
SIRके मुद्दे पर विपक्ष को घेरा
चिराग पासवान ने अपने पोस्ट मेंSIRयानी मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण के मुद्दे को भी उठाया. उन्होंने सवाल किया कि जब सुप्रीम कोर्ट इस विषय पर अपना फैसला सुना चुका है,तो फिर ज्ञापन के जरिए अदालत पर दबाव बनाने की कोशिश क्यों की जा रही है.
चिराग ने तंज कसते हुए कहा कि अदालत में दलीलें नहीं चलीं,तो क्या अब सड़क के माध्यम से न्यायालय पर दबाव बनाया जाएगा?उनके इस बयान को राहुल गांधी और विपक्ष की रणनीति पर सीधे हमले के रूप में देखा जा रहा है.
सियासी बयानबाजी तेज होने के आसार
SIRको लेकर विपक्ष की आपत्तियों और सुप्रीम कोर्ट की भूमिका के बीच चिराग पासवान की टिप्पणी ने राजनीतिक बहस को नया मुद्दा दे दिया है. चिराग ने अपने बयान के जरिए विपक्ष की कार्यशैली पर सवाल उठाए हैं. वहीं,इस पूरे घटनाक्रम ने एक बार फिर संवैधानिक संस्थाओं,न्यायिक प्रक्रिया और राजनीतिक विरोध के तरीकों को लेकर बहस तेज कर दी है.
पटना से संजय कुमार की रिपोर्ट-
इस ख़बर को शेयर करें
अपने दोस्तों और परिवार तक यह ख़बर पहुँचाएँ।