Live

LOKSABHA 2024 की जंग

गठबंधन में सीटों को लेकर रार, JDU कांग्रेस और वामदल की सीटों को लेकर बड़ी दावेदारी

A
Arun Chourasiaलेखक

PATNA-बिहार के सीएम नीतीश कुमार और डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव INDIA गठबंधन में सीट बंटवारे को लेकर किसी तरह की परेशानी नहीं होने की बात कह रहे हैं, जबकि इन्हें के दलों के दूसरे पंक्ति के नेता सीट शेयरिंग को लेकर लगातार दावेदारी और बयानबाजी कर रहे हैं और ज्यादा से ज्यादा सीटों पर चुनाव लड़ने की बात कह रहे हैं.


2019 में बीजेपी के साथ 17 सीट पर चुनाव लड़कर 16 सीट जीतने वाली जेडीयू के नेता इस बार भी 17 सीट पर चुनाव लड़ने का दावेदारी कर रही है.ताजा बयान भवन निर्माण मंत्री अशोक चौधरी का है.अशोक चौधरी ने सोसल मीडिया X पर सीएम नीतीश का फोटो शेयर करते हुए लिखा है कि INDIA गठबंधन में जद(यू) के 17 सीटों के दावों का आधार भी है। पिछले लोकसभा चुनाव में जेडीयू 16 सीटों पर जीती थी, कुल मिलाकर 17 सीटों पर हमलोग लड़े थे। उनकी पार्टी के पास नीतीश कुमार जैसे जनाधार वाले बड़े नेता है.नीतीशजी जिस गठबंधन में रहे हैं,उसका पलड़ा भारी रहा है.इससे पहले वित्त मंत्री विजय चौधरी ने कहा था कि उनका गठबंधन आरजेडी से है और उनके 17 सीट छोड़कर बाकी सीट के लिए कांग्रेस और वामदल आरजेडी से बात करे.


भवन निर्माण मंत्री अशोक चौधरी और जेडीयू के अन्य नेताओं के इस दावे को सहयोगी आरजेडी,कांग्रेस और वामपंथी दलों के नेता सही नहीं मानतें हैं.जेडीयू की मांग पर वाम दल ने एतराज जताया है.सीपीआईएम विधायक रामबली सिंह यादव ने कहा कि जेडीयू का कोई हक़ 17 सीट पर नहीं बनता है.अगर 2019 लोकसभा चुनाव की बात करे तो बीजेपी के कारण वह सीट जीत पाये थे, लेकिन 2014 में उनका क्या हाल था. सभी जानते हैं.किसी के दावेदारी से कुछ नहीं होता है बल्कि 2020 के आधार पर सीट का बँटवारा होनी चाहिए.महागठबंधन कांग्रेस राजद और वाम दल का गठबंधन है.जेडीयू इस गठबंधन में बाद में आयी है.हम लोग जेडीयू से बात नहीं करेंगे.इसलिए हम लोगों ने लालू यादव जी को सीट की माँग के बारे में जानकारी दी है.हमें जेडीयू की कराकाट,जहानाबाद,सिवान के साथ-साथ आरा और पाटलिपुत्र की सीट पर चुनाव लड़ने चाहते हैं.


वहीं जेडीयू और भाकपा माले के नेताओं द्वारा सीट शेयरिंग पर की जा रही बयानबाजी पर आरजेडी नेता सह डिप्टी सीएम तेजस्वी यादव ने कहा कि हरेक दलों की अपनी-अपनी दावेदारी है,पर INDIA गठबंधन के बड़े नेता सीट शेयरिंग पर बात कर रहे हैं.इसलिए मीडिया के समक्ष अन्य नेताओं द्वारा दिये जा रहे बयानों का कोई मतलब नहीं है.मीडियकर्मियों के माध्यम से सीट शेयरिंग नहीं होनी है,बल्कि सीट शेयरिंग गठबंधन का इंटरनल मामला है,जिसे मिल-बैठकर समय रहते सुलझा लिया जायेगा.

इन नेताओं के बयान से लगता है कि अभी INDIA गठबंधन में सीट शेयरिंग को लेकर एक मत नहीं हो पाया है.वहीं दूसरी ओर बीजेपी के नेतृत्व वाली एनडीए में सीट शेयरिंग को लेकर किसी तरह की चर्चा भी नहीं हो रही है.इस गठबंधन में अभी बीजेपी के साथ ही लोजपा के पशुपति कुमार पारस और चिराग की पार्टी ,पूर्व सीएम जीतनराम मांझी की हम पार्टी और उपेन्द्र कुशवाहा की राष्ट्रीय लोक जनता दल शामिल है,पर न ते बीजेपी और नव ही सहयोगी दलों द्वारा इस मुद्दे पर किसी तरह बयानबाजी हो रही है.

इस ख़बर को शेयर करें

अपने दोस्तों और परिवार तक यह ख़बर पहुँचाएँ।

पूरी वेबसाइट पर पढ़ें और ख़बरें