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श्रावणी मेले को लेकर एक्शन में मंत्री : डॉ.इरफान अंसारी बोले-श्रद्धालुओं की सुविधाओं से कोई समझौता नहीं,अधिकारी भी नपेंगे

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देवघर: विश्व प्रसिद्ध श्रावणी मेला-2026 की तैयारियों को लेकर सोमवार को स्वास्थ्य मंत्री डॉ.इरफान अंसारी ने समाहरणालय में जिला प्रशासन के साथ उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की. बैठक में उपायुक्त, पुलिस अधीक्षक समेत विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने भाग लिया. मंत्री ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि श्रावणी मेले में आने वाले लाखों श्रद्धालुओं की सुरक्षा, स्वास्थ्य और सुविधाओं से कोई समझौता नहीं किया जाएगा.

एक माह तकइमरजेंसी सेवाएं रहेगी अलर्ट मोड पर

मंत्री ने कहा कि श्रद्धालुओं को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए पूरे एक माह तक स्वास्थ्य विभाग की इमरजेंसी सेवाएं अलर्ट मोड पर रहेगी. अस्पतालों, एंबुलेंस और मेडिकल टीमों को पूरी तरह तैयार रहने का निर्देश दिया गया है,ताकि किसी भी आपात स्थिति से तत्काल निपटा जा सके.

गड़बड़ी या मिलावट पाए जाने परदुकानदार ही नहीं अधिकारी भी होंगे चिन्हित

बैठक में स्वच्छता, शौचालय, साफ-सफाई, शुद्ध पेयजल और खाद्य सुरक्षा को लेकर भी विस्तार से समीक्षा की गई. मंत्री ने निर्देश दिया कि मेले में संचालित सभी खाद्यान्न एवं प्रसाद दुकानों की नियमित और सघन जांच की जाए.उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि प्रसाद या खाद्य सामग्री में किसी प्रकार की गड़बड़ी या मिलावट पाई गई तो केवल दुकानदार ही नहीं,संबंधित अधिकारी के खिलाफ भी कड़ी कार्रवाई की जाएगी.

बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश

स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य है कि देश-विदेश से आने वाले किसी भी श्रद्धालु को किसी प्रकार की परेशानी का सामना ना करना पड़े.इसके लिए सभी विभागों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने के निर्देश दिए गए हैं.

स्वास्थ्य मंत्री खुद करेंगेश्रावणी मेले की मॉनिटरिंग

उन्होंने यह भी कहा कि वे खुद पूरे श्रावणी मेले की लगातार मॉनिटरिंग करेंगे और किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी. मंत्री ने अधिकारियों को सख्त लहजे में कहा कि "अगर डीसी और एसपी से मेला नहीं संभलता है तो वे बता दें, मैं खुद पूरे मेले को संभाल लूंगा. मंत्री के इस बयान के बाद श्रावणी मेले की तैयारियों को लेकर प्रशासनिक सक्रियता और जवाबदेही पर चर्चा तेज हो गई है.